न्यूज़
CJP Yogi Adityanath Jyotish Narendra Modi Rahul Gandhi

किशोर बच्चे की चुप्पी हो सकती हैं खतरनाक, इन बातों से करें उन्हें समझने की कोशिश

माता-पिता को बच्चे के मन की बातें जानने के लिए कई तरह के जतन करने पड़ते हैं। बच्चों की चुप्पी पैरेंट्स को सोचने पर मजबूर कर देती हैं और उनके लिए साइलेंट किलर का काम करती है।

Posts by : Ankur Mundra | Updated on: Thu, 25 Nov 2021 6:25:32

किशोर बच्चे की चुप्पी हो सकती हैं खतरनाक, इन बातों से करें उन्हें समझने की कोशिश

बच्चों की किशोरावस्था बेहद महत्वपूर्ण होती हैं जब उनके शरीर में कई बदलाव होने के साथ ही विचारों में भी कई परिवर्तन देखने को मिलते हैं जो उनके व्यवहार में झलकते हैं। टीनएज बच्चे से पेरेंट्स का रिश्ता कैसा हैं यह बहुत मायने रखता हैं क्योंकि इस दौरान उनकी खामोशी उनके भविष्य के लिए घातक साबित हो सकती हैं। माता-पिता को बच्चे के मन की बातें जानने के लिए कई तरह के जतन करने पड़ते हैं। बच्चों की चुप्पी पैरेंट्स को सोचने पर मजबूर कर देती हैं और उनके लिए साइलेंट किलर का काम करती है। ऐसे में आज हम आपके लिए कुछ ऐसी बातें लेकर आए हैं जिनकी मदद से आपको बच्चों को समझने में मदद मिलेगी और बच्चों से रिश्तों में सुधार आएगा। तो आइये जानते हैं इसके बारे में।

पर्सनल स्पेस


बच्चों को जितनी अपने पैरेंट्स की ज़रूरत होती है, उतनी ही अपने पर्सनल स्पेस की भी। उन्हें इतनी आज़ादी ज़रूर दें कि वे अपने छोटे-छोटे फैसले ख़ुद कर सकें। इससे उनमें आत्मविश्‍वास आएगा। उनका मार्गदर्शन करें, पर अपने फैसले उन पर न थोपें। बच्चों पर जितनी बंदिशें लगाएंगे, वे उतने ही अपनी बातें शेयर करने से कतराते हैं। उन्हें लगने लगता है कि पैरेंट्स से बातें शेयर करना बेकार है। वे उन्हें समझेंगे नहीं, तो वे चुप्पी को अपना विरोध जताने का हथियार बना लेते हैं।

parenting tips,parenting tips in hindi,child silence

असीमित उम्मीदें

जैसे-जैसे बच्चे बड़े होने लगते हैं, पैरेंट्स की उम्मीदें भी बढ़ने लगती हैं। वे अपनी अधूरी इच्छाओं को उनके ज़रिए पूरा करना चाहते हैं। बच्चे जब उन उम्मीदों को पूरा नहीं कर पाते हैं, तो वे अपने और पैरेंट्स के बीच दूरी बनाने लगते हैं। यहीं से शुरू होता है संवादहीनता का सिलसिला। अगर आपका बच्चा भी चुप रहने लगे, तो आप उससे कोई उम्मीद न करें, बल्कि उस दूरी को कम करने की कोशिश करें।

डांटें-फटकारें नहीं


छोटा बच्चा पैरेंट्स से हर बात शेयर करता है, लेकिन अक्सर वे उसे झिड़ककर या डांटकर चुप करा देते हैं। नतीजतन बच्चा पैरेंट्स से बातें छुपाने लगता है। पैरेंट्स को पता ही नहीं चलता। धीरे-धीरे वह पैरेंट्स से दूरी बनाना शुरू कर देता है। तुलना कर देती है कुंठित अधिकतर पैरेंट्स बच्चे की तुलना उसके दूसरे भाई-बहन या दोस्तों से करते हैं या फिर रिश्तेदारों के सामने ही उनकी कमियों-ख़ूबियों का बखान करने लगते हैं, जो सही नहीं है। हर बच्चे की क्षमता और सामर्थ्य अलग-अलग होती है। पैरेंट्स को ध्यान रखना चाहिए कि ज़्यादा तारीफ़ और ज़्यादा आलोचना दोनों ही बच्चे के लिए ठीक नहीं हैं। पैरेंट्स का कर्त्तव्य है कि उनमें जितनी योग्यता और क्षमता है, उसे निखारने में उनकी मदद करें। उन्हें एहसास कराएं कि वे हर पल उनके साथ हैं।

parenting tips,parenting tips in hindi,child silence

बच्चे को सोशल बनाएं

सिंगल चाइल्ड के बढ़ते कॉन्सेप्ट और वर्किंग पैरेंट्स होने के कारण बच्चा मेड के भरोसे पलता है या अकेले। ऐसे में उसका दायरा बहुत सीमित हो जाता है। सुरक्षा की दृष्टि से पैरेंट्स उसे घर से अकेले बाहर नहीं जाने देते हैं। नतीजा यह होता है कि वह सोशल नहीं बन पाता है। वह दूसरे बच्चों के साथ घुलना-मिलना नहीं जानता। अपनी बातें मन में दबाए रखता है, लेकिन वर्किंग पैरेंट्स के पास उसकी बातें सुनने का समय नहीं होता।

हमउम्र बच्चों के साथ बिताने दें समय


भावनाओं को व्यक्त न कर पाने की स्थिति में धीरे-धीरे वह अपने में ही सिमटता जाता है। अगर वह कुछ कहना भी चाहता है, तो पैरेंट्स के पास सुनने का समय नहीं होता। जैसे-जैसे वह बड़ा होता है, तो हो सकता है उसमें बदलाव आए, पर ऐसा तभी संभव है जब वह सोशल हो और बाहरी दुनिया के साथ तालमेल बिठा सके। उसकी चुप्पी का लावा जब फूटता है, तो उसका नतीज़ा बहुत ख़तरनाक हो सकता है। बेहतर होगा कि बच्चे को उसके हमउम्र बच्चों के साथ समय बिताने दें।

कहीं वह चाइल्ड एब्यूज़ का शिकार तो नहीं?


बच्चा अगर अचानक चुप रहने लगे, तो पैरेंट्स जानने की कोशिश करें कि कहीं वह चाइल्ड एब्यूज़ का शिकार तो नहीं है। मनोवैज्ञानिक नीलम पंत का कहना है कि चाइल्ड एब्यूज़ का हल ढूंढ़ने की राह पैरेंट्स से शुरू होती है और वहीं ख़त्म भी। अगर बच्चा पैरेंट्स को अपने साथ हुई किसी घटना के बारे में बताना चाहता है, तो उसे डांटने-फटकारने की जगह उसकी बात सुनें। अपने स्तर पर छानबीन करने की कोशिश करें। पैरेंट्स को यह समझना ज़रूरी है कि चाइल्ड एब्यूज़ एक बहुत बड़ी समस्या है और इसका शिकार कोई भी बच्चा हो सकता है।

राज्य
View More

Shorts see more

सावधान! एक गलत तरबूज बन सकता है कैंसर की वजह, खरीदते वक्त ध्यान रखें ये बातें

सावधान! एक गलत तरबूज बन सकता है कैंसर की वजह, खरीदते वक्त ध्यान रखें ये बातें

  • तरबूज में हानिकारक केमिकल मिलाए जा रहे हैं
  • तरबूज से कैसे हो सकता है कैंसर?
  • कैसे करें सही तरबूज की पहचान?
read more

ताजा खबरें
View More

‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली में तेजस्वी ने चुनाव आयोग को घेरा, ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग
‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली में तेजस्वी ने चुनाव आयोग को घेरा, ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग
‘अब कहने के लिए बचा ही क्या है?’ कोर्ट में पेशी के बाद आजम खान को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा
‘अब कहने के लिए बचा ही क्या है?’ कोर्ट में पेशी के बाद आजम खान को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा
‘1500 दंगे, 10 लाख गुंडे’, चौरीचौरा से योगी ने सपा को घेरा, किसानों को भी दी राहत की खबर
‘1500 दंगे, 10 लाख गुंडे’, चौरीचौरा से योगी ने सपा को घेरा, किसानों को भी दी राहत की खबर
जेपी नड्डा का राहुल गांधी पर हमला, बोले- रामलीला मैदान की रैली से देश को बदनाम कर रहे
जेपी नड्डा का राहुल गांधी पर हमला, बोले- रामलीला मैदान की रैली से देश को बदनाम कर रहे
‘CEC को जाना ही होगा, SIR पर रोक लगानी होगी’, नेहा बोरा ने रामलीला मैदान रैली से पहले किया बड़ा ऐलान
‘CEC को जाना ही होगा, SIR पर रोक लगानी होगी’, नेहा बोरा ने रामलीला मैदान रैली से पहले किया बड़ा ऐलान
दिल्ली : मंगोलपुरी में जूता फैक्ट्री में भीषण आग, 4 मजदूरों की मौत, 2 गंभीर
दिल्ली : मंगोलपुरी में जूता फैक्ट्री में भीषण आग, 4 मजदूरों की मौत, 2 गंभीर
झारखंड CHO भर्ती 2026: 1038 पदों पर आवेदन शुरू, 22 नवंबर तक करें अप्लाई
झारखंड CHO भर्ती 2026: 1038 पदों पर आवेदन शुरू, 22 नवंबर तक करें अप्लाई
स्टैच्यू ऑफ यूनिटी घूमने का बना रहे हैं प्लान? जान लें टिकट का चार्ज, समय और पहुंचने का आसान रास्ता
स्टैच्यू ऑफ यूनिटी घूमने का बना रहे हैं प्लान? जान लें टिकट का चार्ज, समय और पहुंचने का आसान रास्ता
दिल्ली यूनिवर्सिटी में असिस्टेंट के 215 पदों पर भर्ती, ग्रेजुएट उम्मीदवार 19 नवंबर तक करें आवेदन
दिल्ली यूनिवर्सिटी में असिस्टेंट के 215 पदों पर भर्ती, ग्रेजुएट उम्मीदवार 19 नवंबर तक करें आवेदन
इतिहास, समुद्र और एडवेंचर का संगम है इजरायल, घूमने के लिए ये 7 जगहें हैं खास
इतिहास, समुद्र और एडवेंचर का संगम है इजरायल, घूमने के लिए ये 7 जगहें हैं खास
डाक विभाग में 10वीं पास के लिए ड्राइवर के 24 पदों पर भर्ती, 63,200 रुपये तक मिलेगा वेतन
डाक विभाग में 10वीं पास के लिए ड्राइवर के 24 पदों पर भर्ती, 63,200 रुपये तक मिलेगा वेतन
अकेले सफर का है शौक तो इन बातों को न करें नजरअंदाज, सुरक्षित रहेगी आपकी यात्रा
अकेले सफर का है शौक तो इन बातों को न करें नजरअंदाज, सुरक्षित रहेगी आपकी यात्रा
ठुड्डी पर अनचाहे बालों से परेशान हैं महिलाएं? जानें इन्हें हटाने और ग्रोथ कम करने के तरीके
ठुड्डी पर अनचाहे बालों से परेशान हैं महिलाएं? जानें इन्हें हटाने और ग्रोथ कम करने के तरीके
जिम नहीं जातीं फिर भी फिट रहती हैं रेखा गुप्ता, जानें कैसा है उनका डेली फिटनेस रूटीन
जिम नहीं जातीं फिर भी फिट रहती हैं रेखा गुप्ता, जानें कैसा है उनका डेली फिटनेस रूटीन