न्यूज़
FIFA 2026 Yogi Adityanath Jyotish Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

अमेरिका में छह साल बाद फिर बंद हुआ सरकारी कामकाज, फंडिंग बिल पास नहीं करा पाए ट्रंप, बड़े पैमाने पर छंटनी की आशंका

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की अगुवाई वाली सरकार जरूरी फंडिंग बिल को पारित कराने में नाकाम रही, जिसके चलते मंगलवार रात 12:01 बजे से आधिकारिक तौर पर शटडाउन शुरू हो गया। यह अमेरिका के इतिहास का 15वां शटडाउन है और इसके चलते सैकड़ों सरकारी एजेंसियों में कामकाज पूरी तरह से रुक गया है।

Posts by : Rajesh Bhagtani | Updated on: Wed, 01 Oct 2025 11:38:00

अमेरिका में छह साल बाद फिर बंद हुआ सरकारी कामकाज, फंडिंग बिल पास नहीं करा पाए ट्रंप, बड़े पैमाने पर छंटनी की आशंका

वॉशिंगटन। अमेरिका में एक बार फिर राजनीतिक गतिरोध के चलते सरकार का कामकाज ठप हो गया है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की अगुवाई वाली सरकार जरूरी फंडिंग बिल को पारित कराने में नाकाम रही, जिसके चलते मंगलवार रात 12:01 बजे से आधिकारिक तौर पर शटडाउन शुरू हो गया। यह अमेरिका के इतिहास का 15वां शटडाउन है और इसके चलते सैकड़ों सरकारी एजेंसियों में कामकाज पूरी तरह से रुक गया है।

राष्ट्रपति ट्रंप को यह बिल पारित कराने के लिए सीनेट में 60 वोटों की ज़रूरत थी, लेकिन उनके पास आवश्यक समर्थन नहीं था। भले ही रिपब्लिकन पार्टी के पास सीनेट और हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स दोनों में बहुमत है, लेकिन इस विशेष विधेयक के लिए उन्हें डेमोक्रेटिक पार्टी के कुछ सदस्यों का समर्थन भी चाहिए था — जो नहीं मिल सका।

डेमोक्रेट नेताओं ने सोमवार को ट्रंप से मुलाकात की थी, लेकिन बातचीत का कोई सकारात्मक परिणाम नहीं निकला। इस बैठक के कुछ घंटों बाद, ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक AI-जनरेटेड वीडियो पोस्ट किया जिसमें उन्होंने सीनेट के अल्पसंख्यक नेता चक शूमर और प्रतिनिधि सभा में डेमोक्रेटिक नेता हकीम जेफ्रीज का मज़ाक उड़ाया। यह कदम राजनीतिक माहौल को और तनावपूर्ण बना गया।

इसके बाद मंगलवार को ट्रंप ने बयान जारी कर डेमोक्रेट्स पर कड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा, "मैंने उन्हें एक बार भी झुकते नहीं देखा। अगर सरकार बंद होती है, तो हम लोगों को नौकरी से निकालेंगे। बहुत से लोगों की छंटनी की जाएगी।" उनकी यह टिप्पणी सरकारी कर्मचारियों में दहशत फैलाने वाली रही, खासकर तब जब पहले से ही 1.5 लाख कर्मचारी स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति योजना के तहत बाहर जा रहे हैं।

स्वास्थ्य सेवाएं बनीं टकराव की वजह


इस बार शटडाउन के पीछे सबसे बड़ी वजह हेल्थकेयर बजट में कटौती है। डेमोक्रेट पार्टी ने राष्ट्रपति ट्रंप के उस "बिग ब्यूटीफुल बिल" का विरोध किया है जिसमें स्वास्थ्य सेवाओं में कटौती की गई थी। डेमोक्रेट्स चाहते हैं कि यह कटौती वापस ली जाए, खासकर उन सब्सिडी को लेकर जो साल के अंत में खत्म हो रही हैं। उनका कहना है कि इससे लाखों अमेरिकियों की बीमा योजनाएं प्रभावित होंगी।

रिपब्लिकन पार्टी ने डेमोक्रेट्स की इन मांगों को मानने से इनकार कर दिया और केवल 21 नवंबर तक के लिए अल्पकालिक फंडिंग बिल पेश किया, ताकि सरकार कुछ समय और चलाई जा सके। लेकिन विपक्ष ने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया।

जरूरी सेवाएं चलेंगी, लेकिन बाकी पर ताला

शटडाउन के दौरान केवल आवश्यक सेवाएं ही जारी रहेंगी। इनमें सीमा सुरक्षा, कानून प्रवर्तन, और हवाई यातायात नियंत्रण जैसी सेवाएं शामिल हैं। लेकिन बड़ी संख्या में सरकारी कर्मचारी फर्लो (अनिवार्य अवकाश) पर भेज दिए जाएंगे, और उन्हें तब तक वेतन नहीं मिलेगा जब तक सरकार दोबारा चालू नहीं हो जाती।

इसके अलावा जिन सेवाओं पर असर पड़ेगा, उनमें शामिल हैं:

—फूड असिस्टेंस प्रोग्राम (खाद्य सहायता योजनाएं)

—सरकारी फंड से चलने वाले प्री-स्कूल (जैसे Head Start)

—खाद्य और औषधि निरीक्षक

—राष्ट्रीय उद्यान और स्मारक स्थल, जो या तो बंद हो सकते हैं या सीमित स्टाफ के साथ संचालित होंगे

अगर यह स्थिति लंबे समय तक बनी रहती है, तो हवाई यात्रा भी प्रभावित होगी। कई कर्मचारी वेतन के बिना ड्यूटी करने से इनकार कर सकते हैं, जिससे उड़ानों में देरी और रद्द होने जैसी समस्याएं उत्पन्न होंगी।

इतिहास दोहरा रहा है खुद को

यह पहला मौका नहीं है जब ट्रंप के कार्यकाल में शटडाउन हुआ हो। उनके पहले कार्यकाल में 2018-19 के दौरान 35 दिनों तक अमेरिका का सबसे लंबा शटडाउन चला था, जिसका कारण था बॉर्डर वॉल के लिए बजट को लेकर विरोध।

इस बार भी कारण वही है — सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच सख्त टकराव और समझौते की कमी। एक ओर ट्रंप प्रशासन स्वास्थ्य सेवाओं में कटौती को जरूरी बता रहा है, वहीं डेमोक्रेट्स इसे आम जनता के हितों के खिलाफ मान रहे हैं।

कोई समाधान नहीं दिख रहा

फिलहाल रिपब्लिकन और डेमोक्रेट्स के बीच समझौते की कोई संभावना नजर नहीं आ रही है। सीनेट में रिपब्लिकन नेता जॉन थ्यून ने कहा कि सप्ताह के अंत में फिर से प्रयास किया जाएगा, लेकिन दोनों पक्षों के रुख से कोई नरमी के संकेत नहीं मिल रहे।

इस शटडाउन से पहले का फंडिंग बिल 21 नवंबर तक सरकार चलाने के लिए था, जिसे डेमोक्रेट्स ने इस आधार पर खारिज कर दिया कि इसमें हेल्थ सब्सिडी को लेकर कोई प्रावधान नहीं है। सरकार का कुल बजट करीब 7 ट्रिलियन डॉलर है, जिसमें से 1.7 ट्रिलियन डॉलर की राशि ही विवादित है। बाकी का बजट स्वास्थ्य सेवाओं, पेंशन और कर्ज पर ब्याज जैसे मदों में पहले से तय है।

राज्य
View More

Shorts see more

UPI PIN कैसे बदलें? जानें आसान तरीका और कब करना चाहिए PIN रीसेट

UPI PIN कैसे बदलें? जानें आसान तरीका और कब करना चाहिए PIN रीसेट

  • UPI से पैसे भेजना आसान है, इसलिए इसकी सुरक्षा के लिए PIN का ध्यान रखना जरूरी है।
  • समय-समय पर UPI PIN बदलने से ऑनलाइन फ्रॉड का खतरा कम होता है।
  • PIN भूलने पर डेबिट कार्ड और OTP से आसानी से रीसेट किया जा सकता है।
read more

ताजा खबरें
View More

जगन्नाथ रथ यात्रा के पहले दिन मची अफरा-तफरी, भगदड़ में एक श्रद्धालु की मौत, 200 से ज्यादा घायल
जगन्नाथ रथ यात्रा के पहले दिन मची अफरा-तफरी, भगदड़ में एक श्रद्धालु की मौत, 200 से ज्यादा घायल
मानसून सत्र से पहले कांग्रेस ने बनाई रणनीति, परिसीमन बिल का विरोध करने का किया ऐलान
मानसून सत्र से पहले कांग्रेस ने बनाई रणनीति, परिसीमन बिल का विरोध करने का किया ऐलान
कोयल मल्लिक के इस्तीफे पर ममता का सख्त संदेश, 'जिसे जाना है, 21 जुलाई से पहले चला जाए'
कोयल मल्लिक के इस्तीफे पर ममता का सख्त संदेश, 'जिसे जाना है, 21 जुलाई से पहले चला जाए'
CJP के मंच से केजरीवाल की नई मांग, 'सोनम वांगचुक को बनाया जाए देश का शिक्षा मंत्री'
CJP के मंच से केजरीवाल की नई मांग, 'सोनम वांगचुक को बनाया जाए देश का शिक्षा मंत्री'
अब गैस सिलेंडर के लिए नहीं करना होगा लंबा इंतजार! Instamart और HPCL की नई सेवा से 10 मिनट में होगी डिलीवरी, जानें पूरा प्रोसेस
अब गैस सिलेंडर के लिए नहीं करना होगा लंबा इंतजार! Instamart और HPCL की नई सेवा से 10 मिनट में होगी डिलीवरी, जानें पूरा प्रोसेस
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला: टिन्नू यादव और मनीष को अब तक पुलिस रिमांड पर क्यों नहीं लिया गया?
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला: टिन्नू यादव और मनीष को अब तक पुलिस रिमांड पर क्यों नहीं लिया गया?
अब शादी भी 'ट्रायल पीरियड' पर? 5 साल में खत्म हो सकता है रिश्ता, जानिए क्या है 'स्टार्टर मैरिज'
अब शादी भी 'ट्रायल पीरियड' पर? 5 साल में खत्म हो सकता है रिश्ता, जानिए क्या है 'स्टार्टर मैरिज'
कांग्रेस ने वांगचुक से की अनशन खत्म करने की अपील, कहा- डेढ़ महीने से हम भी...
कांग्रेस ने वांगचुक से की अनशन खत्म करने की अपील, कहा- डेढ़ महीने से हम भी...
सोनम वांगचुक के आंदोलन को लेकर मनोज तिवारी का बड़ा बयान, केजरीवाल पर भी साधा निशाना
सोनम वांगचुक के आंदोलन को लेकर मनोज तिवारी का बड़ा बयान, केजरीवाल पर भी साधा निशाना
‘अब और नहीं देखा जा रहा…’ सोनाक्षी सिन्हा ने सोनम वांगचुक के समर्थन में उठाई आवाज, फातिमा सना शेख ने भी सरकार से की अपील
‘अब और नहीं देखा जा रहा…’ सोनाक्षी सिन्हा ने सोनम वांगचुक के समर्थन में उठाई आवाज, फातिमा सना शेख ने भी सरकार से की अपील
केतन अग्रवाल हत्याकांड: सिया गोयल के परिवार को बड़ा झटका, दुकान बंद करने का नोटिस जारी
केतन अग्रवाल हत्याकांड: सिया गोयल के परिवार को बड़ा झटका, दुकान बंद करने का नोटिस जारी
सावन में प्याज और दही खाने से क्यों परहेज किया जाता है? जानिए धार्मिक मान्यता, आयुर्वेद और वैज्ञानिक नजरिया
सावन में प्याज और दही खाने से क्यों परहेज किया जाता है? जानिए धार्मिक मान्यता, आयुर्वेद और वैज्ञानिक नजरिया
जन सुराज को लगातार झटके, केसी सिन्हा के बाद चेतना झांब भी भाजपा में शामिल; प्रशांत किशोर की बढ़ीं मुश्किलें
जन सुराज को लगातार झटके, केसी सिन्हा के बाद चेतना झांब भी भाजपा में शामिल; प्रशांत किशोर की बढ़ीं मुश्किलें
सफेद बालों और हेयरफॉल से हैं परेशान? दही में मिलाकर लगाएं ये नेचुरल हेयर पैक
सफेद बालों और हेयरफॉल से हैं परेशान? दही में मिलाकर लगाएं ये नेचुरल हेयर पैक