सरकार ने कोरोना के मुद्दे पर आज ऑल पार्टी मीटिंग (सर्वदलीय बैठक) बुलाई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसमें वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शामिल हुए। पीएम मोदी ने इस बैठक में वैक्सीन को लेकर बड़ी बात कही और बताया कि कुछ हफ्तों में ही वैक्सीन आने की उम्मीद है। वैक्सीन कंपनियों से चर्चा के बाद मोदी की यह पहली अहम बैठक है। पीएम मोदी ने संकेत दिए कि कोरोना की वैक्सीन पहले बुजुर्गों, कोरोना वॉरियर्स को मिल सकती है। बैठक में पीएम मोदी ने कहा कि अभी आठ ऐसी वैक्सीन हैं, जो ट्रायल के चरण में बनी हुई हैं। पीएम मोदी ने कहा कि ऐसी उम्मीद है कि अगले कुछ हफ्तों में वैक्सीन को लेकर अच्छी खबर मिलेगी, वैज्ञानिकों की ओर से मंजूरी मिलते ही इसपर काम शुरू हो जाएगा। भारत एक विशेष सॉफ्टवेयर पर काम कर रहा है जो हर किसी को वैक्सीन पहुंचाने पर ट्रैकिंग करेगा।
बैठक की 5 अहम बातें
सफलता को लेकर आश्वस्त भारत के वैज्ञानिक अपनी सफलता को लेकर आश्वस्त हैं और उनका कॉन्फिडेंस मजबूत है। दुनिया की नजर कम कीमत वाली सबसे सुरक्षित वैक्सीन पर है। स्वाभाविक है कि दुनिया की नजर भारत पर भी है। अहमदाबाद, पुणे और हैदराबाद जाकर मैंने देखा कि वैक्सीन मैन्युफैक्चरिंग को लेकर तैयारियां कैसी हैं। ICMR और ग्लोबल इंडस्ट्री के दिग्गजों के साथ तालमेल बैठाया जा रहा है। सभी कमर कस के तैयार हैं। करीब-करीब 8 ऐसी संभावित वैक्सीन हैं, जो ट्रायल के अलग-अलग चरण में हैं। इनकी मैन्युफैक्चरिंग भारत में ही हुई है।
अगले कुछ हफ्तों में तैयार हो जाएगी वैक्सीनभारत की अपनी 3 अलग-अलग वैक्सीन का ट्रायल अलग चरणों में हुआ। एक्सपर्ट मान रहे हैं कि वैक्सीन के लिए ज्यादा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। माना जा रहा है कि अगले कुछ हफ्तों में वैक्सीन तैयार हो जाएगी। वैज्ञानिकों की हरी झंडी मिलते ही भारत में वैक्सिनेशन शुरू कर दिया जाएगा। पहले चरण में किसे वैक्सीन लगेगी, इस पर भी केंद्र राज्यों के सुझावों पर काम कर रही है। प्राथमिकता हेल्थकेयर वर्कर, फ्रंटलाइन वर्कर और पहले से गंभीर बीमारियों से जूझ रहे बुजुर्गों को दी जाएगी।
अन्य देशों के मुकाबले हम बेहतरवैक्सीन के डिस्ट्रिब्यूशन को लेकर भी केंद्र और राज्य की टीमें मिलकर काम कर रही है। अन्य देशों के मुकाबले हम बेहतर हैं। हमारे पास टीकाकरण के लिए दुनिया का बहुत बड़ा और अनुभवी नेटवर्क है। जो भी अतिरिक्त जरूरतें पड़ेंगी, उनका भी आकलन हो रहा है। कोल्ड चेन को मजबूत करने के लिए प्रयास जारी हैं। भारत ने विशेष सॉफ्टवेयर बनाया है, जिसमें कोरोना वैक्सीन के लाभार्थी वैक्सीन से जुड़ी रियल टाइम जानकारी हासिल कर सकते हैं। कोरोना वैक्सीन के जुड़े अभियान का दायित्व नेशनल एक्सपर्ट ग्रुप को दिया गया है। ये ग्रुप राज्य सरकारों के साथ मिलकर काम कर रहा है। राष्ट्रीय और स्थानीय जरूरतों के हिसाब से फैसले इसी ग्रुप से लिए जाएंगे।