
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण के मतदान के दिन उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा फिर सुर्खियों में रहे। उनके काफिले पर राजद समर्थकों ने पथराव और चप्पल-कीचड़ से हमला किया और उन्हें मतदान केंद्र तक जाने से रोक दिया। इस घटनाक्रम के बाद उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा और राजद विधान पार्षद अजय कुमार के बीच सार्वजनिक बहस छिड़ गई।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में दोनों नेताओं के बीच तीखी तकरार दिखाई दे रही है। वीडियो में राजद MLC अजय कुमार ने सिन्हा पर 'अपराधी' होने का आरोप लगाते हुए कहा कि वे मतदाताओं को डराने की कोशिश कर रहे हैं। वहीं, उपमुख्यमंत्री सिन्हा ने पलटवार करते हुए अजय कुमार को 'असफल नेता' और 'शराबी' करार दिया।
चुनाव हार का असर?
RJD MLC अजय कुमार सिंह ने इस विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि, "सिन्हा का काफिला हमारी गाड़ी को रोकने आया और उन्होंने गुंडागर्दी दिखाई। ये लोग चुनाव हारने के बाद बौखला गए हैं। विजय सिन्हा का अध्याय खत्म हो चुका है।" उन्होंने यह भी कहा कि सिन्हा पिछले कई दिनों से इस तरह का नाटक रचने का प्रयास कर रहे थे।
VIDEO | Lakhisarai: A heated argument takes place between Deputy Chief Minister Vijay Kumar Sinha and RJD MLC Ajay Kumar during the first phase of the Bihar Assembly polls.
— Press Trust of India (@PTI_News) November 6, 2025
Ajay Kumar, RJD MLC, accused Sinha of being a criminal and alleged that he was trying to intimidate… pic.twitter.com/m9PfF9VoxE
#WATCH | लखीसराय, बिहार | उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा पर हुए हमले पर RJD MLC अजय कुमार सिंह ने कहा, "...उनके लोगों ने हमारी गाड़ी रोकी और गुंडागर्दी पर उतर आए। वे चुनाव हार गए इसलिए बौखला गए हैं। विजय सिन्हा का चैप्टर बंद हो चुका है। उन पर हमला नहीं हुआ। वो कई दिनों से ये… pic.twitter.com/lucDa6tokV
— ANI_HindiNews (@AHindinews) November 6, 2025
लखीसराय में अफरा-तफरी
इससे पहले लखीसराय में उपमुख्यमंत्री के काफिले पर पत्थर और चप्पलें फेंकी गईं। भीड़ ने नारेबाजी की और वाहन को रोक दिया। इस घटना की तस्वीरें और वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आए। मौके पर तैनात पुलिस कर्मियों ने स्थिति को काबू में करते हुए सिन्हा के काफिले को आगे बढ़ाया।
चुनाव आयोग ने लिया संज्ञान
इस पूरी घटना को गंभीरता से लेते हुए चुनाव आयोग ने काफिले पर हमले और पथराव की रिपोर्ट का संज्ञान लिया। डीआईजी को जांच करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि इस मामले में दोषियों की पहचान और कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।














