पश्चिमी विक्षोभ के कारण राजस्थान के मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिला। शुक्रवार और शनिवार को कई जिलों में तेज बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई, जिससे किसानों की खड़ी फसलें बर्बाद हो गईं। इस नुकसान को लेकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भरतपुर जिला कलेक्ट्रेट सभागार में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कलेक्टरों से चर्चा की और अलग-अलग जिलों में हुए नुकसान की विस्तृत रिपोर्ट मांगी।
5 मार्च तक सौंपनी होगी रिपोर्ट
सीएम शर्मा ने राजस्व विभाग के प्रमुख शासन सचिव को निर्देश दिए कि प्रभावित जिलों में फसलों के नुकसान का आकलन शीघ्र करवाया जाए। उन्होंने सीकर, चूरू, बीकानेर, झुंझुनूं और खैरथल-तिजारा के जिला कलेक्टरों को गिरदावरी करवाकर रिपोर्ट जल्द भेजने के निर्देश दिए। साथ ही, 7डी रिपोर्ट 5 मार्च तक प्रस्तुत करने को कहा, ताकि प्रभावित किसानों को एसडीआरएफ और एनडीआरएफ फंड से जल्द मुआवजा दिया जा सके।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जुड़े सभी जिलों के अधिकारी
बैठक के दौरान अतिरिक्त मुख्य सचिव जल संसाधन अभय कुमार, अतिरिक्त मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री कार्यालय) शिखर अग्रवाल, अतिरिक्त मुख्य सचिव सार्वजनिक निर्माण प्रवीण गुप्ता समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। इसके अलावा, अतिरिक्त मुख्य सचिव आपदा प्रबंधन, सहायता एवं नागरिक सुरक्षा आनंद कुमार, बीकानेर संभागीय आयुक्त डॉ. रवि कुमार सुरपुर और जयपुर संभागीय आयुक्त पूनम भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े।
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी जारी करते हुए बताया कि सीकर और अलवर जिलों में मेघगर्जन के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। साथ ही, इन जिलों और आसपास के इलाकों में आकाशीय बिजली गिरने, ओलावृष्टि और तेज हवाएं (20-40 किमी प्रति घंटा) चलने की भी संभावना जताई गई है।