
उत्तर भारत इस समय भीषण सर्दी की चपेट में है और देश की राजधानी दिल्ली में ठंड ने लोगों की दिनचर्या को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। तेज़ सर्द हवाओं के साथ घने कोहरे ने राजधानी को अपनी गिरफ्त में ले लिया है। बीते कुछ दिनों से न्यूनतम और अधिकतम तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है, जिसके चलते ठिठुरन और गलन से राहत मिलती नजर नहीं आ रही।
दिल्ली का न्यूनतम तापमान 5 से 7 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया है, जबकि कई इलाकों में पारा 5 डिग्री से भी नीचे चला गया। ठंडी हवाओं के कारण खुले में निकलना लोगों के लिए मुश्किल होता जा रहा है और सुबह-शाम सर्दी का असर और भी ज्यादा महसूस किया जा रहा है।
सुबह कोहरा, शाम को बढ़ेगी गलन
मंगलवार की सुबह भी राजधानी के लोगों को घने कोहरे और ठंडी हवाओं का सामना करना पड़ेगा। मौसम विभाग के अनुसार, न्यूनतम तापमान 5 से 7 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहेगा, जबकि अधिकतम तापमान 18 से 19 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है।
दिन के समय धूप निकलने से कुछ देर के लिए सर्दी से राहत जरूर मिलेगी, लेकिन शाम होते ही एक बार फिर शीत लहर का असर बढ़ जाएगा और गलन लोगों को परेशान करेगी।
अगले 24 घंटे में और गिर सकता है पारा
भारतीय मौसम विभाग (IMD) का अनुमान है कि 13 जनवरी को तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है। कुछ इलाकों में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री से नीचे पहुंचने की संभावना जताई गई है। वहीं, अधिकतम तापमान भी 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे रह सकता है।
मौसम विभाग ने बताया कि अगले 24 घंटे के दौरान शीत लहर और ठिठुरन का सिलसिला जारी रहेगा। सुबह के वक्त घना कोहरा लोगों की परेशानी बढ़ाएगा, जबकि दोपहर में धूप निकलने से थोड़ी राहत मिलेगी। हालांकि, अगले कुछ दिनों तक मौसम में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है और ठंड इसी तरह बनी रह सकती है।
प्रदूषण से भी नहीं मिल रही राहत
ठंड के साथ-साथ दिल्ली की हवा भी लोगों की सेहत पर भारी पड़ रही है। राजधानी में वायु गुणवत्ता लगातार बेहद खराब श्रेणी में बनी हुई है। सुबह सात बजे AQI का स्तर 685 तक पहुंच गया, जो स्वास्थ्य के लिहाज से बेहद खतरनाक माना जाता है। इसका मुख्य कारण हवा में PM2.5 कणों की अत्यधिक मात्रा है, जिससे सांस संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ गया है।
पिछले कई महीनों से दिल्ली प्रदूषण की समस्या से जूझ रही है और तमाम प्रयासों के बावजूद स्थिति में कोई खास सुधार नहीं हो पा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक बारिश नहीं होती, तब तक प्रदूषण से राहत मिलना मुश्किल है। वहीं IMD के अनुसार, फिलहाल अगले कुछ दिनों तक बारिश के कोई आसार नहीं हैं।
सरकार की अपील और इंतज़ाम
भीषण ठंड को देखते हुए सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे खुले में सोने से बचें। बेघर लोगों के लिए नगर निगम (MCD) की ओर से कई इलाकों में रैन बसेरे और शेल्टर होम बनाए गए हैं, ताकि जरूरतमंदों को ठंड से कुछ राहत मिल सके।
दिल्ली में फिलहाल ठंड और प्रदूषण दोनों ही चुनौती बने हुए हैं और आने वाले दिनों में लोगों को पूरी सतर्कता के साथ सावधानी बरतने की जरूरत है।













