दक्षिण-पश्चिम मानसून अब पूरे देश में तेजी से सक्रिय होता नजर आ रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अनुमान जताया है कि अगले दो से तीन दिनों के भीतर मानसून देश के शेष हिस्सों को भी पूरी तरह कवर कर लेगा। इसी के साथ विभाग ने गुरुवार (9 जुलाई) के लिए दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, पंजाब सहित करीब 23 राज्यों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। कई क्षेत्रों में तेज आंधी, बिजली चमकने और तेज हवाएं चलने की भी संभावना जताई गई है।
पहाड़ी राज्यों में भारी बारिश का खतरा, दिल्ली में भी बदलेगा मौसम
IMD के अनुसार हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में गुरुवार को कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा हो सकती है। लगातार बारिश के कारण पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और नदियों-नालों के उफान पर आने की आशंका भी जताई गई है।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी मौसम का मिजाज बदला रहेगा। दिनभर आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है, जबकि कई इलाकों में मध्यम बारिश हो सकती है। इसके साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का भी अनुमान है। मौसम विभाग ने 9 से 12 जुलाई के बीच पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में भी कई स्थानों पर भारी बारिश की संभावना व्यक्त की है।
उत्तर प्रदेश में फिर सक्रिय हुआ मानसून, पूर्वी जिलों में भारी वर्षा के आसार
मौसम विभाग ने बताया कि गहरे निम्न दबाव (डीप डिप्रेशन) के प्रभाव से उत्तर प्रदेश में दक्षिण-पश्चिम मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। इसके चलते पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में गुरुवार को बहुत भारी बारिश होने की संभावना है।
पिछले 24 घंटों के दौरान पूर्वी यूपी के कई हिस्सों में मध्यम से भारी वर्षा दर्ज की गई, जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी अच्छी बारिश हुई। चित्रकूट जिले में सबसे अधिक 144.4 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड की गई, जिससे कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई।
पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में भी अलर्ट
आईएमडी के मुताबिक पश्चिम बंगाल के उप-हिमालयी क्षेत्रों में अगले दो दिनों तक भारी बारिश जारी रह सकती है। लगातार वर्षा के कारण पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और मैदानी क्षेत्रों में जलभराव की आशंका बनी हुई है।
दक्षिण बंगाल में भी गरज-चमक के साथ तेज बारिश होने का अनुमान है। यहां 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
मध्य प्रदेश, बिहार और झारखंड में रेड अलर्ट
मध्य प्रदेश के कई जिलों के लिए गुरुवार को भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। विशेष रूप से पूर्वी मध्य प्रदेश में 9 और 10 जुलाई के दौरान कहीं-कहीं अत्यधिक भारी वर्षा हो सकती है।
इसके अलावा बिहार, सिक्किम और झारखंड में भी मूसलाधार बारिश का पूर्वानुमान है। मौसम विभाग ने इन राज्यों के कई इलाकों में 12 जुलाई तक रेड अलर्ट जारी करते हुए लोगों को सतर्क रहने और प्रशासन की सलाह का पालन करने को कहा है।
पूर्वोत्तर राज्यों और पश्चिमी भारत में भी बारिश का जोर
पूर्वोत्तर भारत में भी मानसून पूरी तरह सक्रिय है। असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में गुरुवार को बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। वहीं नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी तेज बारिश होने की संभावना जताई गई है।
उधर महाराष्ट्र के कई हिस्सों में भी अत्यधिक वर्षा का अलर्ट जारी किया गया है। गोवा और गुजरात के अनेक जिलों में भारी बारिश को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट लागू किया गया है, जहां प्रशासन को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
कई राज्यों में फ्लैश फ्लड की चेतावनी
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने गुजरात के कई क्षेत्रों में आकस्मिक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) का खतरा जताया है। इसके अलावा राजस्थान के डूंगरपुर, चित्तौड़गढ़, उदयपुर और प्रतापगढ़ जिलों को भी संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की सूची में शामिल किया गया है।
गोवा, मुंबई, ठाणे, पालघर और सिंधुदुर्ग में भी फ्लैश फ्लड की चेतावनी जारी की गई है। वहीं हिमाचल प्रदेश के शिमला और सिरमौर तथा उत्तराखंड के देहरादून, नैनीताल समेत कई पर्वतीय जिलों में भी अचानक बाढ़ और भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। मौसम विभाग ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।













