न्यूज़
Budget 2026 Yogi Adityanath Tejashwi Yadav Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

बच्चों का जिद्दीपन बन रहा पेरेंट्स की परेशानी, इस तरह बनाएं उन्हें अनुशासित

अगर आपका बच्चा भी अधिक जिद्दी है और किसी की बात नहीं सुनता तो आज हम आपको कुछ ऐसे तरीके बताने जा रहे हैं जिनकी मदद से बच्चों की समझाइश करते हुए उन्हें अनुशासित बनाया जा सकता हैं। आइये जानते हैं इसके बारे में...

Posts by : Ankur Mundra | Updated on: Mon, 25 July 2022 3:55:55

बच्चों का जिद्दीपन बन रहा पेरेंट्स की परेशानी, इस तरह बनाएं उन्हें अनुशासित

हर माता-पिता की कोशिश यही रहती हैं कि बच्चों को अच्छे संस्कार देते हुए उन्हें अनुशासित बनाया जाए। लेकिन वर्तमान परिवेश में कई कारणों की वजह से बच्चों का स्वभाव बदलने लगा हैं और जिद्दीपन उन पर हावी हो रहा हैं। बच्चों का यह जिद्दीपन पेरेंट्स के लिए तो परेशानी का कारण है ही, लेकिन इसी के साथ ही बच्चों के भविष्य के लिए भी खतरनाक साबित हो सकता हैं। इसलिए माता-पिता को चाहिए कि किसी भी तरह बच्चों की जिद करने की आदत को सुधारा जाए। अगर आपका बच्चा भी अधिक जिद्दी है और किसी की बात नहीं सुनता तो आज हम आपको कुछ ऐसे तरीके बताने जा रहे हैं जिनकी मदद से बच्चों की समझाइश करते हुए उन्हें अनुशासित बनाया जा सकता हैं। आइये जानते हैं इसके बारे में...

tips to make your child disciplined,mates and me,relationship tips

बच्चे के मन की बात समझें
अक्सर बच्चे अभिभावकों या किसी का ध्यान अपनी ओर खींचने के लिए हर छोटी बात पर जिद करने लगते हैं। उन्हें लगता है कि इस तरह से आप उनपर ध्यान देंगे। वह अपने दिल की बात शेयर नहीं कर पाते, तो जिद के जरिए अपनी बात मनवाने का प्रयास कर सकते हैं। इसलिए सबसे जरूरी है कि आप बच्चे के स्वभाव को देखकर उनके मन को समझने की कोशिश करें। उन्हें क्या चाहिए, यह उनके कहने से पहले समझने का प्रयास करें।

बहस करने से बचें

जिद्दी बच्चे बहस करने के लिए हर वक्त तैयार रहते हैं इसलिए आपको उन्हें ये मौका नहीं देना है। इसकी बजाय अपने बच्चे की बात सुनें। जब आप उसकी बात को सुनने लगेंगे तो वो भी आपकी बात पर ध्यान देने की कोशिश करने लगेगा। अगर उन्हें यह महसूस होने लगे कि उनकी बात नहीं सुनी नहीं जा रही हो तो वो धीरे-धीरे आपकी हर बात को दरकिनार करना शुरू कर देंगे।

बच्चों के साथ जबर्दस्ती बिल्कुल ना करें

जब आप अपने बच्चों के साथ किसी भी चीज को लेकर जबर्दस्ती करते हैं तो वे स्वभाव से विद्रोही होते चले जाते हैं। तत्कालिक तौर पर तो कई बार जबर्दस्ती से आपको समाधान तो मिल जाता है लेकिन आगे के लिए ये खतरनाक होता चला जाता है। बच्चों से जबरन कुछ करवाने से वे वही कुछ करने लगते हैं जिनसे उन्हें मना किया जाता है। आप अपने बच्चों से कनेक्ट होने की कोशिश करें। जो बच्चे अपने पैरेंट्स से कनेक्टेड महसूस करते हैं वे समझदार हो जाते हैं। जिद्दी बच्चों के साथ ऐसा ही रिश्ता बनाएं जिसकी अनदेखी करना उनके लिए मुश्किल हो जाएं। उन्हें खुद से जुड़ा हुआ महसूस कराने के लिए एक कदम बढ़ाएं और उन्हें गले लगाएं।

tips to make your child disciplined,mates and me,relationship tips

बच्चे को समझाएं सही-गलत का फर्क

अक्सर बच्चे की बात को लेकर जिद करते हैं तो अभिभावक उन्हें डांटकर चुप करा देते हैं लेकिन उनकी जिद न पूरी करने की वजह नहीं बताते। इससे बच्चा असंतुष्ट रहता है और किसी न किसी बात पर जिद करता रहता है। ऐसे में उन्हें सही और गलत का फर्क बताएं। उन्हें प्यार से समझाएं कि उनकी जिद गलत क्यों है। ताकि वह उस चीज को लेकर दोबारा जिद न करें।

न करें गुस्सा

अभिभावक अक्सर बच्चे की गलती पर गुस्सा हो जाते हैं और उन्हें बात बात पर डांटते भी हैं। बच्चे का स्वभाव भी इस कारण गुस्सैल या चिड़चिड़ा हो जाता है। इसी स्वभाव के कारण उनकी मांग पूरी न होने पर वह जिद करने लगते हैं। इसलिए उनपर हर बात पर गुस्सा न हों। पहले बच्चे को बोलने का मौका दें। उनकी बात को ध्यान से समझें और उसी के मुताबिक उन्हें शांति से जवाब दें। डांट से समझाने की बजाय प्यार से समझाई गई बात बच्चा आसानी से समझ जाता है।

नियम बनायें

आपको कुछ चीजों के लिए नियम बनाने की जरूरत भी है क्योंकि जिद्दी बच्चों को समझाने और उनको डील करने के लिए ऐसा करना जरूरी है। बच्चों को समझाएं कि नियम तोड़ने पर उन्हें क्या नुकसान हो सकता है। आप लगातार बच्चे को नियम और अनुशासन में रखेंगे तो बच्चे का जिद्दीपन कुछ हद तक कम होगा। लेकिन इस बात का ध्यान रखें कि नियम और अनुशासन बहुत ज्यादा सख्त न हो।

tips to make your child disciplined,mates and me,relationship tips

बच्चे में आत्मविश्वास बढ़ाएं

अभिभावक के व्यस्त होने पर अक्सर वह बच्चे की कई बातें अनसुना कर देते हैं। इस कारण भी बच्चा अपनी बातें मनवाने के लिए अभिभावक के सामने जिद करने लगता है। उसे लगता है कि बार बार कहने से ही अभिभावक उसकी बात सुनेंगे वरना अनसुना करके भूल जाएंगे। ऐसे में बच्चे को समझाएं कि आप उनकी बातें ध्यान से सुनते हैं और उसे गंभीरता से भी लेते हैं। इसलिए बच्चे को अपनी बात उन तक पहुंचाने के लिए कई बार एक ही बात दोहराने या जिद करने की जरूरत नहीं है।

उनके साथ काम करें-

जिद्दी बच्चे या अड़ियल रवैये वाले बच्चे बहुत ज्यादा संवेदनशील होते हैं और वे इस बात को गहराई से महसूस करते हैं कि आप उनके साथ कैसा बर्ताव करती हैं। इसलिए अपनी टोन, बॉडी लैंग्वेज, अपने शब्दों को लेकर खास सावधानी बरतें। जब उन्हें आपका व्यवहार अच्छा नहीं लगता है तो वे खुद को बचाने के लिए सब कुछ करने लगते हैं। अगर आप अपने बच्चे से कुछ करवाना चाहती हैं तो उसे कुछ मजेदार तरीके से करवाएं। जैसे कि आप चाहती हैं कि आपका बच्चा खिलौने समेटें तो पहले खुद से ही समेटना शुरू करें औऱ फिर उससे कहें कि क्या वह आपकी मदद कर पाएगा? आप ये भी कह सकती हैं कि आओ देखते हैं कि कौन तेजी से खिलौने समटेता है। ऐसे तरीके कारगर साबित होते हैं।

राज्य
View More

Shorts see more

कुदरती तरीके से चाहिए चमकदार और सफेद दांत, इन 5 चीजों को टूथपेस्ट में मिलाकर ब्रश करें

कुदरती तरीके से चाहिए चमकदार और सफेद दांत, इन 5 चीजों को टूथपेस्ट में मिलाकर ब्रश करें

  • खराब खानपान से दांत पीले हो जाते हैं
  • महंगे ट्रीटमेंट के बिना दांतों को चमकदार बनाएं
  • घरेलू नुस्खों से दांत सफेद और मजबूत बनते हैं
read more

ताजा खबरें
View More

IND vs PAK: टीम इंडिया के इन 5 खिलाड़ियों ने तोड़ा पाकिस्तान का आत्मविश्वास, बने जीत के नायक
IND vs PAK: टीम इंडिया के इन 5 खिलाड़ियों ने तोड़ा पाकिस्तान का आत्मविश्वास, बने जीत के नायक
IND vs PAK: ईशान किशन ने बनाया ऐसा रिकॉर्ड जो धोनी-पंत भी नहीं बना पाए, बने पहले भारतीय विकेटकीपर
IND vs PAK: ईशान किशन ने बनाया ऐसा रिकॉर्ड जो धोनी-पंत भी नहीं बना पाए, बने पहले भारतीय विकेटकीपर
पाकिस्तान के खिलाफ बेटे की तूफानी पारी देख भावुक हुए ईशान किशन के पिता, बोले– 'मेहनत का कोई शॉर्टकट नहीं होता'
पाकिस्तान के खिलाफ बेटे की तूफानी पारी देख भावुक हुए ईशान किशन के पिता, बोले– 'मेहनत का कोई शॉर्टकट नहीं होता'
IND vs PAK: T20 वर्ल्ड कप में भारत से मिली करारी हार के बाद भड़के पाकिस्तानी फैंस, बोले– ‘शाहीन शाह अफरीदी को…’
IND vs PAK: T20 वर्ल्ड कप में भारत से मिली करारी हार के बाद भड़के पाकिस्तानी फैंस, बोले– ‘शाहीन शाह अफरीदी को…’
पीएम मोदी आज करेंगे ‘India AI Impact Summit 2026’ का शुभारंभ, दुनिया भर के शीर्ष नेता रहेंगे मौजूद
पीएम मोदी आज करेंगे ‘India AI Impact Summit 2026’ का शुभारंभ, दुनिया भर के शीर्ष नेता रहेंगे मौजूद
दिल को रखना है मजबूत? रोजाना करें ये 5 योगासन, हार्ट डिजीज का खतरा होगा कम
दिल को रखना है मजबूत? रोजाना करें ये 5 योगासन, हार्ट डिजीज का खतरा होगा कम
अंगूर पर लगी केमिकल परत कैसे हटाएं? धोते समय अपनाएं ये 5 आसान तरीके, कीटाणु और कीटनाशक होंगे खत्म
अंगूर पर लगी केमिकल परत कैसे हटाएं? धोते समय अपनाएं ये 5 आसान तरीके, कीटाणु और कीटनाशक होंगे खत्म
Gold Price: क्या 2027 तक ₹1 लाख से नीचे आएगा सोना? रूस के संभावित फैसले से ग्लोबल मार्केट में बढ़ी हलचल, COMEX पर $3000 का स्तर चर्चा में
Gold Price: क्या 2027 तक ₹1 लाख से नीचे आएगा सोना? रूस के संभावित फैसले से ग्लोबल मार्केट में बढ़ी हलचल, COMEX पर $3000 का स्तर चर्चा में
Tu Yaa Main: तीन दिन में 3 करोड़ का आंकड़ा भी नहीं छू सकी कपूर परिवार की बेटी की दूसरी फिल्म, वीकेंड पर भी नहीं दिखा दम
Tu Yaa Main: तीन दिन में 3 करोड़ का आंकड़ा भी नहीं छू सकी कपूर परिवार की बेटी की दूसरी फिल्म, वीकेंड पर भी नहीं दिखा दम
बिहार की सियासत में नई सरगर्मी, AIMIM के मंच पर दिखे आईपी गुप्ता, क्या महागठबंधन से दूरी के संकेत?
बिहार की सियासत में नई सरगर्मी, AIMIM के मंच पर दिखे आईपी गुप्ता, क्या महागठबंधन से दूरी के संकेत?
सिर्फ सेहत नहीं, स्किन के लिए भी कमाल है अमरूद, जानें घर पर कैसे तैयार करें असरदार फेस पैक
सिर्फ सेहत नहीं, स्किन के लिए भी कमाल है अमरूद, जानें घर पर कैसे तैयार करें असरदार फेस पैक
बसपा और कांग्रेस के बाद सपा में शामिल हुए नसीमुद्दीन सिद्दीकी, अखिलेश यादव बोले- इससे PDA को मिलेगी मजबूती
बसपा और कांग्रेस के बाद सपा में शामिल हुए नसीमुद्दीन सिद्दीकी, अखिलेश यादव बोले- इससे PDA को मिलेगी मजबूती
Post Office RD स्कीम में हर महीने ₹3500 निवेश करें तो 5 साल बाद कितना मिलेगा? जानें पूरी गणना
Post Office RD स्कीम में हर महीने ₹3500 निवेश करें तो 5 साल बाद कितना मिलेगा? जानें पूरी गणना
शहद की तासीर और सेवन का सही तरीका, जान लीजिए सेहत के लिए कितना फायदेमंद है हनी?
शहद की तासीर और सेवन का सही तरीका, जान लीजिए सेहत के लिए कितना फायदेमंद है हनी?