
राजस्थान में REET पेपर लीक मामले को लेकर सियासत तेज हो गई है जहां बीजेपी लगातार इस मुद्दे पर सरकार को घेर रही है। बीजेपी के अलग-अलग विंग प्रदेश भर में धरने प्रदर्शन कर रहे हैं। रीट विवाद की गूंज अब दिल्ली तक पहुंच गई है। लोकसभा में आज रीट नकल विवाद का मुद्दा जयपुर ग्रामीण से बीजेपी सासंद राज्यवर्धन सिंह राठौड़ और नागौर सासंद हनुमान बेनीवाल द्वारा उठाया गया और CBI जांच की मांग की गई। 9 फरवरी को राजस्थान विधानसभा का बजट सत्र शुरु हो रहा है, बजट सत्र में भी बीजेपी इस मुद्दे पर सरकार को घेरने की रणनीति बना चुकी है।
लोकसभा में राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने रीट का मुद्दा उठाते हुए कहा कि राजस्थान में बहुत बड़ा भर्ती घोटाला हुआ है। 2017 के बाद चार साल के बाद रीट की परीक्षा हुई। चार साल से युवा नौकरी का इंतजार कर रहे थे, लाखों युवाओं ने हिस्सा लिया। रीट में भारी धांधली हुई है, पेपर लीक हुआ है, सामूहिक नकल हुई, ये सारी शिकायतें पुलिस और प्रशासन तक उम्मीदवारों ने पहुंचाईं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
लोकसभा में हनुमान बेनीवाल ने कहा कि राजस्थान का युवा आंदोलित है। रीट के एग्जाम में भारी धांधली हुई है, हम चाहते हैं कि रीट रद्द हो और इसकी धांधलियों की सीबीआई जांच हो। लोकसभा में मामला उठाने के बाद बेनीवाल ने मीडिया से बातचीत में कहा कि रीट के मामले में जब एसओजी यह मान चुकी है शिक्षा संकुल से पेपर चोरी किया गया। इससे जाहिर है कि मामले के तार कई आईएएस अफसरों, सरकार में बैठे जिम्मेदारों और सीएमओ तक जुड़े थे। इसकी सीबीआई जांच जरूरी है।














