
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के राजनीतिक माहौल में सोमवार को एक बड़ा मोड़ आया, जब आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने लंबे समय बाद चुनाव प्रचार के मैदान में उतरकर सियासी हलचल तेज कर दी। उन्होंने दानापुर सीट से आरजेडी प्रत्याशी रीतलाल यादव के समर्थन में जबरदस्त रोड शो किया और जनता से उनके पक्ष में वोट डालने की अपील की।
दीघा से खगौल तक लालू का रोड शो, उमड़ा जनसैलाब
लालू यादव का रोड शो दीघा से खगौल तक करीब 15 किलोमीटर लंबा रहा, जिसमें हजारों की भीड़ उमड़ पड़ी। उनके साथ उनकी बेटी और राज्यसभा सांसद मीसा भारती भी मौजूद रहीं। लोगों ने जगह-जगह फूल बरसाकर उनका स्वागत किया। भीड़ को संबोधित करते हुए लालू यादव ने कहा — “बिहार की जनता अब बदलाव चाहती है। 14 नवंबर को सत्ता बदलेगी और तेजस्वी मुख्यमंत्री बनेंगे।”
लालू ने दावा किया कि महागठबंधन के पक्ष में जबरदस्त लहर है और लोग तेजस्वी यादव के नेतृत्व पर भरोसा जता रहे हैं। उन्होंने कहा कि स्थानीय नेताओं ने जनता के बीच मजबूत पकड़ बनाई है और इस बार परिणाम ऐतिहासिक होंगे।
जेल से चुनावी मैदान में रीतलाल यादव
दानापुर सीट से आरजेडी उम्मीदवार रीटलाल यादव इस वक्त रंगदारी के एक मामले में भागलपुर केंद्रीय जेल में बंद हैं, लेकिन उनके समर्थन में पार्टी ने पूरा जोर लगा दिया है। रीतलाल ने अपने निर्वाचन क्षेत्र में प्रचार करने के लिए पटना हाईकोर्ट से अस्थायी जमानत की मांग की थी, जिसे अदालत ने खारिज कर दिया था।
रीटलाल यादव ने 17 अप्रैल 2025 को दानापुर कोर्ट में आत्मसमर्पण किया था, जिसके बाद उन्हें बेऊर जेल में भेजा गया था। बाद में सुरक्षा कारणों से उन्हें भागलपुर की विशेष केंद्रीय कारा में शिफ्ट कर दिया गया।
रंगदारी केस में फंसे हैं रीतलाल यादव
रीटलाल पर बिल्डर कुमार गौरव से ₹50 लाख की रंगदारी मांगने और धमकी देने का आरोप है। यह मामला खगौल थाना क्षेत्र में दर्ज हुआ था। हालांकि, आरजेडी नेताओं का कहना है कि रीतलाल को राजनीतिक साजिश के तहत फंसाया गया है।
रीटलाल के प्रचार की कमान अब उनके परिवार ने संभाल रखी है — उनकी पत्नी, बेटी और करीबी समर्थक घर-घर जाकर लोगों से समर्थन मांग रहे हैं।
2020 में भी लड़े थे दानापुर से चुनाव
रीटलाल यादव ने 2020 के विधानसभा चुनाव में भी आरजेडी के टिकट पर दानापुर से चुनाव लड़ा था और कड़ी टक्कर दी थी। इस बार उनका मुकाबला भाजपा के वरिष्ठ नेता रामकृपाल यादव से है।














