
मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच देश में एलपीजी और तेल की उपलब्धता को लेकर लोगों में चिंता बढ़ गई है। हालांकि सरकार ने स्पष्ट किया है कि देश में ऊर्जा आपूर्ति पूरी तरह सुरक्षित है और जनता को घबराने की कोई वजह नहीं है। पेट्रोल और गैस की सप्लाई निरंतर बनी हुई है, और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।
40 देशों से तेल की सप्लाई, एक क्षेत्र पर निर्भर नहीं
पेट्रोलियम मंत्रालय की ज्वॉइंट सेक्रेटरी (मार्केटिंग और ऑयल रिफाइनरी) सुजाता शर्मा ने बुधवार को प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि भारत अपनी जरूरत का कच्चा तेल लगभग 40 अलग-अलग देशों से आयात करता है। इससे सप्लाई किसी एक क्षेत्र पर निर्भर नहीं रहती और देश की ऊर्जा सुरक्षा मजबूत रहती है। भारत में कुल कच्चे तेल की खपत लगभग 189 मिलियन मीट्रिक टन है और रोजाना करीब 55 लाख बैरल तेल की जरूरत पड़ती है। हालात के बावजूद तेल की निरंतर आपूर्ति जारी है और हाल ही में दो कच्चे तेल के कार्गो भी भारत के लिए रवाना हो चुके हैं।
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर निर्भरता घटाई
सुजाता शर्मा ने यह भी बताया कि भारत ने ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए सप्लाई के कई वैकल्पिक मार्ग बनाए हैं। वर्तमान में लगभग 70 प्रतिशत कच्चा तेल स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के अलावा अन्य मार्गों से भारत पहुँच रहा है। इससे क्षेत्रीय तनाव का असर भारतीय ऊर्जा आपूर्ति पर काफी कम पड़ता है। उन्होंने यह भी कहा कि घरेलू PNG और वाहनों में इस्तेमाल होने वाली CNG की सप्लाई सामान्य है। कुछ वैश्विक परिस्थितियों का असर जरूर पड़ा है, लेकिन जरूरी सेवाओं में व्यवधान नहीं आने दिया जा रहा।
#WATCH | Delhi | Sujata Sharma, Joint Secretary (Marketing & Oil Refinery), Ministry of Petroleum & Natural Gas, GoI, says, "Currently, LPG is being directed to the domestic sector. For non-domestic LPG, priority is being given to essential sectors such as hospitals and… pic.twitter.com/3CcESHr2Gz
— ANI (@ANI) March 11, 2026
LPG सिलेंडर ढाई दिन में मिलेगा
सुजाता शर्मा ने लोगों को आश्वस्त करते हुए कहा कि एलपीजी सिलेंडर के लिए घबराने की कोई जरूरत नहीं है। बुकिंग के बाद लगभग ढाई दिन के भीतर सिलेंडर डिलीवरी सुनिश्चित की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि यह समय दुनिया भर के लिए चुनौतीपूर्ण है, लेकिन भारत में ऊर्जा आपूर्ति की स्थिति फिलहाल स्थिर और नियंत्रण में है।
होर्मुज में भारतीय जहाजों की स्थिति
हाल के आंकड़ों के अनुसार, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज क्षेत्र में वर्तमान में भारत के कुल 28 जहाज तैनात हैं। इनमें से 24 जहाज पश्चिमी हिस्से में हैं, जिन पर कुल 677 भारतीय नाविक कार्यरत हैं। जबकि 4 जहाज पूर्वी हिस्से में मौजूद हैं, जिन पर 11 भारतीय नाविक तैनात हैं।













