
गर्मियों के मौसम में जैसे-जैसे तापमान बढ़ता है, वैसे ही लू (हीटस्ट्रोक) का खतरा भी लोगों के लिए गंभीर चुनौती बन जाता है। खासकर उत्तर भारत में पड़ने वाली तेज धूप और झुलसाने वाली हवाएं सेहत पर बुरा असर डालती हैं। ऐसे में लोग खुद को सुरक्षित रखने के लिए कई घरेलू और पारंपरिक उपाय अपनाते हैं। हाल ही में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया का एक अलग ही तरीका चर्चा में आ गया है। उन्होंने बताया कि वे तेज गर्मी में गाड़ी का एसी तक नहीं चलाते और 50 डिग्री से ऊपर के तापमान में भी लू से बचने के लिए अपनी जेब में प्याज रखकर चलते हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर यह तरीका दिखाया और लोगों को भी ऐसा करने की सलाह दी। लेकिन क्या यह उपाय सच में काम करता है? आइए इसे विस्तार से समझते हैं।
प्याज में मौजूद पोषक तत्व
प्याज को पोषण के लिहाज से काफी फायदेमंद माना जाता है। इसमें विटामिन C, विटामिन B6, फोलेट, पोटैशियम, मैग्नीशियम और फाइबर जैसे जरूरी तत्व पाए जाते हैं। साथ ही इसमें क्वेरसेटिन जैसे एंटीऑक्सीडेंट और सल्फर कंपाउंड्स भी होते हैं। इसके अलावा प्याज में पानी की मात्रा भी अच्छी होती है। इसकी तासीर ठंडी मानी जाती है, इसलिए गर्मियों में इसे खाने से शरीर को ठंडक मिलती है और लोग इसे अपने आहार में शामिल करते हैं।
लू से बचाव को लेकर पारंपरिक मान्यता
पुराने समय से ही यह मान्यता चली आ रही है कि प्याज का सेवन करने या इसे अपने पास रखने से लू के असर से बचा जा सकता है। अक्सर बड़े-बुजुर्ग बच्चों को गर्मी के दिनों में प्याज खाने की सलाह देते थे और कहते थे कि इससे लू नहीं लगेगी। कई लोग आज भी इस परंपरा पर भरोसा करते हैं और इसे एक कारगर घरेलू उपाय मानते हैं।
वैज्ञानिक दृष्टिकोण क्या कहता है?
अगर विज्ञान की नजर से देखा जाए तो प्याज खाना निश्चित रूप से स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है। इसमें मौजूद क्वेरसेटिन जैसे तत्व एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों से भरपूर होते हैं, जो शरीर को अंदर से ठंडक देने में मदद करते हैं और शरीर का तापमान संतुलित रखने में सहायक होते हैं। साथ ही यह शरीर को हाइड्रेट रखने में भी मदद करता है। हालांकि, केवल प्याज को जेब में रखने से लू से बचाव होता है, इसका कोई वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, जेब में प्याज रखने से शरीर के तापमान पर कोई असर नहीं पड़ता, इसलिए इसे हीटस्ट्रोक से बचने का प्रभावी उपाय नहीं माना जा सकता।
भीषण गर्मी से बचाव के प्रभावी तरीके
लू और तेज गर्मी से बचने के लिए विशेषज्ञ कुछ जरूरी सावधानियां अपनाने की सलाह देते हैं। बाहर निकलते समय सिर और मुंह को ढककर रखना चाहिए, ताकि सीधे धूप का असर कम हो। शरीर को हाइड्रेट रखने के लिए पर्याप्त मात्रा में पानी पीना बेहद जरूरी है। इसके अलावा नारियल पानी, तरबूज और खीरा जैसे पानी से भरपूर और ठंडक देने वाले खाद्य पदार्थों का सेवन करना चाहिए। हल्के और ढीले कपड़े पहनना भी शरीर को आराम देता है। साथ ही, दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच तेज धूप में बाहर निकलने से बचना सबसे बेहतर उपाय माना जाता है।














