न्यूज़
FIFA 2026 Yogi Adityanath Jyotish Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

तेजस्वी यादव का आरोप- वोटर लिस्ट से हटाया गया मेरा नाम, अब मैं चुनाव कैसे लड़ूं?

चुनाव आयोग पर फिर बरसे तेजस्वी यादव, बोले- मेरा नाम वोटर लिस्ट से हटा दिया गया है। तेजस्वी ने चुनाव आयोग की प्रक्रिया पर उठाए गंभीर सवाल और कहा- अब मैं चुनाव कैसे लड़ूंगा?

Posts by : Kratika Maheshwari | Updated on: Sat, 02 Aug 2025 1:50:54

तेजस्वी यादव का आरोप- वोटर लिस्ट से हटाया गया मेरा नाम, अब मैं चुनाव कैसे लड़ूं?

बिहार की सियासत में इस समय चुनावी प्रक्रिया को लेकर एक नया विवाद उभर आया है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने एक बार फिर चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। शनिवार को अपने सरकारी आवास, पोलो रोड पर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में तेजस्वी यादव ने दावा किया कि मतदाता सूची में से उनका नाम हटा दिया गया है। उन्होंने इसे न सिर्फ एक साज़िश बताया, बल्कि चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाए।

"नाम काटा गया, तो अब चुनाव कैसे लड़ूंगा?"

तेजस्वी यादव ने कहा कि इस पूरी प्रक्रिया में भारी अनियमितता और पक्षपात हुआ है। उन्होंने बताया कि उन्होंने खुद एसआईआर प्रक्रिया के दौरान मतदाता विवरण फॉर्म भरा था, फिर भी उनका नाम लिस्ट से बाहर कर दिया गया। उन्होंने सवाल उठाया, "अब जब मेरा नाम ही वोटर लिस्ट में नहीं है, तो मैं चुनाव कैसे लड़ूंगा?"

तेजस्वी का कहना है कि वे इस मुद्दे को लगातार उठा रहे हैं, लेकिन न तो चुनाव आयोग ने उनके सुझावों को माना और न ही सुप्रीम कोर्ट की सिफारिशों को तवज्जो दी गई। उनका आरोप है कि शुरुआत से ही वे आगाह कर रहे थे कि नए मतदाता सूची से गरीबों के नाम गायब हो सकते हैं, मगर आयोग ने भरोसा दिलाया था कि किसी का नाम नहीं हटेगा।

गोपनीयता या गड़बड़ी?

तेजस्वी ने कहा कि चुनाव आयोग ने यह स्वीकार किया है कि नाम हटाए गए हैं, मगर इसके पीछे का कारण या जानकारी स्पष्ट नहीं की गई है। उन्होंने कहा कि यह वही स्थिति है जैसे "चोर की दाढ़ी में तिनका"। उनके अनुसार, आयोग की निष्पक्षता पर अब शक करना लाजमी है।

तेजस्वी ने खुलासा किया कि महागठबंधन के प्रतिनिधियों ने आयोग से मिलकर इस विषय पर आपत्ति दर्ज करवाई, लेकिन आयोग ने उनकी बातों को पूरी तरह नज़रअंदाज़ किया। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, “अब बिहार में कौन वोटर होगा, ये भी दो गुजराती तय करेंगे?”

किसे बनाना है सरकार? पहले से तय है – तेजस्वी

तेजस्वी ने यह भी आरोप लगाया कि हर विधानसभा क्षेत्र से औसतन 20-30 हजार नाम काटे गए हैं, जिससे लगभग 8.5% मतदाता सूची से बाहर हो गए हैं। उन्होंने चुनाव आयोग को चुनौती देते हुए कहा कि जिन नामों को हटाया गया है, उनके पते, बूथ और कारणों की पूरी जानकारी सार्वजनिक की जाए।

ईपीआईसी नंबर तक नहीं दिए गए हैं ताकि तुलनात्मक अध्ययन ना हो सके। तेजस्वी का आरोप है कि चुनाव आयोग ने पहले ही तय कर लिया है कि किस पार्टी की सरकार बनानी है, और उसी योजना के तहत यह कार्रवाई की जा रही है।

"36 लाख पलायन कहां से गिने, जब बाहर 3 करोड़ हैं?"

तेजस्वी ने चुनाव आयोग की उस दलील पर भी सवाल उठाया जिसमें कहा गया कि अस्थायी पलायन के कारण 36 लाख वोटर हटाए गए। उन्होंने भारत सरकार के आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि बिहार से बाहर करीब 3 करोड़ लोग रहते हैं, तो फिर संख्या सिर्फ 36 लाख कैसे हो सकती है? क्या आयोग ने इन सभी का फिजिकल वेरिफिकेशन किया?

उन्होंने पूछा कि क्या मतदाताओं को नाम हटाने से पहले कोई नोटिस भेजा गया? क्या उन्हें अपनी बात रखने का अवसर मिला?

तेजस्वी के 10 तीखे सवाल – पारदर्शिता की मांग

तेजस्वी यादव ने चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार से सीधा सवाल करते हुए कहा कि आखिर वह क्या छिपा रहे हैं? उन्होंने आयोग से मांग की कि जिन लोगों का नाम हटाया गया है, उनकी सूची कारण सहित बूथवार सार्वजनिक की जाए।

इसके साथ ही उन्होंने आपत्ति दर्ज कराने की निर्धारित 7 दिनों की अवधि को बढ़ाने की भी मांग की। तेजस्वी ने कहा कि जब तक यह प्रक्रिया पारदर्शी नहीं होती, तब तक लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन जारी रहेगा।

“सवालों का जवाब दो, अगर ईमानदारी से काम किया है”

तेजस्वी यादव ने चुनाव आयुक्त को चुनौती देते हुए कहा, “अगर आपने सही तरीके से काम किया है, तो हमारे सवालों का जवाब दीजिए।” उन्होंने पूछा कि आखिर किन वजहों से 65 लाख लोगों को वोटर लिस्ट से हटाया गया? उन्होंने दावा किया कि ऐसा पहले कभी नहीं हुआ।

इस पूरे घटनाक्रम ने बिहार की चुनावी राजनीति में बड़ा भूचाल ला दिया है। अब देखना यह होगा कि चुनाव आयोग इस पर क्या स्पष्टीकरण देता है और क्या तेजस्वी यादव की मांगों पर कोई कार्रवाई होती है।

राज्य
View More

Shorts see more

सावधान! एक गलत तरबूज बन सकता है कैंसर की वजह, खरीदते वक्त ध्यान रखें ये बातें

सावधान! एक गलत तरबूज बन सकता है कैंसर की वजह, खरीदते वक्त ध्यान रखें ये बातें

  • तरबूज में हानिकारक केमिकल मिलाए जा रहे हैं
  • तरबूज से कैसे हो सकता है कैंसर?
  • कैसे करें सही तरबूज की पहचान?
read more

ताजा खबरें
View More

बेवफा हसीनाएं! सिया गोयल से सोनम रघुवंशी तक, जब प्रेम संबंधों ने लिया खौफनाक मोड़ और जीवनसाथी बने साजिश का शिकार
बेवफा हसीनाएं! सिया गोयल से सोनम रघुवंशी तक, जब प्रेम संबंधों ने लिया खौफनाक मोड़ और जीवनसाथी बने साजिश का शिकार
भगवान राम पर टिप्पणी से भड़के विष्णु दास, बोले- स्वामी प्रसाद मौर्य की जीभ काटने वाले को देंगे 5 लाख रुपये
भगवान राम पर टिप्पणी से भड़के विष्णु दास, बोले- स्वामी प्रसाद मौर्य की जीभ काटने वाले को देंगे 5 लाख रुपये
क्या तेहरान जाएंगे पीएम मोदी? खामेनेई की अंतिम विदाई में शामिल होने का मिला आमंत्रण
क्या तेहरान जाएंगे पीएम मोदी? खामेनेई की अंतिम विदाई में शामिल होने का मिला आमंत्रण
400 फीट गहरी खाई में केतन को धक्का देने वाली सिया ने कबूला जुर्म, हत्या की वजह भी बताई
400 फीट गहरी खाई में केतन को धक्का देने वाली सिया ने कबूला जुर्म, हत्या की वजह भी बताई
दिल्ली में उद्योग भवन के पास मजदूरों की बस्ती में भीषण आग, करीब 200 अस्थायी आवास जलकर राख; घंटों चला राहत अभियान
दिल्ली में उद्योग भवन के पास मजदूरों की बस्ती में भीषण आग, करीब 200 अस्थायी आवास जलकर राख; घंटों चला राहत अभियान
महरौली रेप-मर्डर केस: जिस जगह मासूम के साथ हुई थी दरिंदगी, वहीं पुलिस मुठभेड़ में घायल हुआ आरोपी
महरौली रेप-मर्डर केस: जिस जगह मासूम के साथ हुई थी दरिंदगी, वहीं पुलिस मुठभेड़ में घायल हुआ आरोपी
जिस हुडी से पहचान छिपाने की कोशिश की, वही बनी गिरफ्तारी की वजह; सिया के प्रेमी तक ऐसे पहुंची पुलिस
जिस हुडी से पहचान छिपाने की कोशिश की, वही बनी गिरफ्तारी की वजह; सिया के प्रेमी तक ऐसे पहुंची पुलिस
'सरेंडर के बाद भी बेटे को गोली मारी गई', भरत तिवारी की मां ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप, प्राइवेट पार्ट तक नहीं छोड़ा
'सरेंडर के बाद भी बेटे को गोली मारी गई', भरत तिवारी की मां ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप, प्राइवेट पार्ट तक नहीं छोड़ा
रिटायरमेंट से महज 6 दिन पहले रिश्वत लेते धरा गया इंजीनियर, छापेमारी में 5 लाख से ज्यादा नकदी बरामद
रिटायरमेंट से महज 6 दिन पहले रिश्वत लेते धरा गया इंजीनियर, छापेमारी में 5 लाख से ज्यादा नकदी बरामद
क्या परियों के देश में खो गई बबीता पांडे? 27 दिन बाद भी नहीं मिला सुराग, फिर चर्चा में आई उत्तराखंड की रहस्यमयी लोककथा
क्या परियों के देश में खो गई बबीता पांडे? 27 दिन बाद भी नहीं मिला सुराग, फिर चर्चा में आई उत्तराखंड की रहस्यमयी लोककथा
पद्म भूषण सम्मान के बाद छलका अलका याग्निक का दर्द, सेहत को लेकर साझा किया बड़ा अपडेट, बोलीं- अब भी आसान नहीं है सफर
पद्म भूषण सम्मान के बाद छलका अलका याग्निक का दर्द, सेहत को लेकर साझा किया बड़ा अपडेट, बोलीं- अब भी आसान नहीं है सफर
राम मंदिर में चढ़ावे का विवाद गहराया, 3500 करोड़ की नकदी और आभूषणों का रिकॉर्ड नहीं, 2020 की रिपोर्ट आई चर्चा में
राम मंदिर में चढ़ावे का विवाद गहराया, 3500 करोड़ की नकदी और आभूषणों का रिकॉर्ड नहीं, 2020 की रिपोर्ट आई चर्चा में
एग्स फ्रीज कराने के फैसले पर खुलकर बोलीं आकांक्षा रंजन, कहा- माता-पिता ने बिना किसी हिचक के दिया साथ
एग्स फ्रीज कराने के फैसले पर खुलकर बोलीं आकांक्षा रंजन, कहा- माता-पिता ने बिना किसी हिचक के दिया साथ
ग्लैमर से दूर प्रकृति की गोद में पहुंचीं भूमि पेडनेकर, फार्म पर मिला सुकून और अपनापन
ग्लैमर से दूर प्रकृति की गोद में पहुंचीं भूमि पेडनेकर, फार्म पर मिला सुकून और अपनापन