
जयपुर में 84 वर्षीय बुजुर्ग महिला के पेट से 5 किलो वजन का ट्यूमर निकालने वाली घटना ने चिकित्सा जगत को चौंका दिया। विशेषज्ञों के अनुसार, इतनी उम्र की महिला का इतने बड़े ऑपरेशन होना दुर्लभ है। यह ऑपरेशन गणगौरी हॉस्पिटल (पं. दीनदयाल उपाध्याय हॉस्पिटल) में किया गया। चार घंटे तक चली सर्जरी के बाद महिला पूरी तरह ठीक पाई गई और उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
सीटी स्कैन में सामने आया ट्यूमर
हॉस्पिटल के अधीक्षक डॉ. लीनेश्वर हर्षवर्धन ने बताया कि वरिष्ठ लेप्रोस्कॉपिक सर्जन डॉ. मुकेश कुमार शर्मा और उनकी टीम ने यह ऑपरेशन किया। डॉ. शर्मा के अनुसार, परिजन महिला को 13 अक्टूबर को ओपीडी में लेकर आए। महिला को मोशन और टॉयलेट में कठिनाई की शिकायत थी। सोनोग्राफी और सीटी स्कैन की जांच में पता चला कि महिला के पेट में एक बड़ी गांठ है। परिजन ने बताया कि इससे पहले उन्होंने नागौर और जयपुर के चार प्राइवेट हॉस्पिटल में भी दिखाया, जहां मरीज की उम्र को देखकर ऑपरेशन करने से इनकार कर दिया गया था।
यूरेटर और महत्वपूर्ण धमनियों पर दबाव
डॉ. मुकेश ने बताया कि महिला के पेट में रेट्रोपेरिटोनियल ट्यूमर था, जो पेट के निचले हिस्से और बच्चेदानी से जुड़ा हुआ था। ट्यूमर लगभग 25×20 सेंटीमीटर में फैला था और वजन में करीब 5 किलो था।
इस विशाल ट्यूमर के कारण बाइफरकेशन और एओर्टा (हृदय से पैरों की ओर जाने वाली धमनियां) दब रही थीं। साथ ही, यूरेटर (किडनी से मूत्राशय तक जाने वाली नलियां) भी दबने के कारण महिला की किडनी में सूजन और टॉयलेट में रुकावट हुई। ट्यूमर पेट के नीचे रेक्टम से भी चिपका था, जिससे मोशन बाधित हो गए थे।
10 सेंटीमीटर चीरे से 4 घंटे में निकाला गया ट्यूमर
डॉ. मुकेश शर्मा ने बताया कि चार बड़े निजी हॉस्पिटल के डॉक्टर पहले इस ऑपरेशन को करने से इनकार कर चुके थे। टीम ने महिला की उम्र और स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए ऑपरेशन करने का निर्णय लिया। यह ऑपरेशन जोखिम भरा था क्योंकि उम्र अधिक होने के कारण जटिलताएं बढ़ जाती हैं।
डॉ. संजय, डॉ. कमलेश, डॉ. वीरेंद्र, डॉ. शहादत अली, डॉ. लुकमान और एनेस्थीसिया टीम के डॉ. हर्ष, वीना और रवि ने ऑपरेशन में योगदान दिया।
ट्यूमर को निकालने के लिए महिला के पेट पर 10 सेंटीमीटर लंबा चीरा लगाया गया। ऑपरेशन के दौरान ट्यूमर बच्चेदानी से चिपका होने के कारण महिला की बच्चेदानी को भी निकालना पड़ा। चार घंटे की जटिल सर्जरी के बाद ट्यूमर सफलतापूर्वक निकाला गया और महिला की हालत स्थिर बताई जा रही है।














