न्यूज़
FIFA 2026 Yogi Adityanath Jyotish Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

ईरान के तीन बड़े परमाणु ठिकानों को इजरायल ने किया तबाह, 12 दिन के ऑपरेशन में भारी नुकसान

ईरान और इजरायल के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनाव ने अब निर्णायक मोड़ ले लिया है। इजरायली रक्षा बलों (IDF) ने शुक्रवार को एक चौंकाने वाला खुलासा किया, जिसमें बताया गया कि उसने ईरान के परमाणु बुनियादी ढांचे को निशाना बनाते हुए 12 दिनों तक चलाए गए गुप्त अभियान ‘ऑपरेशन राइजिंग लायन’ में तीन प्रमुख परमाणु केंद्रों—फोर्डो, नतांज और इस्फहान—को भारी नुकसान पहुंचाया है।

Posts by : Rajesh Bhagtani | Updated on: Fri, 27 Jun 2025 1:23:32

ईरान के तीन बड़े परमाणु ठिकानों को इजरायल ने किया तबाह, 12 दिन के ऑपरेशन में भारी नुकसान

ईरान और इजरायल के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनाव ने अब निर्णायक मोड़ ले लिया है। इजरायली रक्षा बलों (IDF) ने शुक्रवार को एक चौंकाने वाला खुलासा किया, जिसमें बताया गया कि उसने ईरान के परमाणु बुनियादी ढांचे को निशाना बनाते हुए 12 दिनों तक चलाए गए गुप्त अभियान ‘ऑपरेशन राइजिंग लायन’ में तीन प्रमुख परमाणु केंद्रों—फोर्डो, नतांज और इस्फहान—को भारी नुकसान पहुंचाया है। यह अभियान 13 जून को शुरू किया गया था और इसका उद्देश्य ईरान की परमाणु और मिसाइल क्षमताओं को निर्णायक रूप से कमजोर करना था।

ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर करारा प्रहार

IDF के अनुसार, इस अभियान के दौरान ईरान के 11 वरिष्ठ परमाणु वैज्ञानिकों को भी मार गिराया गया, जो इन परियोजनाओं की रीढ़ माने जाते थे। इसके साथ ही अराक स्थित एक निष्क्रिय परमाणु रिएक्टर को भी निशाना बनाया गया ताकि भविष्य में वह दोबारा उपयोग में न लाया जा सके।

इजरायली सेना ने यह भी दावा किया कि उसने मिसाइल निर्माण से जुड़ी कई प्रमुख इकाइयों को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया है। कुल मिलाकर 35 से अधिक रणनीतिक ठिकानों, 200 मिसाइल लॉन्चरों और 1,500 से ज्यादा कलपुर्जों को या तो बर्बाद कर दिया गया या निष्क्रिय कर दिया गया।

हवाई हमलों और खुफिया रणनीति की बेमिसाल कामयाबी

IDF ने इस ऑपरेशन को एक "पूर्ण रणनीतिक सफलता" बताया और कहा कि इजरायल की वायुसेना ने इस दौरान 1,500 से अधिक उड़ानों को अंजाम दिया, जिनमें लगभग 600 बार ईंधन भरने का काम हवा में ही किया गया। विशेष बात यह रही कि एक लड़ाकू विमान ने ईरान के उत्तर-पूर्वी शहर मशहद के हवाई अड्डे पर हमला किया, जो इजरायल से 2,400 किमी दूर है—यह ऑपरेशन की दूरदर्शिता और मारक क्षमता का प्रमाण है।

इसके साथ ही UAV (ड्रोन) के जरिए 500 हमले किए गए। IDF ने यह भी बताया कि ईरान से छूटे सैकड़ों ड्रोन और मिसाइलों को रोकने में उसकी सुरक्षा प्रणाली ने 99% सफलता हासिल की।

इजरायल की हवाई श्रेष्ठता और रणनीतिक बढ़त

IDF के अनुसार, अभियान के दौरान इजरायली सेना को ईरानी हवाई क्षेत्र में पूरी तरह से काम करने की छूट मिली, जिसका लाभ उठाकर उसने ईरान के वायुक्षेत्र में बेधड़क कार्रवाई की। यह इजरायल की तकनीकी क्षमता, खुफिया तैयारी और रणनीतिक दृढ़ता को दर्शाता है।

इसके अलावा, ऑपरेशन के दौरान 6 एयरफील्ड और 80 सतह से हवा में मार करने वाले मिसाइल लांचर भी तबाह किए गए। इस हमले में सैकड़ों ईरानी सैनिक मारे गए और ईरान के सुरक्षा ढांचे के करीब 30 वरिष्ठ अधिकारी भी निशाना बने।

अभियान का समापन और इजरायल का दावा

इस भीषण सैन्य कार्रवाई के 12वें दिन, इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने आधिकारिक रूप से घोषणा की कि युद्धविराम का प्रस्ताव स्वीकार कर लिया गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि "ऑपरेशन राइजिंग लायन" के तहत इजरायल ने अपने सभी सैन्य और रणनीतिक लक्ष्य न केवल पूरे किए, बल्कि अपेक्षा से अधिक हासिल किया।

नेतन्याहू ने बयान में कहा कि इस ऑपरेशन के जरिए न केवल ईरान के परमाणु खतरे को रोका गया, बल्कि मिसाइल हमलों की आशंका को भी निर्णायक रूप से टाल दिया गया है।

अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया और संभावित परिणाम

हालांकि अभी अंतरराष्ट्रीय समुदाय की आधिकारिक प्रतिक्रिया आना बाकी है, लेकिन यह स्पष्ट है कि इजरायल की यह कार्रवाई पश्चिम एशिया में सामरिक संतुलन को गहराई से प्रभावित करेगी। ईरान की ओर से अभी तक कोई प्रत्यक्ष जवाब सामने नहीं आया है, लेकिन विशेषज्ञ मानते हैं कि इस हमले का बदला लेने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

इजरायल के "ऑपरेशन राइजिंग लायन" ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर गंभीर प्रभाव डाला है। यह कार्रवाई न केवल सैन्य रूप से निर्णायक साबित हुई है, बल्कि इससे यह भी संकेत मिलता है कि इजरायल किसी भी संभावित खतरे को टालने के लिए अग्रसक्रिय रुख अपनाने से पीछे नहीं हटेगा। अब यह देखना अहम होगा कि ईरान की प्रतिक्रिया क्या होती है और क्या यह संघर्ष एक और बड़े पश्चिम एशियाई संकट का रूप लेता है या नहीं।

राज्य
View More

Shorts see more

सावधान! एक गलत तरबूज बन सकता है कैंसर की वजह, खरीदते वक्त ध्यान रखें ये बातें

सावधान! एक गलत तरबूज बन सकता है कैंसर की वजह, खरीदते वक्त ध्यान रखें ये बातें

  • तरबूज में हानिकारक केमिकल मिलाए जा रहे हैं
  • तरबूज से कैसे हो सकता है कैंसर?
  • कैसे करें सही तरबूज की पहचान?
read more

ताजा खबरें
View More

एक हफ्ते में 12 करोड़ रुपये खर्च करता हूं, ललित मोदी ने खोले अपनी कमाई और लाइफस्टाइल के राज
एक हफ्ते में 12 करोड़ रुपये खर्च करता हूं, ललित मोदी ने खोले अपनी कमाई और लाइफस्टाइल के राज
मालवीय नगर अग्निकांड: 21 की मौत, 19 की हालत गंभीर; फ्लोरिश स्टे होटल में लगी आग की वजह अब भी रहस्य, जांच जारी
मालवीय नगर अग्निकांड: 21 की मौत, 19 की हालत गंभीर; फ्लोरिश स्टे होटल में लगी आग की वजह अब भी रहस्य, जांच जारी
बच्चों में क्यों तेजी से बढ़ रहे सफेद दाग के मामले? किन हिस्सों पर सबसे पहले दिखते हैं शुरुआती संकेत, जानें डॉक्टर की राय
बच्चों में क्यों तेजी से बढ़ रहे सफेद दाग के मामले? किन हिस्सों पर सबसे पहले दिखते हैं शुरुआती संकेत, जानें डॉक्टर की राय
‘दिल्ली में सब चलता है’, मालवीय नगर अग्निकांड के बाद होटल मालिक का चौंकाने वाला बयान
‘दिल्ली में सब चलता है’, मालवीय नगर अग्निकांड के बाद होटल मालिक का चौंकाने वाला बयान
पहली बार विधायक से नेता विपक्ष तक पहुंचे रितब्रता, ममता बनर्जी के खिलाफ कैसे खड़ा हुआ 60 विधायकों का खेमा?
पहली बार विधायक से नेता विपक्ष तक पहुंचे रितब्रता, ममता बनर्जी के खिलाफ कैसे खड़ा हुआ 60 विधायकों का खेमा?
दिल्ली अग्निकांड के बाद सख्त हुए सीएम योगी आदित्यनाथ, विभागों को दिए व्यापक सुरक्षा जांच के निर्देश
दिल्ली अग्निकांड के बाद सख्त हुए सीएम योगी आदित्यनाथ, विभागों को दिए व्यापक सुरक्षा जांच के निर्देश
'मां-पापा माफ कर देना, अब दोबारा NEET देने की ताकत नहीं बची...' 18 वर्षीय आकांक्षा की मौत ने झकझोर दिया परिवार को
'मां-पापा माफ कर देना, अब दोबारा NEET देने की ताकत नहीं बची...' 18 वर्षीय आकांक्षा की मौत ने झकझोर दिया परिवार को
सुबह खाली पेट एक चम्मच देसी घी खाने के क्या फायदे हैं? जानिए सेहत पर इसका असर
सुबह खाली पेट एक चम्मच देसी घी खाने के क्या फायदे हैं? जानिए सेहत पर इसका असर
पाकिस्तान, चीन और नेपाल में सस्ता हुआ पेट्रोल, भारत में कीमतें जस की तस; कब घटेंगे दाम?
पाकिस्तान, चीन और नेपाल में सस्ता हुआ पेट्रोल, भारत में कीमतें जस की तस; कब घटेंगे दाम?
कैमरे पर दिखने वाली राखी और असल जिंदगी की राखी में कितना फर्क? भाई राकेश सावंत ने खोले कई राज
कैमरे पर दिखने वाली राखी और असल जिंदगी की राखी में कितना फर्क? भाई राकेश सावंत ने खोले कई राज
5 जुलाई को शादी की चर्चा के बीच सुर्खियों में गौरी स्प्रैट, जानिए उम्र, करियर और आमिर से उनका रिश्ता
5 जुलाई को शादी की चर्चा के बीच सुर्खियों में गौरी स्प्रैट, जानिए उम्र, करियर और आमिर से उनका रिश्ता
दिल्ली यूनिवर्सिटी में नौकरी का सुनहरा मौका, कई पदों पर भर्ती शुरू; एक लाख रुपये तक मिलेगा मासिक वेतन
दिल्ली यूनिवर्सिटी में नौकरी का सुनहरा मौका, कई पदों पर भर्ती शुरू; एक लाख रुपये तक मिलेगा मासिक वेतन
अन्नामलाई के अगले कदम पर सस्पेंस, जन्मदिन पर कर सकते हैं नई राजनीतिक शुरुआत का ऐलान
अन्नामलाई के अगले कदम पर सस्पेंस, जन्मदिन पर कर सकते हैं नई राजनीतिक शुरुआत का ऐलान
टी20 टीम की कमान क्यों गई सूर्यकुमार यादव के हाथों से, जानिए वजह
टी20 टीम की कमान क्यों गई सूर्यकुमार यादव के हाथों से, जानिए वजह