बिहार के किशनगंज जिले में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 25 लाख रुपए के सोने, चांदी और डायमंड के जेवरात बरामद किए हैं। गिरफ्तार शातिर चोर बप्पी सिंह ने इन जेवरातों को पश्चिम बंगाल के इस्लामपुर स्थित अपने घर के पीछे मिट्टी के अंदर छुपा कर रखा था। यह चोरी 25 जनवरी की रात को हुई थी, जब NH 27 के पास रेलवे संवेदक आरएन चौधरी के बंद घर में सोने, चांदी और नकदी की चोरी की गई थी। चोरी की कीमत लगभग सवा करोड़ रुपए आंकी गई थी, जिसमें 20 लाख रुपए की नगदी भी शामिल थी। आरएन चौधरी के मैनेजर अंकित कुमार साह ने इस चोरी की सूचना सदर पुलिस को दी थी। इसके बाद पुलिस ने फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वायड की मदद से जांच शुरू की थी। पुलिस ने इस मामले के उद्भेदन के लिए SIT गठित की और पश्चिम बंगाल से शातिर चोर बप्पी सिंह और उसके साथी अमित और वाल्मीकि को गिरफ्तार किया। इन दोनों से पूछताछ के बाद पुलिस ने कई महत्वपूर्ण सुरागों को हाथ लगाया और जेवरातों की बरामदगी की कार्रवाई की।
पहली बड़ी कार्रवाई: किशनगंज एसपी सागर कुमार ने बताया कि 1 फरवरी को चोरी के इस मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने दो शातिर चोरों और चोरी का सामान खरीदने वाले ज्वेलर्स को गिरफ्तार किया था। इस कार्रवाई में पुलिस ने 1 लाख 28 हजार रुपए, 35 ग्राम सोना, 2 किलो 400 ग्राम चांदी, 4 मोबाइल फोन और एक पल्सर बाइक बरामद की थी।
बंगाल के इस्लामपुर में एक शातिर चोर ने चोरी किए गए जेवरात को छिपाने के लिए ऐसा ठिकाना चुना था, जिसे ढूंढना पुलिस के लिए चुनौती बना। अभियुक्त बप्पी सिंह ने इन जेवरातों को अपने घर के पीछे मिट्टी के नीचे गड्ढा खोदकर एक केन में छिपा कर रखा था। पुलिस को सूचना मिलते ही टीम ने आरोपी के घर छापा और वहां से 4 किलो 367 ग्राम चांदी, 186.43 ग्राम सोना और 66.5 ग्राम डायमंड का नेकलेस बरामद किया।
एसपी सागर कुमार का बयान
“25 जनवरी को रेलवे संवेदक के घर हुई चोरी के मामले में चुराए गए रुपए और सोने की बरामदगी को लेकर लगातार कार्रवाई जारी थी। पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ के बाद कुछ महत्वपूर्ण जानकारी मिली थी। उसी कड़ी में चुराए गए जेवरात बरामद किए गए हैं। इनकी कीमत करीब 25 लाख रुपए है।” – सागर कुमार, किशनगंज एसपी
बप्पी सिंह का आपराधिक इतिहास
बप्पी सिंह इस्लामपुर का निवासी है, लेकिन वह सिलीगुड़ी में रहकर कई चोरी और लूट की वारदातों को अंजाम दे चुका है। जलपाईगुड़ी, सिलीगुड़ी और उत्तर दिनाजपुर में उसकी आपराधिक गतिविधियाँ रही हैं। बप्पी पहले जलपाईगुड़ी जेल में 3 साल की सजा काट चुका है और कई थानों में उसके खिलाफ चोरी, लूट और अन्य अपराध दर्ज हैं। इसके अलावा, वह तस्करी के भी काम में शामिल था और एनडीपीएस एक्ट के तहत भी जेल जा चुका है।
महाकुंभ में स्नान कर किया था चोरी का प्लान
आरोपी अमित और बप्पी ने महाकुंभ में स्नान करने के बाद ही किशनगंज में रेलवे संवेदक के घर चोरी की योजना बनाई थी। चोरी के बाद अमित ने 31 जनवरी को चोरी के पैसे से नई बाइक खरीदी और एक लाख 80 हजार रुपए की उधारी चुकता की। उसने एक लाख रुपए अपनी पत्नी को घर चलाने के लिए दिए। इस तरह से शातिर चोरों ने चोरी की घटना को बड़ी चतुराई से अंजाम दिया था, जिससे पुलिस भी हैरान रह गई।