
महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में रविवार को गणपति विसर्जन जुलूस के दौरान एक गंभीर हादसा हुआ। रास्ते में लटक रहा बिजली का तार गणपति की मूर्ति से टच हो गया, जिससे छह श्रद्धालु झुलस गए। उन्हें तुरंत पास के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां एक व्यक्ति की मौत हो गई। मृतक की पहचान 36 वर्षीय बिनु सुकुमारन कुमरन के रूप में हुई। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के अनुसार, अन्य पांच घायल भक्तों का इलाज जारी है।
हादसे का विवरण और घायल भक्तों की स्थिति
स्थानीय पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह घटना साकीनाका इलाके के खैरानी रोड पर सुबह लगभग 10.45 बजे हुई। जब मूर्ति बिजली के तार से टकराई, तब वहां मौजूद पांच अन्य श्रद्धालु—सुभांशु कामत, तुषार गुप्ता, धर्मराज गुप्ता, करण कनौजिया और अनुष गुप्ता—भी झुलस गए। सभी पांचों को पैरामाउंट अस्पताल में भर्ती कराया गया, और उनकी हालत स्थिर बताई गई है। अधिकारियों ने चेतावनी दी कि बड़े पैमाने पर विसर्जन के दौरान सुरक्षा की पूरी व्यवस्था बनाए रखना आवश्यक है।
राज्य में गणपति विसर्जन के दौरान अन्य जगहों से भी हादसों की खबरें मिलीं। पालघर में एक विसर्जन शोभायात्रा के दौरान तीन लोग बह गए थे, लेकिन उन्हें समय रहते बचा लिया गया। हवाई निगरानी के लिए भारतीय तटरक्षक बल के हेलीकॉप्टर और मुंबई पुलिस के ड्रोन का उपयोग किया गया।
गणेश मंडलों की मूर्तियों का विसर्जन
अनंत चतुर्दशी के अवसर पर शनिवार रात से लालबागचा राजा समेत प्रमुख सार्वजनिक गणेश मंडलों की मूर्तियों का विसर्जन शुरू हुआ और यह रातभर जारी रहा। रविवार तड़के मूर्तियां समुद्र तट पर पहुंचीं, जहां विसर्जन प्रक्रिया शुरू हुई। गिरगांव चौपाटी पर कम से कम आधा दर्जन सार्वजनिक गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन किया जा रहा है, और इस प्रक्रिया को पूरा होने में कुछ समय लगेगा।
लालबागचा राजा की मूर्ति को विशेष रूप से निर्मित मंच पर ले जाने के प्रयास जारी हैं, ताकि उसे सुरक्षित रूप से गहरे समुद्र में विसर्जित किया जा सके। प्रशासन ने सभी मंडलों और श्रद्धालुओं से सुरक्षित विसर्जन सुनिश्चित करने की अपील की है।














