
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के प्रकाश पर्व के शुभ अवसर पर देश और दुनिया के लोगों को हार्दिक बधाई दी। इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने कहा कि श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की वाणी केवल धार्मिक ग्रंथ नहीं है, बल्कि वह पूरी मानवता के लिए एक जीवन दर्शन है। उनकी शाश्वत शिक्षाएं हमें करुणा, विनम्रता और सेवा की भावना के साथ जीवन जीने की प्रेरणा देती हैं और लोगों को आपसी भाईचारे तथा सद्भाव से जोड़ती हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संदेश में यह भी आशा व्यक्त की कि हम सभी सदैव गुरु ग्रंथ साहिब जी द्वारा दिखाए गए ज्ञान और सत्य के मार्ग पर चलें और एक ऐसे समाज तथा विश्व के निर्माण में योगदान दें जहां समानता, शांति और मानवीय मूल्यों का सम्मान हो। उन्होंने सोशल मीडिया मंच एक्स पर अपने विचार साझा करते हुए लिखा कि गुरु साहिब की शिक्षाएं आज भी मानवता के लिए प्रकाशपुंज हैं और उनकी वाणी हमें एक बेहतर भविष्य की दिशा दिखाती है।
इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने भी श्रद्धा के साथ अपने संदेश में कहा कि गुरु ग्रंथ साहिब जी की अमर वाणी हमें करुणा, सेवा और विनम्रता का संदेश देती है। उन्होंने सभी से आह्वान किया कि हम उनके बताए मार्ग पर चलकर समाज को अधिक संगठित और संवेदनशील बनाने का प्रयास करें।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी प्रकाश पर्व की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि गुरु ग्रंथ साहिब जी के उपदेश हमें सत्य और करुणा के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। उनके अनुसार यह दिन केवल धार्मिक उत्सव नहीं है, बल्कि यह पूरी मानवता को बंधुत्व, समानता और शांति का संदेश देता है।
श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का प्रकाश पर्व केवल सिख समाज ही नहीं बल्कि पूरे देश और विश्व के लिए आस्था और प्रेरणा का स्रोत है। यह दिन हमें यह याद दिलाता है कि जब हम सेवा, प्रेम और समानता की भावना से जीवन जीते हैं, तभी वास्तविक मानवता का मार्ग प्रशस्त होता है।














