बड़े बजट की बहुप्रतीक्षित फिल्म 'रामायण: भाग एक' की रिलीज से पहले ही विवाद की आहट सुनाई देने लगी है। श्री रामलीला महासंघ ने फिल्म के निर्माता-निर्देशक से मांग की है कि इसे सिनेमाघरों में प्रदर्शित किए जाने से पहले महासंघ के प्रतिनिधिमंडल को विशेष प्रदर्शन के माध्यम से दिखाया जाए। महासंघ का कहना है कि यदि फिल्म में ऐसी कोई सामग्री हुई, जिससे सनातन समाज की धार्मिक भावनाएं आहत होने की आशंका हो, तो उसे पहले ही हटाया जाना चाहिए।
निर्माता-निर्देशक को भेजा गया पत्र
श्री रामलीला महासंघ के अध्यक्ष अर्जुन कुमार ने निर्देशक नितेश तिवारी और फिल्म निर्माण कंपनी को एक औपचारिक पत्र भेजकर यह मांग रखी है। पत्र में कहा गया है कि फिल्म इस वर्ष दीपावली के अवसर पर भारत और विदेशों में प्रदर्शित होने वाली है, इसलिए रिलीज से पहले महासंघ के प्रतिनिधियों के लिए इसका विशेष प्रदर्शन आयोजित किया जाए।
महासंघ का कहना है कि उनका उद्देश्य किसी फिल्म का विरोध करना नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना है कि भगवान राम और रामायण से जुड़े प्रसंगों को धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं के अनुरूप प्रस्तुत किया जाए।
'आदिपुरुष' विवाद का दिया हवाला
अपने पत्र में महासंघ ने पहले प्रदर्शित हुई फिल्म 'आदिपुरुष' का भी उल्लेख किया है। संगठन का कहना है कि उस फिल्म के कई दृश्य और संवाद सनातन परंपराओं से मेल नहीं खाते थे, जिसके कारण देशभर में व्यापक विरोध देखने को मिला था।
महासंघ ने विशेष रूप से इस बात का उल्लेख किया कि फिल्म में लंका को स्वर्ण नगरी के बजाय काले रंग में दिखाया गया था। इसके अलावा रावण और उसकी सेना के चित्रण पर भी कई धार्मिक संगठनों और रामलीला से जुड़े लोगों ने आपत्ति जताई थी। संगठन का मानना है कि इन विवादों का असर फिल्म के प्रदर्शन पर भी पड़ा था।
नई फिल्म को लेकर भी जताई आशंका
श्री रामलीला महासंघ का कहना है कि उन्हें ऐसी सूचनाएं मिली हैं कि 'रामायण: भाग एक' में भी कुछ ऐसे दृश्य या संवाद हो सकते हैं, जिनसे भारत और विदेशों में रहने वाले हिंदुओं की धार्मिक भावनाएं प्रभावित हो सकती हैं। इसी कारण संगठन चाहता है कि फिल्म की पहले समीक्षा की जाए और यदि कोई आपत्तिजनक सामग्री मिले तो उसे रिलीज से पहले हटा दिया जाए।
महासंघ का कहना है कि इससे अनावश्यक विवादों से बचा जा सकेगा और फिल्म भी बिना किसी विरोध के दर्शकों तक पहुंच सकेगी।
मांग नहीं मानी तो आंदोलन की चेतावनी
महासंघ ने अपने पत्र में यह भी कहा है कि यदि उनकी मांग पर ध्यान नहीं दिया गया तो दिल्ली सहित देश के विभिन्न राज्यों में सिनेमाघरों के बाहर विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे। संगठन का दावा है कि इस विरोध में कई अन्य हिंदू संगठन भी शामिल हो सकते हैं।
हालांकि, फिल्म के निर्माता या निर्माण कंपनी की ओर से इस मांग पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
दीपावली पर रिलीज होगी फिल्म
नितेश तिवारी के निर्देशन में
बन रही 'रामायण: भाग एक' वर्ष 2026 की दीपावली पर सिनेमाघरों में रिलीज
होने वाली है। फिल्म में रणबीर कपूर भगवान श्रीराम, साई पल्लवी माता सीता
और यश रावण की भूमिका निभा रहे हैं। फिल्म के संगीत की जिम्मेदारी
अंतरराष्ट्रीय संगीतकार हांस जिमर और ए. आर. रहमान ने संभाली है।
फिल्म
में भगवान हनुमान की भूमिका निभा रहे सनी देओल का लुक अभी तक सार्वजनिक
नहीं किया गया है। वहीं, फिल्म का दूसरा भाग दीपावली 2027 में रिलीज किए
जाने की योजना है।
धार्मिक प्रस्तुतियों पर बढ़ी संवेदनशीलता
हाल
के वर्षों में धार्मिक और पौराणिक कथाओं पर आधारित फिल्मों को लेकर
दर्शकों की संवेदनशीलता बढ़ी है। ऐसे में निर्माता-निर्देशक भी इन विषयों
को अधिक सावधानी के साथ प्रस्तुत करने की कोशिश कर रहे हैं। श्री रामलीला
महासंघ की यह मांग भी इसी पृष्ठभूमि में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।













