
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 जैसे-जैसे करीब आ रहे हैं, राजनीतिक हलचल तेज होती जा रही है। इसी बीच एनडीए के मुख्यमंत्री उम्मीदवार को लेकर केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के अध्यक्ष चिराग पासवान ने महत्वपूर्ण बयान दिया है। उन्होंने साफ कहा कि हर राजनीतिक दल चाहेगा कि उसका नेता मुख्यमंत्री पद की दौड़ में आगे रहे, लेकिन सिर्फ एक दल की इच्छा से यह मुमकिन नहीं है। किसी भी नाम पर अंतिम फैसला तभी होता है जब गठबंधन की सभी पार्टियों के बीच आपसी सहमति बन जाए। चिराग ने स्पष्ट किया कि इस बार यह सहमति नीतीश कुमार के नाम पर बन चुकी है और आगामी चुनाव उन्हीं की अगुवाई में लड़ा जाएगा।
चिराग पासवान ने यह बातें मंगलवार को न्यूज 18 से बातचीत के दौरान कही। दरअसल, हाल के दिनों में लोजपा (रामविलास) के कार्यकर्ताओं और नेताओं ने उन्हें मुख्यमंत्री पद का चेहरा घोषित करने की मांग उठाई थी। पटना की सड़कों पर चिराग पासवान को सीएम के तौर पर प्रोजेक्ट करने वाले पोस्टर भी लगाए गए थे, जिससे सियासी चर्चाएं गरमा गई थीं। इन सवालों पर प्रतिक्रिया देते हुए चिराग ने स्पष्ट कर दिया कि 2025 विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार केवल नीतीश कुमार होंगे और इस पद पर किसी तरह की 'वैकेंसी' मौजूद नहीं है।
लोजपा-रामविलास के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने आगे कहा कि जब उनकी पार्टी ने एनडीए में दोबारा प्रवेश किया था, उसी समय उन्हें मालूम था कि मुख्यमंत्री का चेहरा नीतीश कुमार ही होंगे। उन्होंने साफ किया कि इस समय उनकी व्यक्तिगत महत्वाकांक्षा मुख्यमंत्री बनने की नहीं है। फिलहाल उनका पूरा ध्यान "बिहार फर्स्ट, बिहारी फर्स्ट" के नारे को साकार करने और राज्य को विकास की नई ऊंचाइयों तक ले जाने पर केंद्रित है।
भविष्य की संभावनाओं पर बात करते हुए चिराग पासवान ने कहा कि उन्होंने अपनी पार्टी और खुद के लिए कई लक्ष्य निर्धारित किए हैं। लेकिन अभी इस पर चर्चा का समय नहीं है। उन्होंने कहा – "भविष्य का सवाल भविष्य पर ही छोड़ देना चाहिए। फिलहाल हम 2025 के विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुटे हैं, इसलिए इस समय आगे के चुनावों में मुख्यमंत्री पद की दावेदारी पर बात करना उचित नहीं होगा।"














