
“हम डूबने वाले हैं… हमारे लिए प्रार्थना करो।” यह आखिरी शब्द थे, जो एक बहन ने फोन पर सुने—और कुछ ही पलों बाद सब कुछ खत्म हो गया। मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले के बरगी डैम में हुए भीषण क्रूज हादसे ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। चीख-पुकार और अफरा-तफरी के बीच एक परिवार ने अपने तीन अपनों को हमेशा के लिए खो दिया, और यह दर्दनाक मंजर फोन कॉल के जरिए दूसरी बहन तक पहुंचता रहा।
दिल्ली से घूमने आए थे, हादसे ने सब बदल दिया
दिल्ली के मायापुरी इलाके की खजान बस्ती से एक परिवार 29 अप्रैल को एक पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए जबलपुर पहुंचा था। गुरुवार शाम सभी लोग बरगी डैम में क्रूज की सैर करने निकले, लेकिन अचानक मौसम खराब हो गया और तेज हवा-आंधी के बीच क्रूज पलट गया। इस हादसे में मां, बेटी और मासूम बच्चे की जान चली गई, जबकि परिवार के कुछ सदस्य किसी तरह बच निकले।
क्रूज पर सवार थे परिवार के छह लोग
परिवार की सदस्य त्रीजा के मुताबिक, उस वक्त उनके परिवार के कुल छह लोग क्रूज पर सवार थे—माता-पिता, बहन, जीजा और उनके दो बच्चे। हादसे में उनकी मां मधुर (62), बहन मैरीना (39) और चार साल का भांजा त्रिशान जिंदगी की जंग हार गए। वहीं, जीजा प्रदीप वर्मा और अन्य बच्चे सिया व जूलियस किसी तरह सुरक्षित बाहर निकल आए।
पहले खुशी, फिर कुछ ही मिनटों में मातम
त्रीजा ने बताया कि हादसे से कुछ देर पहले उनकी बहन ने वीडियो कॉल कर सभी को क्रूज का नजारा दिखाया था। उस समय सभी बेहद खुश थे और किसी ने लाइफ जैकेट भी नहीं पहन रखी थी। लेकिन करीब आधे घंटे बाद अचानक बहन का कॉल आया—आवाज में डर और घबराहट साफ झलक रही थी। उन्होंने कहा, “हम डूबने वाले हैं… हमारे लिए प्रार्थना करो।”
त्रीजा बताती हैं कि उन्होंने करीब एक मिनट तक भगवान से प्रार्थना की, लेकिन अचानक कॉल कट गया। फोन पर सुनाई दे रही चीखें और अफरा-तफरी की आवाजें आज भी उनके कानों में गूंज रही हैं।
सुरक्षा इंतजामों पर उठे सवाल
हादसे के बाद पीड़ित परिवार ने क्रूज प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि सवारी के दौरान यात्रियों को लाइफ जैकेट नहीं दी गई थी। जब मौसम अचानक खराब हुआ और क्रूज डूबने लगा, तब जाकर जैकेट दी गई, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
एक और तस्वीर ने तोड़ दिया दिल
इस हादसे ने कई और परिवारों को भी गहरा जख्म दिया है। दिल्ली के एक अन्य परिवार के दो सदस्यों की मौत हो गई, जिनके शव अगले दिन बरामद हुए। एक तस्वीर ने सभी को झकझोर दिया—जिसमें एक छोटा बच्चा अपनी मां से लिपटा हुआ था। यह दृश्य हादसे की भयावहता को बयां करने के लिए काफी था।
अब तक 9 की मौत, कई लापता
बरगी डैम क्रूज हादसे में अब तक 9 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जिनमें ज्यादातर महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। इसके अलावा 4-5 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं, जिनकी तलाश जारी है। राहत और बचाव कार्य के दौरान करीब 25 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।













