
ऐपल के सीईओ टिम कुक ने एक अहम जानकारी साझा करते हुए बताया कि अमेरिका में बेचे जा रहे अधिकतर iPhones अब भारत में बनाए जा रहे हैं। भारत में iPhone निर्माण को लेकर कई महीनों से अटकलें थीं, जिन्हें अब खुद कंपनी प्रमुख ने पुष्टि कर दी है। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, कुक ने बताया कि बीते वित्तीय तिमाही में अमेरिकी बाजार में बिके ज्यादातर iPhones भारत में मैन्युफैक्चर हुए हैं, जो इस बात का स्पष्ट संकेत है कि भारत अब iPhone निर्माण का एक मजबूत वैश्विक केंद्र बनता जा रहा है। 31 जुलाई को ऐपल के क्वार्टरली नतीजों के बाद, जब टिम कुक एनालिस्ट्स से बात कर रहे थे, तब उन्होंने साफ कहा कि "कंट्री ऑफ ओरिजिन" को लेकर कोई बदलाव नहीं हुआ है और अमेरिका में बिकने वाले ज्यादातर iPhones भारत में बनाए जा रहे हैं। कुक ने जोर देते हुए कहा कि अब भारत अमेरिका की iPhone सप्लाई चेन का अहम हिस्सा है, वहीं चीन की मैन्युफैक्चरिंग अब मुख्यतः अमेरिकी बाजार के बाहर के लिए केंद्रित है।
अन्य ऐपल डिवाइसेस के लिए वियतनाम प्रमुख निर्माण स्थल
टिम कुक ने यह भी स्पष्ट किया कि MacBook, iPad और Apple Watch जैसे डिवाइसेस के निर्माण में वियतनाम की भूमिका अहम हो गई है। उन्होंने बताया कि अमेरिका की ज़रूरतों को पूरा करने के लिए वियतनाम अब प्राथमिक मैन्युफैक्चरिंग बेस बन गया है, जबकि चीन अब अधिकतर इंटरनेशनल मार्केट्स की डिमांड को सपोर्ट कर रहा है। इस रणनीति से ऐपल की 'चीन-पार' उत्पादन नीति की झलक मिलती है, जो कंपनी के सप्लाई चेन को विविध और लचीला बनाने की दिशा में बड़ा कदम है।
भारत में बिक्री से ऐपल को मिल रही है जबरदस्त ग्रोथ
टिम कुक ने यह भी साझा किया कि भारत अब सिर्फ उत्पादन का केंद्र ही नहीं, बल्कि एक उभरता हुआ शक्तिशाली बाजार भी बन चुका है। उन्होंने कहा कि भारत में iPhone की बिक्री से रिकॉर्ड रेवेन्यू ग्रोथ की उम्मीद की जा रही है और हाल ही की तिमाही में भारत उन कुछ चुनिंदा देशों में से एक रहा, जहां ऐपल ने सबसे ज़्यादा कमाई दर्ज की। कंपनी भारत में लंबी अवधि के लिए निवेश और विस्तार की दिशा में गंभीर नजर आ रही है, जो आने वाले वर्षों में बाजार में उनके प्रभाव को और बढ़ा सकता है।
डोनाल्ड ट्रंप ने जताई नाराज़गी, भारत में मैन्युफैक्चरिंग से असहमत
इस बीच, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस ट्रेंड से खुश नजर नहीं आते।
मई 2025 में दोहा दौरे के दौरान ट्रंप ने स्पष्ट रूप से टिम कुक पर नाराजगी जताते हुए कहा था, "टिम, मैं तुम्हारे साथ हमेशा अच्छा व्यवहार करता रहा हूं, लेकिन अब सुन रहा हूं कि तुम अपना सारा उत्पादन भारत में करवा रहे हो? मुझे ये कतई मंजूर नहीं है।" ट्रंप का यह बयान अमेरिकी उद्योग नीति और स्थानीय निर्माण को प्राथमिकता देने की उनकी सोच को दर्शाता है।
भारत से आयात पर टैरिफ की चेतावनी
ट्रंप यहीं नहीं रुके। बीते सप्ताह उन्होंने भारत से होने वाले आयात पर 25% टैरिफ लगाने की घोषणा की, जो दोनों देशों के व्यापारिक संबंधों पर असर डाल सकता है। हालांकि अभी के लिए स्मार्टफोन्स, कंप्यूटर और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों को इस टैरिफ से छूट मिली है, लेकिन विशेषज्ञों की मानें तो यह राहत अस्थायी हो सकती है, और भविष्य में भारत से आयात पर लागत बढ़ सकती है।
भारत: ऐपल की वैश्विक रणनीति का अहम खिलाड़ी
मैन्युफैक्चरिंग, बिक्री और बाज़ार – तीनों मोर्चों पर भारत ने ऐपल को नई दिशा दी है। जहां एक ओर चीन से धीरे-धीरे उत्पादन हटाया जा रहा है, वहीं भारत न सिर्फ निर्माण बल्कि उपयोगकर्ता आधार के रूप में भी कंपनी की योजनाओं में केंद्रीय भूमिका निभा रहा है। टिम कुक के बयानों से यह स्पष्ट है कि ऐपल की नजर में भारत अब महज एक सहयोगी नहीं, बल्कि रणनीतिक साझेदार बन चुका है, और आने वाले वर्षों में यह संबंध और प्रगाढ़ हो सकता है।














