राजस्थान के जैसलमेर जिले में आपसी रंजिश से जुड़ी एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। खूहड़ी-म्याजलार मार्ग पर एक युवक का कथित तौर पर अपहरण कर उसकी बेरहमी से पिटाई किए जाने और बाद में मौत हो जाने से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल है, जबकि पुलिस ने आरोपियों की तलाश के लिए व्यापक स्तर पर नाकाबंदी कर विशेष टीमें गठित कर दी हैं।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार म्याजलार गांव निवासी महावीर सिंह, पुत्र गोवर्धन सिंह, बाइक से खूहड़ी से अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में दो वाहनों में सवार कुछ लोगों ने उनका पीछा किया और कथित तौर पर उनकी बाइक को टक्कर मारकर रोक लिया। आरोप है कि इसके बाद हमलावरों ने महावीर सिंह पर लाठी-डंडों और अन्य हथियारों से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल करने के बाद आरोपी उन्हें जबरन वाहन में डालकर अपने साथ ले गए और सुनसान स्थान पर ले जाकर दोबारा मारपीट की।
अधमरी हालत में सड़क किनारे छोड़कर फरार हुए आरोपी
बताया जा रहा है कि हमलावरों ने महावीर सिंह को गंभीर रूप से घायल करने के बाद सोडा गांव सर्किल के पास एक बोलेरो कैम्पर की ट्रॉली के नीचे फेंक दिया और मौके से फरार हो गए। कुछ समय बाद बाजार में मौजूद लोगों की नजर घायल युवक पर पड़ी, जिसके बाद पुलिस और ग्रामीणों को सूचना दी गई।
सोडा गांव निवासी स्वरूप सिंह ने बताया कि घटना के समय वह खेत पर मौजूद थे। उनकी दुकान के पास स्थित बाजार में एक गोल्ड और एक कैम्पर वाहन पहुंचे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दो लोग ट्रॉली में घायल युवक को लेकर आए और उसे नीचे गिराकर तुरंत वहां से निकल गए। इस पूरी घटना को देखकर आसपास मौजूद लोग भी हैरान रह गए।
घायल युवक ने खुद बताई थी आपबीती
स्वरूप सिंह के अनुसार नीचे गिराए जाने के बाद महावीर सिंह ने अपनी पहचान बताते हुए कहा कि वह गोवर्धन सिंह का बेटा है और कुछ लोगों ने उसके साथ मारपीट कर उसे यहां छोड़ दिया है। घायल अवस्था में वह लगातार पानी मांग रहा था और दर्द से कराह रहा था।
ग्रामीणों ने तत्काल उसकी मदद करने का प्रयास किया। कुछ लोगों ने घटना का वीडियो भी बनाया और बाद में उसे निजी वाहन से जैसलमेर के जवाहर अस्पताल पहुंचाया। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि महावीर सिंह के सिर से लगातार खून बह रहा था। उसके दोनों पैरों और एक हाथ में गंभीर चोटें थीं तथा फ्रैक्चर होने की आशंका जताई जा रही थी। हालांकि अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद हरकत में आई पुलिस
वारदात की सूचना मिलते ही जिला पुलिस अधीक्षक अभिषेक शिवहरे अस्पताल पहुंचे और बाद में मोर्चरी जाकर पूरे मामले की जानकारी ली। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जिलेभर में नाकाबंदी करवा दी और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी।
एसपी अभिषेक शिवहरे ने बताया कि मृतक की पहचान म्याजलार निवासी महावीर सिंह के रूप में हुई है। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि युवक को मारपीट के बाद घायल अवस्था में सोडा गांव के पास छोड़ दिया गया था। पुलिस सभी संभावित एंगल को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है और घटनास्थल से जुड़े हर साक्ष्य को खंगाला जा रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो की भी जांच की जाएगी। पुलिस तकनीकी और भौतिक दोनों प्रकार के साक्ष्यों को एकत्र कर रही है ताकि आरोपियों के खिलाफ मजबूत कार्रवाई की जा सके। फिलहाल कई स्थानों पर दबिश दी जा रही है और संदिग्धों की तलाश जारी है।
साथी ने सुनाई हमले की पूरी कहानी
मृतक महावीर सिंह के साथ बाइक पर मौजूद उनके साथी भोपाल सिंह ने घटना को लेकर अहम जानकारी दी है। उनके मुताबिक दोनों एक ही मोटरसाइकिल पर सवार होकर जा रहे थे। इसी दौरान सामने से आ रही एक गाड़ी ने उन्हें लाइट देकर संकेत दिया। जैसे ही उन्होंने बाइक की रफ्तार कम की, आरोपियों ने उनकी मोटरसाइकिल को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे दोनों सड़क पर गिर पड़े।
भोपाल सिंह का आरोप है कि वाहन में करीब पांच लोग सवार थे। टक्कर के तुरंत बाद आरोपियों ने उन्हें जबरन अपनी गाड़ी में बैठा लिया, जबकि महावीर सिंह को सड़क पर ही घेर लिया गया। आरोप है कि उम्मेद सिंह, पप्पू सिंह और उनके साथ मौजूद अन्य लोगों ने लोहे की सरियों और लाठियों से महावीर सिंह पर ताबड़तोड़ हमला किया।
पुरानी रंजिश को माना जा रहा वजह
भोपाल सिंह के अनुसार आरोपियों ने महावीर सिंह को गंभीर रूप से घायल करने के बाद खून से लथपथ हालत में वाहन में डाल लिया और अपने साथ ले गए। वहीं उन्हें 'दौ फांटा' नामक स्थान पर ले जाकर सड़क किनारे छोड़ दिया गया। बाद में उन्होंने लोगों की मदद से पूरी घटना की जानकारी दी।
उन्होंने दावा किया कि हमलावरों और महावीर सिंह के बीच पहले से किसी प्रकार की पुरानी रंजिश या विवाद चल रहा था, जिसकी वजह से इस वारदात को अंजाम दिया गया। फिलहाल पुलिस ने पीड़ित पक्ष के बयान के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है और नामजद आरोपियों की तलाश में लगातार कार्रवाई कर रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है और जल्द ही पूरे घटनाक्रम का खुलासा किए जाने की उम्मीद है।














