
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर से दुनिया भर के व्यापारिक समीकरणों को हिला दिया है। इस बार उन्होंने भारत समेत 96 देशों पर नए आयात शुल्क (टैरिफ) लगाने का फैसला लिया है, जो 7 अगस्त 2025 से लागू होगा। ‘न्यूयॉर्क टाइम्स’ की एक रिपोर्ट के अनुसार, इस फैसले का सबसे गहरा प्रभाव ब्राजील पर पड़ने की संभावना है, जिस पर 50 प्रतिशत का भारी टैरिफ लागू करने की बात हो रही है। वहीं, व्हाइट हाउस ने 31 जुलाई को जारी एक नए आदेश में स्पष्ट किया कि सीरिया इस नए टैरिफ सिस्टम से सबसे अधिक प्रभावित होगा। सीरिया पर 41 प्रतिशत का टैरिफ लगाया गया है, जो उसे सीधे आर्थिक झटके देने वाला कदम माना जा रहा है।
भारत-पाकिस्तान भी टैरिफ की चपेट में
डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर 25 प्रतिशत और पाकिस्तान पर 19 प्रतिशत का टैरिफ लागू करने की घोषणा की है। व्हाइट हाउस की आधिकारिक वेबसाइट पर इस टैरिफ नीति से जुड़ी पूरी जानकारी साझा की गई है। जिन देशों पर सबसे ज्यादा टैरिफ लगाया गया है, उनमें सीरिया (41%), लाओस (40%), म्यांमार (40%), और स्विट्जरलैंड (39%) शामिल हैं। इसके अलावा, इराक को भी टॉप 10 प्रभावित देशों में गिना जा रहा है, जहां 35 प्रतिशत टैरिफ लागू किया गया है।
टैरिफ लागू होने की तारीख बढ़ी
हालांकि शुरुआत में ट्रंप प्रशासन ने इस नई टैरिफ नीति को 1 अगस्त से लागू करने की बात कही थी, लेकिन अब इस नीति को एक सप्ताह की मोहलत दी गई है। यानी भारत और पाकिस्तान सहित बाकी देशों को थोड़ी राहत मिल गई है। जानकारों के अनुसार, अमेरिका और भारत के बीच ट्रेड डील अभी पूरी तरह से अंतिम रूप नहीं ले पाई है। ट्रंप इस टैरिफ के जरिए भारत पर दबाव बनाना चाहते हैं ताकि वह कृषि और डेयरी सेक्टर को शामिल करते हुए जल्द समझौते पर दस्तखत कर दे। फिलहाल भारत इस पर सहमत नहीं है।
अन्य देशों पर भी भारी शुल्क
डोनाल्ड ट्रंप ने दक्षिण अफ्रीका और अल्जीरिया पर 30 प्रतिशत, बांग्लादेश पर 20 प्रतिशत, कंबोडिया और कोस्टा रिका पर क्रमशः 19 प्रतिशत और 15 प्रतिशत का टैरिफ लागू किया है। घाना पर भी 15 प्रतिशत शुल्क लगाया गया है। उधर, अमेरिका और चीन के बीच भी एक अहम व्यापार समझौता आकार ले रहा है, लेकिन वहां अभी टैरिफ को लेकर अंतिम जानकारी सामने नहीं आई है।
ट्रंप की टैरिफ नीति से सर्वाधिक प्रभावित 10 देश:
सीरिया – 41%
लाओस – 40%
म्यांमार – 40%
स्विट्जरलैंड – 39%
इराक – 35%
सर्बिया – 35%
अल्जीरिया – 30%
बोस्निया एंड हर्जेगोविना – 30%
लीबिया – 30%
दक्षिण अफ्रीका – 30%














