
भारतीय क्रिकेट टीम के भरोसेमंद बल्लेबाज़ चेतेश्वर पुजारा ने आखिरकार क्रिकेट के सभी प्रारूपों से संन्यास लेने का ऐलान कर दिया। लगभग 20 साल लंबे करियर के बाद यह सफर थम गया। इस दौरान उन्होंने घरेलू मैदान से लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर तक अपनी बल्लेबाजी से भारत को कई यादगार पल दिए।
घरेलू क्रिकेट से शुरुआत और अंतिम पड़ाव
पुजारा ने साल 2005 में सौराष्ट्र की ओर से प्रथम श्रेणी (First Class) क्रिकेट में विदर्भ के खिलाफ डेब्यू किया था। यहीं से उनकी असली क्रिकेट यात्रा की शुरुआत हुई। संयोग देखिए कि लगभग दो दशक बाद उनका आखिरी मुकाबला भी फरवरी 2025 में प्रथम श्रेणी के रूप में ही गुजरात के खिलाफ खेला गया। लिस्ट ए क्रिकेट में उन्होंने अपने फर्स्ट क्लास डेब्यू के अगले ही वर्ष कदम रखा था। धीरे-धीरे उनका नाम घरेलू सर्किट में सबसे भरोसेमंद बल्लेबाजों में शुमार होने लगा।
अंतरराष्ट्रीय करियर: 13 साल की कहानी
पुजारा ने 2010 में बेंगलुरु में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट से भारत के लिए पदार्पण किया। वहीं, उनका वनडे डेब्यू 2013 में जिम्बाब्वे के खिलाफ बुलावायो में हुआ। हालांकि वनडे करियर लंबा नहीं चल पाया, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में वे भारतीय बल्लेबाजी के सबसे मजबूत स्तंभों में से एक बन गए।
करीब 13 साल तक उन्होंने टेस्ट टीम को स्थिरता दी और कई बार संकट के समय दीवार की तरह खड़े रहे। उनका अंतिम टेस्ट भी ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ही था, जो जून 2023 में खेला गया।
इंस्टाग्राम पर किया संन्यास का ऐलान
अपने संन्यास की जानकारी पुजारा ने सोशल मीडिया पर साझा की। इंस्टाग्राम पोस्ट में उन्होंने लिखा – “भारत की जर्सी पहनना, राष्ट्रगान गाना और मैदान पर हमेशा अपना सर्वश्रेष्ठ देना—ये सब मेरे जीवन के अनमोल क्षण रहे। लेकिन हर अच्छी चीज का एक अंत होता है, और अब मैंने क्रिकेट के सभी प्रारूपों को अलविदा कहने का निर्णय लिया है।” इस संदेश ने उनके प्रशंसकों और क्रिकेट जगत को भावुक कर दिया।
करियर के आंकड़े
चेतेश्वर पुजारा ने अपने करियर में 278 फर्स्ट क्लास मैच, 130 लिस्ट ए मुकाबले और 71 टी20 मैच खेले।
फर्स्ट क्लास में उन्होंने 21301 रन बनाए, जिनमें 66 शतक शामिल हैं।
लिस्ट ए में उनके बल्ले से 5759 रन निकले, जिनमें 16 शतक रहे।
टी20 क्रिकेट में उन्होंने 1556 रन बनाए और एक शतक भी जड़ा।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पुजारा ने भारत के लिए 103 टेस्ट और 5 वनडे खेले। इन 108 मैचों में उन्होंने 7200 से अधिक रन जुटाए।
टेस्ट क्रिकेट में उनके नाम 19 शतक दर्ज हैं, जबकि उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर नाबाद 206 रन रहा।














