
गणेश चतुर्थी का दिन गणपति बप्पा को समर्पित होता हैं जो कि गणेश जन्मोत्सव के रुप में आयोजित किया जाता हैं। इस दिन हर तरफ गणपति बप्पा की जय-जयकार सुनाई देती हैं। घर में गणपति की स्थापना कर महोत्सव मनाया जाता हैं और पूजन किया जाता हैं। आज इस कड़ी में हम आपके लिए गणपति बप्पा से जुड़ी कुछ रोचक बातें लेकर आए हैं जिनसे आपको भी फायदा होगा। तो आइये जानते हैं इनके बारे में।
- गणेश जी का वाहन चूहा है, लेकिन क्या आपको पता है कि वह एक राक्षस था जिसको गणेश जी ने चूहा बना दिया था। तब उसके प्रार्थना करने पर गणेश जी ने उसे अपना वाहन बना लिया, तब से गणेश जी को मूषकराज कहा जाता है।
- लिखने में गणेश जी को विशेष दक्षता हासिल है, इसलिए जब महाभारत लिखने के लिए ऋषि वेदव्यास जी को किसी ऐसे व्यक्ति की आवश्यकता पड़ी जो बिना रुके पूरी महाभारत की गाथा एकबार में लिख सके, तब गणेश जी ने महाभारत लिखी।

- एकमात्र गणेश जी ही ऐसे देवता है, जिनकी पूजा में दूर्वा का प्रयोग किया जाता है। कहा जाता है कि एक राक्षस था जिसका नाम अगलासुर था। वह ऋषि मुनियों को जीवित ही निगल जाता था। गणेश जी ने उस राक्षस का अंत करने के लिए उसे निगल लिया था। तब उनके पेट की जलन के शांत करने के लिए कश्यप ऋषि में दूर्वा दी थी। जिसके कारण गणेश जी को दूर्वा चढ़ाई जाती है।
- गणेश जी को लाल और सिंदूरी रंग प्रिय है, जिसके कारण उन्हें लाल रंग के फूल अर्पित करने से वे प्रसन्न हो जाते हैं। गणेश जी को पूर्व दिशा पसंद है।
- गणेश जी के दर्शन सदैव सामने की ओर से करने चाहिए, कहा जाता है कि इनके पीछे की तरफ दरिद्रता निवास करती है, इसलिए पीठ की तरफ से गणेश जी के दर्शन नहीं करने चाहिए।














