
गुलाबी नगरी की सड़कों पर शुक्रवार रात एक ऐसे हादसे ने हिलाकर रख दिया, जो नशे और लापरवाही का परिणाम था। वंदे मातरम सर्किल पर तेज रफ्तार ऑडी ने 16 लोगों को रौंद दिया। इस दिल दहला देने वाले हादसे में भीलवाड़ा के रमेश बैरवा की मौत हो गई, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हैं और जिंदगी-मौत के बीच झूल रहे हैं।
'पापा मेरा एक्सीडेंट हो गया...'
इस घटना का सबसे दर्दनाक चेहरा 22 साल के मृदुल खरबास हैं। दो साल पहले चित्तौड़गढ़ से जयपुर आए मृदुल ने सर्किल पर सूप की छोटी सी दुकान लगाकर अपने परिवार का पेट चलाना शुरू किया था। मृदुल की मां ने रुंधे गले से बताया, "साढ़े आठ बजे उसने फोन किया था, फिर अचानक खबर आई कि एक्सीडेंट हो गया।" मृदुल के दोनों पैर और छाती बुरी तरह जख्मी हैं और वह अस्पताल के वार्ड में दर्द से कराह रहा है। डॉक्टर कल ऑपरेशन करने की योजना बना रहे हैं।
नशे में धुत ड्राइवर और पुलिस कांस्टेबल का साथ
जांच में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। कार ड्राइवर दिनेश रणवां नामक सोलर प्लांट कारोबारी था, जिसने अत्यधिक शराब पी रखी थी। वहीं, उसके बगल में मुकेश नामक पुलिस कांस्टेबल बैठा था, जो पुलिस लाइन में तैनात है। पीछे बैठे दो साथी भी हिरासत में हैं। उन्होंने स्वीकार किया कि उन्होंने दिनेश को धीरे चलाने की कोशिश की थी, लेकिन नशे के असर में वह किसी की नहीं सुन रहा था।
#WATCH | Jaipur, Rajasthan: One person has died, and 16 are injured in a hit-and-run case at Khawas Circle.
— ANI (@ANI) January 10, 2026
(Source: CCTV footage) pic.twitter.com/2xkhxTvTd6
ऑडी का 30 मीटर तक तांडव
चश्मदीदों के अनुसार, लग्जरी कार डिवाइडर से टकराई और फिर करीब 30 मीटर तक सड़क किनारे लगे ठेलों और थड़ी-ठेलों को रौंदती चली गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ऑडी का बोनट और शीशे चकनाचूर हो गए। हादसे के बाद कार ड्राइवर और कांस्टेबल दोनों फरार हैं। पुलिस ने उनकी तलाश में विशेष टीमें गठित की हैं, लेकिन दोनों के फोन बंद हैं।
प्रशासनिक लापरवाही पर सवाल
हादसे ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। सड़क पर अतिक्रमण और ठेलों का जमावड़ा हादसे की तीव्रता को बढ़ा गया। हादसे के बाद प्रशासन ने ठेलों को हटाया, लेकिन सवाल यही है कि क्या यह कार्रवाई पहले नहीं हो सकती थी।
सरकार का संज्ञान और राहत प्रयास
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया और घायलों के समुचित इलाज के निर्देश दिए। स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर और डिप्टी सीएम प्रेमचंद बैरवा अस्पताल पहुंचकर घायलों का हाल जाना। अभी एक घायल ICU में जिंदगी की जंग लड़ रहा है।
पुलिस कार्रवाई
डीसीपी पश्चिम राजर्षि वर्मा ने बताया कि हिट एंड रन और जानबूझकर लापरवाही से वाहन चलाने की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। दोषियों को किसी भी कीमत पर नहीं छोड़ा जाएगा।














