हिन्दी सिनेमा की ख्यातनाम निर्देशकों में शामिल रहे निर्देशक संजय लीला भंसाली बेहतरीन फिल्मों के लिए जाने जाते हैं। संजय लीला भंसाली की फिल्मों में एक्टिंग की क्लास और कला दोनों ही नजर आती है। संजय लीला भंसाली ज्यादातर रोमांटिक फिल्में बनाने के लिए जाने जाते हैं। संजय लीला भंसाली भारतीय सिनेमा के पहले ऐसे निर्देशक हैं जिन्होंने अपने नाम के साथ अपनी माँ का नाम ‘लीला’ जोड़ा हुआ है।
80 के दशक के अंत में सिनेमाई दुनिया में कदम रखने वाले संजय लीला भंसाली ने बतौर निर्देशक 1996 में प्रदर्शित हुई खामोशी : द म्यूजिकल से शुरूआत की। अपने समय में दर्शकों की समझ से दूर रही यह फिल्म आज कल्ट क्लासिक फिल्मों में शुमार होती है। बॉक्स ऑफिस पर इस फिल्म को औसत सफलता मिली, लेकिन इस फिल्म ने संजय लीला भंसाली को बतौर निर्देशक स्थापित करने में अहम् भूमिका निभाई। इसके बाद संजय लीला भंसाली ने सिनेमा में कभी भी पीछे मुड़कर नहीं देखा। वर्तमान दौर में संजय लीला भंसाली फ़िल्म निर्देशक, निर्माता, पटकथा लेखक, संपादक और संगीतकार के तौर पर जाने जाते हैं जो अपनी फिल्म के हर बड़े विभाग को स्वयं संभालते हैं।
संजय लीला भंसाली ने कई पुरस्कार प्राप्त किए हैं, इनमें जिनमें सात राष्ट्रीय फ़िल्म पुरस्कार और 12 फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कार शामिल हैं, इसके अलावा उन्हें बाफ्टा पुरस्कार के लिए भी नामांकन मिला है । 2015 में, भारत सरकार ने उन्हें चौथे सबसे बड़े नागरिक पुरस्कार पद्म श्री से सम्मानित किया। भंसाली को उनके सौंदर्यशास्त्र और संगीत दृष्टि के उपयोग के लिए जाना जाता है, विशेष रूप से पीरियड ड्रामा फिल्मों के लिए।
आज 24 फरवरी को संजय लीला भंसाली अपना 62वां जन्मदिन मना रहे हैं। इस खास मौके पर बात करेंगे हम उनकी कुछ ऐसी फिल्मों की जिन्होंने हिन्दी सिनेमा को नई दिशा और दशा दी, दर्शकों की सोच को बदलने में अहम भूमिका निभाई और कुछ कम चर्चित अभिनेता अभिनेत्रियों को ऊँचाई पर पहुँचाया।
हम दिल दे चुके सनम
संजय लीला भंसाली को साल 1999 में रिलीज हुई सलमान खान और ऐश्वर्या राय बच्चन स्टारर रोमांटिक ड्रामा म्यूजिकल फिल्म 'हम दिल दे चुके सनम' ने बड़ी पहचान दिलाई थी। इस फिल्म से पहली बार सलमान खान-ऐश्वर्या राय एक साथ पर्दे पर आए थे। बॉक्स ऑफिस पर फिल्म ब्लॉकबस्टर साबित हुई। आज भी सलमान के प्रशंसक इस फिल्म को उनकी शानदार फिल्मों में गिनते हैं। फिल्म एक ऐसी कहानी को बयां करती हैं, जहां एक लड़की अपने पति की केयर के आगे अपने प्रेमी के अटूट प्यार को नजरअंदाज कर देती है। प्रदर्शन से पूर्व इस प्रेम कहानी को लेकर कहा गया था कि भारतीय दर्शक इस प्रकार की फिल्मों को स्वीकार नहीं कर पाएगा। लेकिन प्रदर्शन के बाद दर्शकों ने इसे न सिर्फ स्वीकार बल्कि इसे कल्ट क्लासिक का दर्जा दिलवाया।
हम दिल दे चुके सनम ने एक और बेहतरीन काम किया था। वर्ष 1991 से फिल्मों में अपना करियर शुरू करने वाले और एक्शन स्टार के तौर पर पहचाने जाने वाले अभिनेता अजय देवगन की छवि को बदलना था। भंसाली ने जब इस फिल्म में ऐश्वर्या के पति की भूमिका के लिए अजय देवगन को लिया था तो वितरकों ने कुछ नाराजगी जाहिर की थी, उनका कहना था कि मारधाड़ करने वाला यह नायक किस से इस गम्भीर भूमिका को परदे पर पेश करेगा। यह भंसाली का कमाल था कि उन्होंने अजय देवगन से इतनी गम्भीर भूमिका को बड़ी संजीदगी के साथ परदे पर उतारा। इस फिल्म के बाद ही अजय देवगन को सुपर स्टार के साथ-साथ बेहतरीन अभिनेता के तौर पर जाना गया।
देवदास
सलमान खान के बाद संजय लीला भंसाली ने साल 2002 में शाहरुख खान के साथ काम किया था। संजय लीला भंसाली ने शाहरुख खान को फिल्म देवदास में निर्देशित किया। पीरियड रोमांटिक ड्रामा फिल्म देवदास शाहरुख खान के करियर की हिट फिल्मों में शामिल है। देवदास में शाहरुख खान के अभिनय की समालोचकों के साथ-साथ दर्शकों ने भी प्रशंसा की थी। उनके साथ फिल्म में ऐश्वर्या राय, माधुरी दीक्षित और जैकी श्रॉफ ने भी अहम रोल प्ले किया था। शाहरुख फिल्म में देवदास मुखर्जी के रोल में दिखे, जिसे अपने पड़ोस में रहने वाली लड़की पार्वती (ऐश्वर्या राय) से प्यार होता है, लेकिन दोनों के प्यार के बीच स्टेटस आ जाता है। दोनों की शादी नहीं हो पाती है और फिर देवदास अपने जीवन को खत्म करने के रास्ते पर चल पड़ता है वह शराब में स्वयं को डुबो देता है। और अन्त में वह अपनी प्रेमिका पारो उर्फ पार्वती के घर के दरवाजे पर उसे देखने की चाह लिए हुए दम तोड़ देता है। संजय लीला भंसाली ने जिस अंदाज में शाहरुख की मौत के दृश्य को परदे पर जीवंत किया था, वह आज भी अविस्मरणीय है। ऐसा दृश्य फिर किसी फिल्म में दिखाई नहीं दिया।
ब्लैक
देवदास की जबरदस्त सफलता के तीन साल बाद संजय लीला भंसाली ने पहली बार अमिताभ बच्चन और रानी मुखर्जी को लेकर ब्लैक का निर्देशन किया। इस फिल्म में अमिताभ बच्चन ने जो अभिनय किया वह उनके करियर का सबसे सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा है। अपने 50 साल से ज्यादा के सफर में उन्होंने किसी अन्य निर्देशक के निर्देशन में ऐसा काम नहीं किया। उनके साथ नजर आई रानी मुखर्जी फिर कभी किसी फिल्म में वो प्रभाव पैदा नहीं कर सकीं जो उन्होंने ब्लैक में किया। फिल्म में रानी मुखर्जी ने 42 साल की एक एंगलो-इंडियन अंधी, बहरी और म्यूट महिला की भूमिका को जीवंत अंदाज में परदे पर उतारा। अपनी भाव भंगिमाओं से उन्होंने वास्तविक अंधे का अहसास दर्शकों को कराया। वहीं, अमिताभ ने फिल्म में रानी के अल्कोहोलिक टीचर का रोल प्ले किया था, जिसे बाद में भूलने की बीमारी हो जाती है। 'ब्लैक' ना सिर्फ संजय लीला भंसाली बल्कि अमिताभ बच्चन और रानी मुखर्जी के करियर की भी सर्वश्रेष्ठ फिल्मों में पहली पायदान पर आती है।
गुजारिश
संजय लीला भंसाली के करियर की शानदार फिल्मों में से एक फिल्म गुजारिश भी है। इस फिल्म में उन्होंने ऋतिक रोशन से जो काम करवाया वैसा कोई निर्देशक नहीं करवा पाया। ऋतिक बेहतरीन अभिनेता हैं लेकिन उनकी क्षमता को परदे पर साकार रूप देने में भंसाली सबसे आगे रहे। उनके पिता राकेश रोशन भी वो नहीं करवा पाए जो भंसाली ने किया। फिल्म गुजारिश की कहानी को खुद संजय लीला भंसाली ने लिखा और निर्देशित किया था। ऋतिक ने फिल्म में एक पूर्व जादूगर का रोल प्ले किया है, जो कि गंभीर बीमारी के चलते व्हीलचेयर पर जिंदगी गुजार रहा होता है। ऐश्वर्या राय ने फिल्म में नर्स सोफिया डिसूजा का किरदार निभाया है, जो ऋतिक का 12 सालों तक ख्याल रखती है। यह ऐश्वर्या राय की भंसाली के साथ तीसरी फिल्म थी।
बाजीराव मस्तानी
बाजीराव मस्तानी से संजय लीला भंसाली ने हिस्टोरिकल पीरियड ड्रामा फिल्मों में कदम रखा और हिट साबित हुए। साल 2015 में रिलीज हुई फिल्म बाजीराव मस्तानी में रणवीर सिंह, दीपिका पादुकोण और प्रियंका चोपड़ा मुख्य भूमिका में नजर आए थे। फिल्म में रणवीर को मराठा साम्राज्य के पेशवा बाजीराव, प्रियंका चोपड़ा को उनकी पत्नी काशीबाई और दीपिका को दूसरी पत्नी मस्तानी के किरदार में देखा गया। फिल्म में तीनों ही अदाकारों ने अपने अभिनय से दर्शकों पर एक अमिट छाप छोड़ने में सफलता प्राप्त की।
बाजीराव मस्तानी की सफलता ने संजय लीला भंसाली को एक बार फिर से फिल्म उद्योग वो दर्जा दिलवाया जो उनकी पिछली फिल्मों सांवरिया, गुजारिश और गोलियों की रासलीला रामलीला के कारण छिन गया था। इन फिल्मों के लिए संजय लीला भंसाली को कड़ी आलोचना का सामना करना पड़ा था। गुजारिश को लेकर एक पुरस्कार समारोह में सलमान खान ने बड़ा कटाक्ष किया था, जिसके बाद इन दोनों के सम्बन्धों में खटास आ गई, जिसके चलते वे आगे काम नहीं कर पाए। वर्षो बाद संजय लीला भंसाली और सलमान खान में पैचअप हुआ जिसके बाद उन्होंने सलमान खान और आलिया भट्ट को लेकर संजय लीला भंसाली ने इंशा अल्लाह नामक फिल्म की घोषणा की। यह प्रोजेक्ट निर्देशक और अभिनेता के क्रिएटिव डिफरेंस के चलते बंद हो गया। यह कुछ ऐसा था जैसा अमिताभ बच्चन और सुभाष घई के बीच उनकी फिल्म देवा को लेकर हुआ।
भंसाली की वो फिल्में जो हिट हुई, लेकिन उनके स्तर को कम कर गईं
भंसाली ने अपने करियर में दीपिका पादुकोण को लेकर गोलियों की रासलीला रामलीला के बाद बाजीराव मस्तानी और पद्मावत का निर्माण किया। यह दोनों फिल्में पीरियड ड्रामा फिल्में थीं, जो विवादों में रहीं। खासकर पद्मावत। इस फिल्म में दीपिका पादुकोण को सिर्फ एक सजावटी गुडि़या के रूप में दर्शाया गया जो हर समय आईने के सामने स्वयं को निहारती रहती है। इसे लेकर काफी आलोचना हुई।
गंगूबाई काठियावाड़ी
ऐसी आलोचना भंसाली को आलिया भट्ट को लेकर बनाई गई फिल्म गंगूबाई काठियावाड़ी को लेकर हुई थी। भंसाली ने आलिया को अपनी उम्र से बड़ी नायिका के रूप में परदे पर पेश किया। प्रदर्शन से पूर्व कई लोगों ने कहा कि इस तरह की भूमिका के लिए भंसाली को किसी परिपक्व नायिका को लेना चाहिए था, जो परदे पर दबंग अंदाज में स्वयं को पेश कर सके। भंसाली को अपनी रचनात्मकता पर भरोसा था और सबसे बड़ी बात उन्हें आलिया पर भरोसा था। आलिया ने उनके विजन को जिस तरह से परदे पर उतारा वह आलिया की काबिलियत को साबित करता है। हालांकि इस फिल्म में उनका अभिनय उस ऊँचाई को नहीं छू पाया जो वे अपनी शुरूआती फिल्म हाईवे में पेश कर चुकी थीं।
हीरामंडी
फिल्मों के बाद संजय लीला भंसाली ने ओटीटी प्लेटफार्म पर कदम रखा। उन्होंने अपनी पहली वेब सीरीज हीरामंडी का निर्माण नेटफ्लिक्स के लिए किया। भंसाली इसे बड़े परदे के लिए बनाना चाहते थे, लेकिन यह इतना बड़ा था कि उसे सिनेमाई परदे पर कम से कम तीन भागों में पेश करना पड़ा, इसी के चलते उन्होंने इसे ओटीटी के लिए बनाया। हीरामंडी को दर्शकों ने पसन्द किया लेकिन इसे लेकर उनकी बहुत आलोचना हुई। बतौर निर्देशक हीरामंडी के लिए दर्शकों ने उन्हें वो तवज्जो नहीं दी जो उन्हें अपनी फिल्मों देवदास, ब्लैक, बाजीराव मस्तानी के लिए मिली।
अब संजय लीला भंसाली आलिया भट्ट, रणबीर कपूर और विक्की कौशल को लेकर फिल्म 'लव एंड वार' बना रहे हैं, जिसकी कहानी उन्होंने खुद लिखी है। यह फिल्म साल 2026 में रिलीज होने जा रही है।