न्यूज़
IPL 2026 Yogi Adityanath Jyotish Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

Independence Day Special: कई युवाओं की प्रेरणा बने अमर शहीद 'भगतसिंह', जानें उनके बारे में

स्वतंत्रता सेनानियों में से एक थे अमर शहीद 'भगतसिंह' जो कई युवाओं के लिए प्रेरणा बने और उन्हें स्वतंत्रता पाने के लिए प्रोत्साहित किया। 

Posts by : Ankur Mundra | Updated on: Wed, 07 Aug 2019 11:33:00

Independence Day Special: कई युवाओं की प्रेरणा बने अमर शहीद 'भगतसिंह', जानें उनके बारे में

भारत को अंग्रेजी हुकूमत से आजादी पाने में कई साल लग गए और इसे पाने में कई स्वतंत्रता सेनानियों ने अपने प्राण न्योंछावर कर दिए। इन्हीं स्वतंत्रता सेनानियों में से एक थे अमर शहीद 'भगतसिंह' जो कई युवाओं के लिए प्रेरणा बने और उन्हें स्वतंत्रता पाने के लिए प्रोत्साहित किया। भगत सिंह ने अपनी बात अंग्रेजी हुकूमत तक पहुंचाने के लिए उग्र रूप अपनाया था। उनका मानना था कि "अंग्रेजी हुकूमत बहरी हैं और इनको अपनी आवाज सुनाने के लिए धमाकों की जरूरत हैं" इसलिए ही भागे सिंह ने अदालत में बम फेंककर धमाका किया था। भगतसिंग का देश की आजादी में महत्वपूर्ण योगदान देखते हुए आज हम आपको उनकी जीवनी से जुड़ी जानकारी देने जा रहे हैं।

भारतीय इतिहास के अमर शहीदों में सबसे ऊँचा जाने वाला नाम है, भगत सिंह। एक देशभक्त सिख परिवार में जन्में भगत सिंह अपने इरादों के साथ अपने तरीकों के लिए भी जाने जाते थे। वे मानते थे कि "अंग्रेजी हुकूमत बहरी हैं और इनको अपनी आवाज सुनाने के लिए धमाकों की जरूरत हैं" और इसके लिए उन्होंने अदालत में बम फेंककर धमाका भी किया था। भारत की आजादी में भगत सिंह का योगदान बहुत महत्व रखता हैं। आज हम आपको इस अमर शहीद की जीवनी से जुडी कुछ बातें बताने जा रहे हैं। तो आइये जानते हैं अमर शहीद भगतसिंह के बारे में।

bhagat singh,life of bhagat singh,freedom fighter bhagat singh,independence day special,independence day 2019

भगतसिंह के जन्म के बाद उनकी दादी ने उनका नाम 'भागो वाला' रखा था। जिसका मतलब होता है 'अच्छे भाग्य वाला'। बाद में उन्हें 'भगतसिंह' कहा जाने लगा। वह 14 वर्ष की आयु से ही पंजाब की क्रांतिकारी संस्थाओं में कार्य करने लगे थे। डी।ए।वी। स्कूल से उन्होंने नौवीं की परीक्षा उत्तीर्ण की।

1923 में इंटरमीडिएट की परीक्षा पास करने के बाद उन्हें विवाह बंधन में बांधने की तैयारियां होने लगी तो वह लाहौर से भागकर कानपुर आ गए। फिर देश की आजादी के संघर्ष में ऐसे रमें कि पूरा जीवन ही देश को समर्पित कर दिया। भगतसिंह ने देश की आजादी के लिए जिस साहस के साथ शक्तिशाली ब्रिटिश सरकार का मुकाबला किया,वह युवकों के लिए हमेशा ही एक बहुत बड़ा आदर्श बना रहेगा।

अमृतसर में 13 अप्रैल 1919 को हुए जलियांवाला बाग हत्याकांड ने भगत सिंह की सोच पर इतना गहरा प्रभाव डाला कि लाहौर के नेशनल कॉलेज की पढ़ाई छोड़कर भगत सिंह ने भारत की आजादी के लिए नौजवान भारत सभा की स्थापना की। काकोरी कांड में रामप्रसाद 'बिस्मिल' सहित 4 क्रांतिकारियों को फांसी व 16 अन्य को कारावास की सजा से भगत सिंह इतने ज्यादा बेचैन हुए कि चन्द्रशेखर आजाद के साथ उनकी पार्टी हिन्दुस्तान रिपब्लिकन एसोसिएशन से जुड़ गए और उसे एक नया नाम दिया'हिन्दुस्तान सोशलिस्ट रिपब्लिकन एसोसिएशन'। इस संगठन का उद्देश्य सेवा,त्याग और पीड़ा झेल सकने वाले नवयुवक तैयार करना था।

bhagat singh,life of bhagat singh,freedom fighter bhagat singh,independence day special,independence day 2019

इसके बाद भगत सिंह ने राजगुरु के साथ मिलकर 17 दिसंबर 1928 को लाहौर में सहायक पुलिस अधीक्षक रहे अंग्रेज अधिकारी जेपी सांडर्स को मारा। इस कार्रवाई में क्रां‍तिकारी चन्द्रशेखर आजाद ने भी उनकी पूरी सहायता की। इसके बाद भगत सिंह ने अपने क्रांतिकारी साथी बटुकेश्वर दत्त के साथ मिलकर अलीपुर रोड़ दिल्ली स्थित ब्रिटिश भारत की तत्कालीन सेंट्रल असेम्बली के सभागार में 8 अप्रैल 1929 को अंग्रेज सरकार को जगाने के लिए बम और पर्चे फेंके। बम फेंकने के बाद वहीं पर उन दोनों ने अपनी गिरफ्तारी भी दी।

इसके बाद'लाहौर षडयंत्र' के इस मुकदमें में भगतसिंह को और उनके दो अन्य साथियों,राजगुरु तथा सुखदेव को 23 मार्च,1931 को एक साथ फांसी पर लटका दिया गया। यह माना जाता है कि मृत्युदंड के लिए 24 मार्च की सुबह ही तय थी, लेकिन लोगों के भय से डरी सरकार ने 23-24 मार्च की मध्यरात्रि ही इन वीरों की जीवनलीला समाप्त कर दी और रात के अंधेरे में ही सतलज के किनारे उनका अंतिम संस्कार भी कर दिया।

भगतसिंह की शहादत से न केवल अपने देश के स्वतंत्रता संघर्ष को गति मिली बल्कि नवयुवकों के लिए भी वह प्रेरणा स्रोत बन गए। वह देश के समस्त शहीदों के सिरमौर बन गए। उनके जीवन पर आधारित कई हिन्दी फिल्में भी बनी हैं जिनमें- द लीजेंड ऑफ भगत सिंह, शहीद, शहीद भगत सिंह आदि। आज भी सारा देश उनके बलिदान को बड़ी गंभीरता व सम्मान से याद करता है। भारत और पाकिस्तान की जनता उन्हें आजादी के दीवाने के रूप में देखती है जिसने अपनी जवानी सहित सारी जिंदगी देश के लिए समर्पित कर दी।

राज्य
View More

Shorts see more

सावधान! रसोई में इस्तेमाल हो रहा तेल बन सकता है ब्रेस्ट कैंसर की वजह

सावधान! रसोई में इस्तेमाल हो रहा तेल बन सकता है ब्रेस्ट कैंसर की वजह

  • किचन का आम तेल भी बन सकता है ब्रेस्ट कैंसर की वजह
  • Linoleic Acid बढ़ा सकता है खतरनाक Triple-Negative Breast Cancer
  • सरसों का तेल, नारियल तेल या देसी घी हो सकते हैं सुरक्षित विकल्प
read more

ताजा खबरें
View More

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर ईरान का सख्त रुख, जानिए आखिर क्यों बढ़ा तनाव और क्यों अहम है यह समुद्री रास्ता
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर ईरान का सख्त रुख, जानिए आखिर क्यों बढ़ा तनाव और क्यों अहम है यह समुद्री रास्ता
‘TMC के गुंडों पर कसेगा शिकंजा, 7वां वेतन आयोग होगा लागू’—हल्दिया से पीएम मोदी ने बंगाल को दी 6 बड़ी गारंटियां
‘TMC के गुंडों पर कसेगा शिकंजा, 7वां वेतन आयोग होगा लागू’—हल्दिया से पीएम मोदी ने बंगाल को दी 6 बड़ी गारंटियां
अब न युद्ध रुकेगा न वार्ता होगी? ईरान ने लगाए गंभीर आरोप, कहा – '24 घंटे में सीजफायर की तीन शर्तें टूट गईं'
अब न युद्ध रुकेगा न वार्ता होगी? ईरान ने लगाए गंभीर आरोप, कहा – '24 घंटे में सीजफायर की तीन शर्तें टूट गईं'
AAP के विवाद के बीच राघव चड्ढा ने दिया बड़ा इशारा, क्या उठाएंगे धमाकेदार कदम?
AAP के विवाद के बीच राघव चड्ढा ने दिया बड़ा इशारा, क्या उठाएंगे धमाकेदार कदम?
दिल्ली में IAS अफसरों के बड़े फेरबदल, फाइनेंस से उद्योग विभाग तक ताबड़तोड़ ट्रांसफर, प्रशासन में हड़कंप
दिल्ली में IAS अफसरों के बड़े फेरबदल, फाइनेंस से उद्योग विभाग तक ताबड़तोड़ ट्रांसफर, प्रशासन में हड़कंप
ममता कुलकर्णी ने महिलाओं की सेहत पर जताई चिंता, कहा- यह समस्या केवल महिलाओं तक सीमित नहीं
ममता कुलकर्णी ने महिलाओं की सेहत पर जताई चिंता, कहा- यह समस्या केवल महिलाओं तक सीमित नहीं
अप्रैल में बन रहा दुर्लभ द्विद्वादश राजयोग, इन 4 राशियों के लिए खुलेंगे कुबेर के खजाने!
अप्रैल में बन रहा दुर्लभ द्विद्वादश राजयोग, इन 4 राशियों के लिए खुलेंगे कुबेर के खजाने!
मोहम्मद शमी की नई खतरनाक गेंद, बल्लेबाजों में दहशत! LSG कोच ने किया खुलासा
मोहम्मद शमी की नई खतरनाक गेंद, बल्लेबाजों में दहशत! LSG कोच ने किया खुलासा
वैभव सूर्यवंशी के तूफानी खेल ने ईशान किशन और ऋषभ पंत का रिकॉर्ड किया ध्वस्त, IPL में बनी नई सनसनी
वैभव सूर्यवंशी के तूफानी खेल ने ईशान किशन और ऋषभ पंत का रिकॉर्ड किया ध्वस्त, IPL में बनी नई सनसनी
Video: आखिरी गेंद तक हाई-वोल्टेज मुकाबला, डेविड मिलर की भूल और दिल्ली की 1 रन से हार
Video: आखिरी गेंद तक हाई-वोल्टेज मुकाबला, डेविड मिलर की भूल और दिल्ली की 1 रन से हार
IPL में BCCI का सख्त फैसला, मैदान में एंट्री पर लगा प्रतिबंध; नए नियम से खिलाड़ियों पर कड़ी पाबंदी
IPL में BCCI का सख्त फैसला, मैदान में एंट्री पर लगा प्रतिबंध; नए नियम से खिलाड़ियों पर कड़ी पाबंदी
‘मैं यहां कपड़े उतारने नहीं आई...’ गलत मांगों पर भड़की एक्ट्रेस, सोशल मीडिया पर दिया करारा जवाब
‘मैं यहां कपड़े उतारने नहीं आई...’ गलत मांगों पर भड़की एक्ट्रेस, सोशल मीडिया पर दिया करारा जवाब
11 अप्रैल से शनि-बुध का महा-संयोग देगा जबरदस्त फायदा, इन 4 राशियों के लिए 20 दिन रहेंगे बेहद शुभ!
11 अप्रैल से शनि-बुध का महा-संयोग देगा जबरदस्त फायदा, इन 4 राशियों के लिए 20 दिन रहेंगे बेहद शुभ!
6 साल की उम्र में जीता दिल, ‘मिस्टर इंडिया’ बनी पहली और आखिरी फिल्म, 38 साल बाद बदली पहचान, आज दिखती हैं बेहद खूबसूरत
6 साल की उम्र में जीता दिल, ‘मिस्टर इंडिया’ बनी पहली और आखिरी फिल्म, 38 साल बाद बदली पहचान, आज दिखती हैं बेहद खूबसूरत