नई दिल्ली। दिल्ली के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत शनिवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के सामने पेश हुए, जब जांच एजेंसी ने उन्हें शराब नीति मामले में पूछताछ के लिए बुलाया था। यह घटनाक्रम मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को इसी मामले में 21 मार्च को जांच एजेंसी द्वारा गिरफ्तार किए जाने के बाद हुआ।
गहलोत, जो नजफगढ़ से विधायक हैं, उस पैनल का हिस्सा थे जिसने 2021-22 के लिए दिल्ली सरकार की अब समाप्त हो चुकी शराब नीति का मसौदा तैयार किया था। ईडी के मुताबिक, शराब नीति का मसौदा 'साउथ ग्रुप' को लीक कर दिया गया था। जांच एजेंसी का दावा है कि शराब नीति का मसौदा तैयार होने के दौरान गहलोत ने आप के तत्कालीन संचार प्रभारी विजय नायर को अपने आधिकारिक आवास का उपयोग करने की अनुमति दी थी। इससे पहले ईडी ने आरोप लगाया था कि गहलोत ने बार-बार अपने मोबाइल नंबर बदले।
ईडी ने समन जारी कर तत्काल पेशी पर बुलाया
बता दें कि दिल्ली सरकार में परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत को आबकारी नीति मामले में ईडी ने 30 मार्च को समन जारी कर आज ही दफ्तर में पेश होने का आदेश दिया था। परिवहन मंत्री समन के मुताबिक ईडी दफ्तर पहुंच गए और वो वहीं पर हैं। ईडी ने परिवहन मंत्री पर दिल्ली आबकारी नीति का ड्राफ्ट तैयार करने का आरोप लगाया है।