न्यूज़
FIFA 2026 Yogi Adityanath Jyotish Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

चार बच्चे पहले ही बने डॉक्टर, क्या अब पांचवें के लिए खरीदा गया NEET पेपर? CBI की गिरफ्त में पूरा परिवार

नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले में CBI ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जयपुर के एक ही परिवार के तीन लोगों समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि परिवार के चार बच्चे पहले से डॉक्टर हैं और अब पांचवें के लिए कथित तौर पर NEET पेपर खरीदा गया।

Posts by : Jhanvi Gupta | Updated on: Thu, 14 May 2026 7:28:26

चार बच्चे पहले ही बने डॉक्टर, क्या अब पांचवें के लिए खरीदा गया NEET पेपर? CBI की गिरफ्त में पूरा परिवार

नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने अपनी जांच का दायरा तेजी से बढ़ाते हुए पहली बड़ी कार्रवाई की है। एजेंसी ने इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें जयपुर के एक ही परिवार के तीन सदस्य शामिल हैं। खास बात यह है कि राजस्थान पुलिस के स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप (SOG) से जांच अपने हाथ में लेने के महज 24 घंटे के भीतर सीबीआई ने यह बड़ा कदम उठाया, जिससे साफ संकेत मिल रहे हैं कि एजेंसी मामले की तह तक पहुंचने में पूरी ताकत लगा रही है।

एक ही परिवार के तीन लोग गिरफ्त में


सीबीआई की गिरफ्त में आए आरोपियों में जयपुर जिले के जमवा-रामगढ़ निवासी दिनेश बीवाल, उनके भाई मांगीलाल बीवाल और मांगीलाल का बेटा विकास बीवाल शामिल हैं। इनके अलावा गुरुग्राम निवासी यश यादव और महाराष्ट्र के नासिक का रहने वाला शुभम खैरनार भी गिरफ्तार किए गए हैं।

बुधवार को सभी आरोपियों को स्थानीय अदालत में पेश किया गया। इसके बाद सीबीआई दिनेश, मांगीलाल, विकास और यश यादव को आगे की पूछताछ के लिए नई दिल्ली ले गई। जांच एजेंसियों के अनुसार विकास बीवाल ने पिछले वर्ष भी नीट परीक्षा दी थी, लेकिन वह सफल नहीं हो पाया था। अधिकारियों को शक है कि इस बार भी उसकी तैयारी कमजोर थी, जिसके चलते कथित तौर पर पेपर हासिल करने की साजिश रची गई।

चार बच्चे पहले ही बन चुके हैं डॉक्टर

जांच में सामने आया है कि बीवाल परिवार पहले से ही मेडिकल शिक्षा से जुड़ा रहा है। परिवार के चार बच्चे पहले ही वर्ष 2025 में नीट परीक्षा पास कर चुके हैं और फिलहाल अलग-अलग मेडिकल कॉलेजों में पढ़ाई कर रहे हैं। अब परिवार का पांचवां बेटा भी मेडिकल कॉलेज में प्रवेश पा सके, इसके लिए कथित तौर पर पेपर खरीदने की कोशिश की गई।

सूत्रों के मुताबिक, परिवार का नाबालिग बेटा सीकर में रहकर नीट-यूजी 2026 की तैयारी कर रहा था। जांच एजेंसियों को आशंका है कि इसी छात्र तक प्रश्नपत्र पहुंचाने के लिए पूरा नेटवर्क सक्रिय हुआ।

26-27 अप्रैल के बीच हुई थी कथित डील

एसओजी की शुरुआती जांच में पता चला कि पेपर लीक की डील परीक्षा से पहले ही तय हो चुकी थी। अधिकारियों को शक है कि दिनेश बीवाल ने 26 और 27 अप्रैल के बीच यश यादव से संपर्क कर प्रश्नपत्र हासिल किया था।

इसके बाद 29 अप्रैल के आसपास दिनेश के सीकर जाने की जानकारी भी सामने आई है। जांचकर्ताओं का मानना है कि उसी दौरान उसने अपने बेटे को कथित पेपर सौंपा। इतना ही नहीं, एजेंसियों को यह भी संदेह है कि यह प्रश्नपत्र करीब 10 अन्य लोगों तक भी पहुंचाया गया।

अब सीबीआई यह पता लगाने में जुटी है कि क्या यह पेपर सीकर के कोचिंग नेटवर्क में और आगे फैलाया गया था। जांच इस दिशा में भी हो रही है कि कहीं नाबालिग छात्र ने अपने दोस्तों या अन्य अभ्यर्थियों के साथ इसे साझा तो नहीं किया।

वायरल ‘गेस पेपर’ ने खोली पोल

इस पूरे मामले का खुलासा सीकर के एक कोचिंग संस्थान के फैकल्टी सदस्य की सतर्कता से हुआ। उन्होंने परीक्षा से पहले व्हाट्सएप और टेलीग्राम ग्रुप्स में एक कथित ‘गेस पेपर’ वायरल होते देखा। शुरुआत में इसे सामान्य अनुमानित प्रश्नपत्र माना गया, लेकिन जब परीक्षा के बाद उसमें शामिल कई सवाल असली नीट पेपर से मेल खाते पाए गए, तो मामला गंभीर हो गया।

फैकल्टी सदस्य ने तुरंत इसकी जानकारी ईमेल के जरिए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को भेजी। 8 मई को यह सूचना जयपुर स्थित एसओजी मुख्यालय तक पहुंची। इसके बाद एसओजी की टीमें उसी दिन सीकर रवाना हुईं और वहां छात्रों, कोचिंग से जुड़े लोगों तथा संदिग्धों से गुप्त रूप से पूछताछ शुरू की गई।

इसी शुरुआती जांच के दौरान ‘आरके कंसल्टेंसी’ नाम की एक फर्म का नाम सामने आया। इस फर्म को चलाने वाले राकेश मंडावरिया को 8 मई को हिरासत में लिया गया था। माना जा रहा है कि पूछताछ के दौरान मिले सुरागों ने जांच को बीवाल परिवार और अन्य आरोपियों तक पहुंचाया।

सरकार और प्रशासन की भूमिका पर सवाल

पेपर लीक मामले में राजस्थान सरकार और संबंधित अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठने लगे हैं। सूत्रों के मुताबिक, एसओजी को 8 से 10 मई के बीच वायरल कंटेंट और असली नीट प्रश्नपत्र में कई समानताएं दिखाई दे गई थीं। इसके बावजूद तत्काल कोई बड़ा अलर्ट जारी नहीं किया गया और न ही उसी समय एफआईआर दर्ज की गई।

आलोचकों का कहना है कि यदि शुरुआती स्तर पर तेजी दिखाई जाती, तो शायद नेटवर्क को और पहले पकड़ा जा सकता था। इस बीच मामला सोशल मीडिया और सार्वजनिक मंचों पर तेजी से चर्चा में आने लगा, लेकिन तब तक राज्य सरकार केंद्र सरकार द्वारा जांच सीबीआई को सौंपने और एनटीए की प्रतिक्रिया का इंतजार करती रही।

अब सीबीआई पूरे नेटवर्क की परतें खोलने में जुटी है। एजेंसी यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि पेपर लीक का दायरा केवल कुछ छात्रों तक सीमित था या इसके पीछे कोई बड़ा संगठित रैकेट काम कर रहा था।

राज्य
View More

Shorts see more

UPI PIN कैसे बदलें? जानें आसान तरीका और कब करना चाहिए PIN रीसेट

UPI PIN कैसे बदलें? जानें आसान तरीका और कब करना चाहिए PIN रीसेट

  • UPI से पैसे भेजना आसान है, इसलिए इसकी सुरक्षा के लिए PIN का ध्यान रखना जरूरी है।
  • समय-समय पर UPI PIN बदलने से ऑनलाइन फ्रॉड का खतरा कम होता है।
  • PIN भूलने पर डेबिट कार्ड और OTP से आसानी से रीसेट किया जा सकता है।
read more

ताजा खबरें
View More

छाती पर पैर रखकर तोड़ीं पसलियां, केरल में 18 महीने के मासूम संग मां और प्रेमी की हैवानियत
छाती पर पैर रखकर तोड़ीं पसलियां, केरल में 18 महीने के मासूम संग मां और प्रेमी की हैवानियत
TMC में बड़ी टूट की आशंका, 59 विधायकों के समर्थन का दावा लेकर बागी नेता विधानसभा पहुंचे, अलग गुट बनाने की तैयारी तेज
TMC में बड़ी टूट की आशंका, 59 विधायकों के समर्थन का दावा लेकर बागी नेता विधानसभा पहुंचे, अलग गुट बनाने की तैयारी तेज
दिल्ली: रेस्टोरेंट में भयानक आग, 18 लोगों की मौत, मृतकों में अधिकतर दक्षिण अफ्रीकी नागरिक
दिल्ली: रेस्टोरेंट में भयानक आग, 18 लोगों की मौत, मृतकों में अधिकतर दक्षिण अफ्रीकी नागरिक
पटना में कोचिंग सेंटर पर हिंसा के बाद पुलिस की सख्त कार्रवाई, अब तक 3 हिरासत में; खान सर ने सरकार और पुलिस की खुलकर सराहना की
पटना में कोचिंग सेंटर पर हिंसा के बाद पुलिस की सख्त कार्रवाई, अब तक 3 हिरासत में; खान सर ने सरकार और पुलिस की खुलकर सराहना की
दिल्ली: एक ही सीढ़ी से मची अफरा-तफरी, तीसरी मंजिल से कूदे लोग, 20 की मौत, BJP विधायक बोले—स्थानीय लोगों ने बचाई जान
दिल्ली: एक ही सीढ़ी से मची अफरा-तफरी, तीसरी मंजिल से कूदे लोग, 20 की मौत, BJP विधायक बोले—स्थानीय लोगों ने बचाई जान
अन्नामलाई के इस्तीफे से भाजपा में मचा सियासी भूचाल, पूर्व IPS को एयरपोर्ट से लौटाया गया वापस, मनाने की कोशिशें तेज
अन्नामलाई के इस्तीफे से भाजपा में मचा सियासी भूचाल, पूर्व IPS को एयरपोर्ट से लौटाया गया वापस, मनाने की कोशिशें तेज
RBI ने नहीं बेचा स्वर्ण भंडार! विदेशी मुद्रा भंडार बचाने के लिए गोल्ड बिक्री की खबरों पर सरकार ने किया बड़ा खुलासा
RBI ने नहीं बेचा स्वर्ण भंडार! विदेशी मुद्रा भंडार बचाने के लिए गोल्ड बिक्री की खबरों पर सरकार ने किया बड़ा खुलासा
11 जून से पुष्य नक्षत्र में प्रवेश करेंगे शुक्र, 4 राशियों के लिए खुलेंगे धन लाभ और नौकरी के नए रास्ते
11 जून से पुष्य नक्षत्र में प्रवेश करेंगे शुक्र, 4 राशियों के लिए खुलेंगे धन लाभ और नौकरी के नए रास्ते
डॉन 3 विवाद में रणवीर सिंह का पलटवार, FWICE को भेजा कानूनी नोटिस
डॉन 3 विवाद में रणवीर सिंह का पलटवार, FWICE को भेजा कानूनी नोटिस
बॉक्स ऑफिस पर कायम है 'करुप्पू' का दबदबा, 19वें दिन भी जारी रही कमाई, 200 करोड़ क्लब से बस कुछ कदम दूर
बॉक्स ऑफिस पर कायम है 'करुप्पू' का दबदबा, 19वें दिन भी जारी रही कमाई, 200 करोड़ क्लब से बस कुछ कदम दूर
'दृश्यम 3' का बॉक्स ऑफिस पर शानदार सफर जारी, 13वें दिन पार किया 100 करोड़ का आंकड़ा
'दृश्यम 3' का बॉक्स ऑफिस पर शानदार सफर जारी, 13वें दिन पार किया 100 करोड़ का आंकड़ा
बॉक्स ऑफिस पर 'ब्लास्ट' का धमाका जारी, अर्जुन सरजा की फिल्म ने मंगलवार को भी दिखाई ताकत
बॉक्स ऑफिस पर 'ब्लास्ट' का धमाका जारी, अर्जुन सरजा की फिल्म ने मंगलवार को भी दिखाई ताकत
'जैसे-जैसे कद बढ़ता है, विरोधी भी बढ़ते हैं', रणवीर सिंह विवाद पर कंगना रनौत का रिएक्शन
'जैसे-जैसे कद बढ़ता है, विरोधी भी बढ़ते हैं', रणवीर सिंह विवाद पर कंगना रनौत का रिएक्शन
फिल्मी दुनिया से थोड़ा दूर होना मेरे लिए जरूरी था', 'भारत भाग्य विधाता' से पहले कंगना रनौत का खुलासा
फिल्मी दुनिया से थोड़ा दूर होना मेरे लिए जरूरी था', 'भारत भाग्य विधाता' से पहले कंगना रनौत का खुलासा