
बीते दिन सोमवार को मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में पंजाब किंग्स और राजस्थान रॉयल्स के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली जिसमें टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी पंजाब किंग्स ने कप्तान लोकेश राहुल (91) और दीपक हूडा (64) की अर्धशतकीय पारियों के दम पर 221 रन का मजबूत स्कोर बनाया। जवाब में लक्ष्य का पीछा करने उतरी राजस्थान रॉयल्स की टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही बावजूद इसके संजू सैमसन ने जोस बटलर, शिवम दुबे और रियान पराग के साथ मिलकर तेजी से रन बनाए और अहम साझेदारियां की। हालांकि संजू (119) को छोड़कर कोई दूसरा खिलाड़ी बड़ी पारी नहीं खेल पाया और अंत में राजस्थान की टीम आखिरी गेंद पर चार रनों से मैच हार गई।
राहुल-हूडा की मिडिल ओवर में ताबड़तोड़ बल्लेबाजी
पंजाब को पहला झटका तीसरे ओवर की चौथी बॉल मयंक अग्रवाल के रूप में लगा। इसके बाद क्रिस गेल ने कुछ आक्रामक शॉट खेलकर टीम को मोमेंटम दिलाया। राहुल ने एक छोर को संभाले रखा। पंजाब की पारी को बूस्ट मिला गेल के आउट होने के बाद मैदान पर उतरे हूडा की बल्लेबाजी से। हूडा ने 20 बॉल पर ही शानदार अर्धशतक जड़ा। अपनी 64 रन की पारी में उन्होंने 4 चौके और 6 छक्के लगाए। उन्होंने राहुल के साथ तीसरे विकेट के लिए 47 बॉल पर 105 रन की पार्टनरशिप की। दूसरे छोर पर राहुल ने भी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी करते हुए 50 बॉल पर 91 रन बनाए। इस दौरान उन्होंने पारी में 7 चौके और 5 छक्के लगाए।
राजस्थान की खराब फील्डिंग
राजस्थान की की हार की सबसे बड़ी वजह रही खराब फील्डिंग। पंजाब की पारी के 7वें ओवर में बाउंड्री पर फील्डिंग कर रहे बेन स्टोक्स ने राहुल का कैच छोड़ दिया। इस वक्त राहुल 15 रन बनाकर बल्लेबाजी कर रहे थे। इसके बाद 9वें ओवर में राहुल तेवतिया ने अपनी ही गेंद पर गेल का कैच छोड़ा। इस वक्त गेल 33 रन बनाकर बल्लेबाजी कर रहे थे। 15वें ओवर में मुस्तफिजुर की बॉल पर हूडा ने भी ऊंचा शॉट लगाया। जोस बटलर और बेन स्टोक्स इसे जज नहीं कर सके और गेंद दोनों के बीच में गिरी।
सैमसन के अलावा कोई बड़ी पारी नहीं खेल सका
वह डेब्यू कप्तान के रूप में सबसे अधिक रन बनाने के मामले श्रेयस अय्यर (93) से आगे निकल गए हैं। यही नहीं संजू पहले ही कप्तानी मैच में शतक लगाने वाले आईपीएल के पहले और एकमात्र खिलाड़ी भी बन गए हैं। कप्तान संजू सैमसन के अलावा कोई भी बड़ी पारी नहीं खेल सका। सैमसन 63 गेंदों पर 119 रन बनाकर मैच की आखिरी बॉल पर आउट हुए। इसके अलावा दूसरे छोर से कोई बल्लेबाज सैमसन का साथ नहीं दे सका। मनन वोहरा (12), जोस बटलर (25), शिवम दुबे (23) और रियान पराग (25) को अच्छी शुरुआत मिली, लेकिन वे इसे बड़ी पारी में तब्दील नहीं कर सके।
आखिरी दो ओवर्स में अर्शदीप-मेरिडिथ ने पलटा मैच
राजस्थान अपनी पारी के 18 ओवर में तक मैच में था। सैमसन अकेले ही मैच को जिताते दिख रहे थे, लेकिन पंजाब के गेंदबाज अर्शदीप सिंह और रिले मेरिडिथ ने उन्हें ऐसा नहीं करने दिया। राजस्थान को आखिरी दो ओवर में जीत के लिए 21 रन चाहिए थे। पहले मेरिडिथ और फिर अर्शदीप ने अपने ओवर्स में 8-8 रन ही दिए और पंजाब को सीजन की पहली जीत दिलाई।













