
श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को हुए भीषण आतंकी हमले के बाद प्रदेश में शोक और गुस्से का माहौल है। इस हमले में अब तक 26 निर्दोष लोगों की जान जा चुकी है, जबकि 17 अन्य घायल बताए जा रहे हैं। हमले की भयावहता को देखते हुए आज पूरे जम्मू-कश्मीर में स्कूल और कॉलेज बंद रखने का ऐलान किया गया है।
सभी सरकारी-प्राइवेट स्कूल बंद, यूनिवर्सिटी की पढ़ाई भी रुकी
जेएंडके प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन ने एक आपात बैठक कर सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि प्रदेश के सभी बोर्डों के सरकारी व निजी स्कूल आज बंद रहेंगे। वहीं जम्मू विश्वविद्यालय में भी शैक्षणिक गतिविधियों पर रोक लगा दी गई है। यूनिवर्सिटी में आज होने वाली सभी परीक्षाएं स्थगित कर दी गई हैं।
संस्था ने हमले को अमानवीय और क्रूर बताया और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है।
इमरजेंसी हेल्पलाइन जारी, पुलिस ने बनाए हेल्प डेस्क
हमले के बाद अनंतनाग पुलिस ने पर्यटकों के लिए 24x7 इमरजेंसी हेल्प डेस्क की स्थापना की है और कई हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं, ताकि पीड़ितों को मदद पहुंचाई जा सके।
लश्कर का नकाबपोश संगठन 'TRF' हमले का जिम्मेदार
इस निर्मम हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तान समर्थित आतंकी संगठन 'द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF)' ने ली है, जो लश्कर-ए-तैयबा का ही एक मुखौटा संगठन माना जाता है। इस घटना ने जम्मू-कश्मीर में पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है।
बर्बर हमले में 26 की मौत, पर्यटकों से धर्म पूछकर मारी गई गोली
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पहलगाम के बाइसारन मैदान में आतंकियों ने अचानक पर्यटकों पर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी। मृतकों में 25 पर्यटक और 1 स्थानीय नागरिक शामिल हैं, जिनमें भारतीय मूल के दो विदेशी नागरिक भी हैं। बताया जा रहा है कि आतंकवादी पर्यटकों से उनका धर्म पूछकर गोली मार रहे थे, जिससे देशभर में गहरा रोष है।














