
गुरुग्राम स्थित सिद्धपीठ शीतला माता मंदिर में मंदिर ट्रस्ट लगातार श्रद्धालुओं के लिए सुविधाओं को बेहतर बना रहा है। हाल ही में मंदिर परिसर में पुराने आरसीसी मार्ग की जगह रबर की सड़क बनकर तैयार हो गई है। श्री शीतला माता श्राइन बोर्ड ने इसे सिंथेटिक रबर ट्रैक की तर्ज पर तैयार कराया है। अब नंगे पैर माता के दर्शन करने आए श्रद्धालुओं को सर्दियों में भी गर्मी का अनुभव होगा।
मंदिर में आसपास के जिलों के साथ-साथ अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं। भक्त नंगे पैर मंदिर के मुख्य प्रवेश द्वार से सीधे भीतर तक जाते हैं। पहले आरसीसी की खुरदुरी सड़क और कंकड़-पत्थर चलते समय विशेषकर बुजुर्ग, महिलाएँ और बच्चे असुविधा महसूस करते थे। कई बार पैरों में छाले भी पड़ जाते थे।
मंदिर की पुरानी सड़क पर श्रद्धालुओं के लिए दरी बिछाई जाती थी, लेकिन पिछले सितंबर महीने से श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए रबर की सड़क बनाने की योजना लागू की गई। इस नई सड़क ने दर्शन को न केवल अधिक आरामदायक बनाया है, बल्कि मंदिर परिसर की सुंदरता में भी चार चाँद लगा दिए हैं।
मंदिर परिसर में बनी रबर की सड़क सर्दियों में गर्म और गर्मियों में ठंडी रहती है। इससे बुजुर्ग, महिलाएँ और बच्चे विशेष रूप से लाभान्वित होंगे। इसका निर्माण श्राइन बोर्ड की पहल पर, एसबीआई की सीएसआर राशि 10 लाख रुपये से कराया गया। यह प्रदेश का पहला ऐसा मंदिर है, जहां श्रद्धालुओं के लिए रबर की सड़क बनाई गई है।
— सुमित कुमार, सीईओ, श्री शीतला माता श्राइन बोर्ड














