
14 अगस्त को सिनेमाघरों में ऋतिक रोशन–जूनियर एनटीआर स्टारर वार 2 और रजनीकांत की कुली के बीच होने वाली बड़ी भिड़ंत को लेकर चर्चा तेज है। खासकर सवाल यह है कि क्या कुली का हिंदी वर्ज़न, वार 2 की जबरदस्त ओपनिंग के बावजूद दर्शकों को अपनी ओर खींच पाएगा, और क्या इसमें आमिर खान का स्पेशल अपीयरेंस मददगार होगा?
ट्रेड वेटरन तरण आदर्श ने कहा—“मुझे कुली से बहुत बड़ी उम्मीदें हैं। एडवांस बुकिंग शानदार है और रजनीकांत का क्रेज तो अलग ही स्तर पर है। बाकी सभी एक्टर्स का सम्मान करते हुए, वो आज भी हमारे सबसे बड़े स्टार हैं। हिंदी में यह दूसरी पसंद हो सकती है, लेकिन बॉक्स ऑफिस चौंका भी सकता है। 15 अगस्त दोनों फिल्मों के लिए बेहतरीन हो सकता है।”
फिल्म एग्ज़िबिटर और डिस्ट्रीब्यूटर अक्षय राठी के अनुसार—“ओपनिंग वीकेंड में हिंदी मार्केट में वार 2 ही हावी रहेगी, सिर्फ ऋतिक रोशन की स्टार पावर और व्यापक शोकेसिंग के कारण। पहले वीकेंड के बाद बात कंटेंट की होगी—जिस फिल्म में ज्यादा एंगेजमेंट होगा, वही लंबी रेस का घोड़ा साबित होगी।”
ट्रेड एनालिस्ट अतुल मोहन ने कहा—“हिंदी मार्केट में तमिल फिल्मों की कमाई सीमित रहती है, लेकिन चूंकि यह एक पैकेज्ड फिल्म है और इसमें आमिर खान भी हैं, थोड़ी बहुत अवेयरनेस बनी है।”
आमिर खान फैक्टर
कुली में आमिर खान का स्पेशल अपीयरेंस है, लेकिन क्या यह बॉक्स ऑफिस में फर्क डालेगा?
तरण आदर्श का मानना है—“हिंदी रीजन के पोस्टर में रजनीकांत और आमिर दोनों हैं, लेकिन फिल्म की प्रमोशन पूरी तरह रजनीकांत के कंधों पर टिकी है।”
अतुल मोहन का कहना है—“ये उनका गजनी (2008) के बाद पहला साउथ कोलैबोरेशन है, लेकिन सबको पता है कि यह गेस्ट अपीयरेंस है। यह पूरी तरह रजनीकांत की फिल्म है और हिंदी मार्केट में बज़ सीमित है।”
अक्षय राठी ने जोड़ा—“आमिर की मौजूदगी अवेयरनेस बढ़ाती है, लेकिन फिल्म का भविष्य कंटेंट पर निर्भर करेगा। लोकेश कनगराज के रिकॉर्ड को देखते हुए उम्मीद है कि उन्होंने रजनीकांत के साथ एक शानदार एंटरटेनर दिया होगा, जो देशभर में दर्शकों को लुभाए।”
राठी ने अनुमान जताया कि कुली का हिंदी वर्ज़न 4-5 करोड़ रुपये की ओपनिंग ले सकता है, जबकि अतुल मोहन को शक है कि यह इतना कमा पाएगा—“तमिल फिल्में नॉर्थ में बड़े स्तर पर नहीं चलतीं।”
कुल मिलाकर, कुली के हिंदी वर्ज़न की सफलता इस पर निर्भर करेगी कि वह पहले वीकेंड के बाद दर्शकों को कितना जोड़ पाती है, और क्या स्टार पावर से आगे कंटेंट उन्हें सिनेमाघरों में बनाए रख पाता है।














