
पुलिस चाहे कितना ही कह ले लेकिन अभी भी गो तस्करी हो रही हैं जिसके मामले लगातार सामने आते रहते हैं। इससे जुड़ा एक मामला देवरिया जिले के भागलपुर कस्बे से सामने आया जहां पुलिस ने बुधवार की सुबह 18 गोवंशीय पशु लदा एक ट्रक पकड़ा हैं और दो तस्करों को भी गिरफ्तार किया गया हैं। यह कामयाबी चौकी के पुलिसकर्मियों को मुखबीर की सूचना पर मिली। इस बावत बरहज सीओ बरहज दिनेश सिंह यादव ने बताया कि दोनों पशु तस्करों के खिलाफ गोवध और पशु क्रूरता अधिनियम के तहत केस दर्ज कर जेल भेज दिया गया है। साथ ही आसपास के गोशाला में पशुओं को भेजने की बात चल रही है।
मईल थाना क्षेत्र के भागलपुर चौकी पुलिस को बुधवार की सुबह एक मुखबीर ने सूचना दी। उसने बताया कि भागलपुर पुल के रास्ते एक ट्रक में दर्जनों पशुओं को भरकर बिहार भेजा जा रहा है। मुखबिर की सूचना को गंभीरता से लेत हुए मईल पुलिस भागलपुर पुलिस चौकी पर वाहनों की सघन चेकिंग करना शुरू कर दी। इसी बीच तकरीबन साढ़े सात बजे बलिया के तरफ से एक तेज रफ्तार ट्रक आती दिखी। संदेह होने पर पुलिस ने ट्रक को रोकने का प्रयास किया तो पशु तस्कर ट्रक रोकने के बजाय और तेजी से लेकर निकलने लगा। एसओ शैलेंद्र कुमार चौकी प्रभारी अमित पांडेय, आदि ने तत्परता दिखाते हुए भाग रहे ट्रक को किसी तरह रोका। ट्रक में मौजूद तस्कर पुलिस को चकमा देकर भागने का प्रयास किए लेकिन सफलता नहीं मिली।
पुलिस ट्रक समेत दोनों पशु तस्करों को मईल थाने लाई। जहां ट्रक में 18 गोवंशीय बैल मिले। पूछताछ में इनकी पहचान जौनपुर जनपद के सरपतहा थाना क्षेत्र के गांव सुल्तानपुर घुघरी निवासी विनोद यादव व श्रावस्ती जनपद के मल्हीपुर थाना क्षेत्र के बदला चौराहा गांव निवासी मेराज अहमद के रूप में हुई। तस्करों ने बताया कि गोंडा जिले के विभिन्न गावों से व्यापारी के माध्यम से आवारा पशुओं को एकत्रित कर ट्रक से बलिया देवरिया के रास्ते बिहार होते हुए बंगाल ले जाया जा रहा था। इसके पूर्व भी इस तरह का काम कई बार किया जा चुका है।














