
राजस्थान की राजधानी जयपुर में मंगलवार को एक भीषण सड़क दुर्घटना ने सभी को झकझोर कर रख दिया। चंदवाजी थाना क्षेत्र के बिलपुर मोड़ के समीप हाईवे पर तेज रफ्तार एर्टिगा कार अचानक सड़क किनारे खड़े एक कंटेनर के पिछले हिस्से में जा घुसी। टक्कर इतनी भयावह थी कि मौके पर चीख-पुकार मच गई। इस हादसे में दो महिलाओं समेत तीन लोगों की जान चली गई, जबकि दो मासूम बच्चों सहित सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
खाटूश्यामजी के दर्शन के बाद मेहंदीपुर बालाजी जा रहे थे श्रद्धालु
प्राप्त जानकारी के अनुसार, कार में सवार सभी लोग उत्तर प्रदेश के देबुलगंज (वाराणसी) के निवासी थे। ये सभी श्रद्धालु खाटूश्यामजी के दर्शन कर मेहंदीपुर बालाजी की ओर जा रहे थे। प्रारंभिक जांच में हादसे की मुख्य वजह चालक को नींद की झपकी आना मानी जा रही है। अचानक नियंत्रण खो देने के कारण कार सीधे कंटेनर से टकरा गई। जोरदार टक्कर से एर्टिगा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और कई यात्री वाहन के अंदर बुरी तरह फंस गए।
रेस्क्यू ऑपरेशन चला, हाईवे पर लगा लंबा जाम
यह दर्दनाक हादसा चंदवाजी हाईवे पर दीपक मोटर्स के पास हुआ, जहां कंटेनर सड़क किनारे खड़ा था। दुर्घटना के बाद हाईवे पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय ग्रामीणों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। काफी मशक्कत के बाद गाड़ी में फंसे लोगों को बाहर निकाला गया और यातायात को धीरे-धीरे सुचारु किया गया।
मृतकों और घायलों की पहचान, जांच में जुटी पुलिस
हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान पूजा सिंह, बसंती देवी और विवेक कुमार के रूप में हुई है। तीनों देबुलगंज, वाराणसी के रहने वाले बताए जा रहे हैं। वहीं घायलों में विकास कुमार, अदिति, सीबू (2 वर्ष), कुकू (18 महीने), अंशु और दीपराज शामिल हैं। घायलों में तीन महिलाएं, तीन पुरुष और दो छोटे बच्चे हैं। सभी को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस ने मामला दर्ज कर दुर्घटना के कारणों की विस्तृत जांच शुरू कर दी है।














