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हृदय स्वास्थ्य को लेकर फैलाए गए 9 सबसे बड़े मिथक और उनके सही तथ्य

दिल हमारे जीवन का सबसे महत्वपूर्ण अंग है, इसलिए इसका सही देखभाल करना बेहद जरूरी है। हृदय रोगों के बारे में सामान्य मिथकों को समझना आपकी हृदय स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है और सही निर्णय लेने में मदद करता है।

Posts by : Jhanvi Gupta | Updated on: Thu, 30 Jan 2025 5:32:49

हृदय स्वास्थ्य को लेकर फैलाए गए 9 सबसे बड़े मिथक और उनके सही तथ्य

हमारे शरीर में कई अंग होते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि हमारा दिल बिना थके दिन-रात काम करता है? यह रक्त परिसंचरण को सुनिश्चित करता है, हमारे ऊतकों तक ऑक्सीजन और पोषक तत्व पहुंचाता है, और कार्बन डाइऑक्साइड और अन्य अपशिष्ट उत्पादों को बाहर निकालता है। दिल हमारे जीवन का सबसे महत्वपूर्ण अंग है, इसलिए इसका सही देखभाल करना बेहद जरूरी है। हृदय रोगों के बारे में सामान्य मिथकों को समझना आपकी हृदय स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है और सही निर्णय लेने में मदद करता है।

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हृदय रोग के बारे में आम मिथक और तथ्य

मिथक: युवा महिलाओं को हृदय रोग का खतरा नहीं होता।

तथ्य: यह एक सामान्य मिथक है कि हृदय रोग सिर्फ वृद्ध पुरुषों को प्रभावित करता है। लेकिन हृदय रोग हर उम्र की महिलाओं को प्रभावित कर सकता है। अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के अनुसार, धूम्रपान करने वाली और गर्भनिरोधक गोलियाँ लेने वाली युवा महिलाओं में हृदय रोग का जोखिम 20% तक बढ़ सकता है। इसके अलावा, एक गतिहीन जीवनशैली और अत्यधिक तनाव भी महिलाओं में हृदय रोग के जोखिम को बढ़ा सकते हैं।

मिथक: हृदय रोग महिलाओं की तुलना में पुरुषों में अधिक आम है।

तथ्य: महिलाओं को पुरुषों की तुलना में हृदय रोग का अधिक जोखिम होता है। विशेष रूप से 65 वर्ष से ऊपर की महिलाओं में हृदय रोग मृत्यु का प्रमुख कारण बन सकता है। नेशनल इंस्टीट्यूट ऑन एजिंग के अनुसार, इस आयु वर्ग के व्यक्तियों को दिल के दौरे और हृदय संबंधी बीमारियों का अधिक खतरा होता है। महिलाएं पुरुषों की तुलना में हृदय रोग के लक्षणों को पहचानने में भी देर कर सकती हैं, क्योंकि उनके लक्षण पुरुषों से भिन्न हो सकते हैं।

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मिथक: अगर आप मधुमेह की दवा लेते हैं, तो आपको हृदय रोग नहीं होगा।

तथ्य: मधुमेह की दवाइयाँ रक्त शर्करा को नियंत्रित करती हैं, लेकिन ये केवल रक्त वाहिकाओं पर प्रभाव डालने से बचाती हैं, यह हृदय रोग के जोखिम को पूरी तरह से समाप्त नहीं करतीं। मधुमेह और हृदय रोग के बीच संबंध अधिक स्पष्ट है। मधुमेह के कारण रक्त वाहिकाओं में सूजन और अन्य समस्याएँ उत्पन्न हो सकती हैं, जो हृदय के लिए खतरे का कारण बन सकती हैं।

मिथक: अगर आपके परिवार में हृदय रोग है, तो आप इसे रोक नहीं सकते।

तथ्य: हृदय रोग का पारिवारिक इतिहास निश्चित रूप से हृदय रोग के जोखिम को बढ़ाता है, लेकिन यह इसका मतलब नहीं है कि आप इसे रोक नहीं सकते। जीवनशैली में सुधार जैसे कि नियमित व्यायाम, स्वस्थ आहार, रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल नियंत्रण, धूम्रपान से बचाव और स्वस्थ वजन बनाए रखना हृदय रोग के जोखिम को कम कर सकता है।

मिथक: धूम्रपान छोड़ने से हृदय रोग का खतरा काफी कम नहीं होगा।

तथ्य: यह मिथक पूरी तरह से गलत है। धूम्रपान छोड़ने के बाद आपका शरीर खुद को सुधारने लगता है। हार्वर्ड हेल्थ की रिपोर्ट के अनुसार, धूम्रपान छोड़ने के एक साल के भीतर दिल के दौरे का खतरा 50% तक कम हो सकता है। इसलिए, यदि आप धूम्रपान छोड़ते हैं, तो हृदय रोग के जोखिम को कम करने के लिए यह एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है।

मिथक: विटामिन और सप्लीमेंट लेने से हृदय रोग से बचा जा सकता है।


तथ्य: हृदय रोग से बचने के लिए विटामिन और सप्लीमेंट लेना एक सामान्य गलतफहमी है। हालांकि, कुछ विटामिनों और मिनरल्स का सेवन हृदय स्वास्थ्य के लिए लाभकारी हो सकता है, लेकिन वैज्ञानिक प्रमाणों के अनुसार, विटामिन और सप्लीमेंट अकेले हृदय रोग के जोखिम को नहीं कम करते। स्वस्थ जीवनशैली, जैसे कि संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, और तनाव को नियंत्रित करना हृदय स्वास्थ्य को बनाए रखने की कुंजी है।

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मिथक: शारीरिक रूप से सक्रिय महिलाओं को हृदय रोग नहीं होता।

तथ्य: यह सच है कि नियमित व्यायाम हृदय रोग के जोखिम को कम करने में मदद करता है, लेकिन इसका यह मतलब नहीं कि शारीरिक रूप से सक्रिय महिलाएं हृदय रोग से मुक्त होंगी। उच्च कोलेस्ट्रॉल, उच्च रक्तचाप, धूम्रपान, और मोटापा जैसे अन्य जोखिम तत्व भी हृदय रोग का कारण बन सकते हैं। इसलिए, शारीरिक रूप से सक्रिय होने के बावजूद जीवनशैली में अन्य सकारात्मक बदलाव भी महत्वपूर्ण हैं।

मिथक: हृदय रोग से पीड़ित लोगों को सभी प्रकार की वसा से बचना चाहिए।

तथ्य: यह गलत धारणा है कि सभी प्रकार की वसा हृदय रोग का कारण बनती हैं। जबकि संतृप्त वसा (जैसे तले हुए खाद्य पदार्थ) से बचना चाहिए, असंतृप्त वसा, जो वसायुक्त मछली, एवोकाडो, नट्स और जैतून के तेल में पाई जाती है, हृदय के स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होती है। सप्ताह में दो बार मछली खाने से हृदय रोग के जोखिम को कम किया जा सकता है।

मिथक: अगर आपमें कोई लक्षण नहीं हैं, तो आपको हृदय रोग नहीं है।


तथ्य: यह मिथक गंभीर हो सकता है। कई हृदय रोगों के लक्षण सूक्ष्म या बिना किसी स्पष्ट संकेत के होते हैं। अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के अनुसार, हृदय रोग से अचानक मरने वाली 64% महिलाओं में कोई पूर्व चेतावनी नहीं थी। इसलिए, यह महत्वपूर्ण है कि आप नियमित स्वास्थ्य जांच कराएं, ताकि समय रहते बीमारी का पता लगाया जा सके।
इन मिथकों को समझकर और हृदय स्वास्थ्य को प्राथमिकता देकर, आप अपने जोखिम को कम कर सकते हैं और स्वस्थ जीवन जी सकते हैं।

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