न्यूज़
IPL 2026 Yogi Adityanath Jyotish Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

चार धाम यात्रा के दौरान 44 लोगों की मौत, ये गलतियां पड़ रहीं भारी, जानें एक्सपर्ट्स की राय

कोरोना महामारी के करीब दो साल बाद चार धाम यात्रा 3 मई 2022 से वापस शुरू हुई तो यात्रियों की भीड़ लग गई। दुखद बात ये है कि इस साल अब तक 44 लोगों की मौत हो चुकी है। केदारनाथ में 18, यमुनोत्री में 14, बद्रीनाथ में 8 और गंगोत्री में 4। जानकारी के मुताबिक, इसके पहले भी 2019 में 90, 2018 में 102, 2017 में 112 श्रद्धालुओं की मौत चार धाम यात्रा के दौरान हुई थी।

Posts by : Priyanka Maheshwari | Updated on: Wed, 18 May 2022 1:33:05

चार धाम यात्रा के दौरान 44 लोगों की मौत, ये गलतियां पड़ रहीं भारी, जानें एक्सपर्ट्स की राय

कोरोना महामारी के करीब दो साल बाद चार धाम यात्रा 3 मई 2022 से वापस शुरू हुई तो यात्रियों की भीड़ लग गई। दुखद बात ये है कि इस साल अब तक 44 लोगों की मौत हो चुकी है। केदारनाथ में 18, यमुनोत्री में 14, बद्रीनाथ में 8 और गंगोत्री में 4। जानकारी के मुताबिक, इसके पहले भी 2019 में 90, 2018 में 102, 2017 में 112 श्रद्धालुओं की मौत चार धाम यात्रा के दौरान हुई थी। ऐसे में सवाल उठता है कि आखिरकार इन मौतों के पीछे की वजह क्या है? क्या पहाड़ों की क्षमता लोगों के अनुपात में कम है? क्या वहां जाने वाले सभी लोगों के फेफड़ों में उनके हिस्से की हवा नहीं मिल रही है? या फिर लोग अपनी सेहत से जुड़ी परेशानियों को नजरअंदाज कर यात्रा कर रहे हैं।

दरअसल, पहाड़ों पर जाते समय खासतौर से धार्मिक यात्राओं के समय लोग आस्था और जल्दबाजी के चक्कर में सेहत का ख्याल नहीं रखते। जबकि, उन्हें अपनी शारीरिक क्षमता के अनुसार ही पहाड़ों पर यात्रा करनी चाहिए। साइंटिस्ट और एक्सपर्ट्स कहते हैं कि पहाड़ों पर जाने से पहले शरीर को एक्लीमेटाइज करना होता है। यानी पहाड़ी जलवायु के हिसाब से अपने शरीर को ढालना होता है। हालाकि, यह आसान काम नहीं है। क्योंकि लोगों के पास काफी कम समय होता है और कम समय में जल्दी जाकर, जल्दी लौटना भी होता है। इसलिए कोई इस बात पर ज्यादा ध्यान नहीं दिया जाता है। दूसरी है आपकी सेहत। सांस संबंधी दिक्कत हो, ब्लड प्रेशर हो या दिल संबंधी कोई भी परेशानी हो या फिर शरीर में हीमोग्लोबिन की कमी हो। तब आपको पहाड़ों की यात्रा से बचना चाहिए... या फिर एक्सपर्ट्स की सलाह के बाद ही यात्रा करनी चाहिए।

चारधाम यात्रा में चार जगहों की यात्रा की जाती है। गंगोत्री, यमुनोत्री, बद्रीनाथ और केदारनाथ। भागीरथी नदी के पास स्थित गंगोत्री की ऊंचाई समुद्र तल से 3100 मीटर है। यमुना नदी का उद्गम स्थल यमुनोत्री 3293 मीटर की ऊंचाई पर है। बद्रीनाथ की ऊंचाई 3300 मीटर है। जबकि, केदारनाथ की ऊंचाई 3583 मीटर है। दिल्ली की समुद्र तल से ऊंचाई 300 मीटर है।

char dham yatra 2022,char dham yatra,kedarnath,gangotri,yamunotri,badrinath,travel

एक दिन सिर्फ 1000 मीटर चढ़ना चाहिए

IIT रुड़की (IIT Roorkee) के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन डिजास्टर मिटिगेशन एंड मैनेजमेंट के ग्लेशियर एक्सपर्ट और हिमालयी क्षेत्रों के जानकार प्रवीण कुमार सिंह ने बताया कि अमेरिका और यूरोपीय देशों में पहाड़ों पर जाने वालों के लिए मेडिकल रिकमंडेशन दिए हैं कि 24 घंटे में कम से कम 500 मीटर और अधिकतम 1000 मीटर की ऊंचाई पूरी करनी चाहिए। लोग चारधाम जैसी यात्राओं में जल्दबाजी करते हैं। कम समय में जल्दी दर्शन करने की सोचते है। इस दौरान वो कभी भी अपनी सेहत का ध्यान नहीं रखते। शरीर को पहाड़ों के अनुसार एक्लीमेटाइज करना बेहद जरूरी होता है। अगर आप 500 से 1000 मीटर जाते हैं। तो वहां एक दिन या रात रुक कर थोड़ी ट्रेकिंग करनी चाहिए। ताकि शरीर पहाड़ी जलवायु के अनुसार खुद को एडजस्ट कर लें।

प्रवीण सिंह ने सलाह दी है कि चारधाम यात्रा करने वालों को रुद्रप्रयाग या गौरीकुंड या देवप्रयाग में एक रात या एक दिन रुक कर शरीर को एडजस्ट करना चाहिए। पहाड़ों पर अगर बारिश होती है, तो ह्यूमेडिटी बढ़ जाती है। ऐसे में ऑक्सीजन की कमी बढ़ जाती है। कोरोना काल में सबकी फिटनेस खराब हो चुकी है। सांस संबंधी परेशानी हो रही हैं। इसकी वजह से ऊंचाई पर जाने में परेशानी आती है। जब ऑक्सीजन कम मिलती है तो दिल का काम तेजी से बढ़ जाता है। ब्लड प्रेशर बढ़ता है, इससे काफी ज्यादा नुकसान होता है।

char dham yatra 2022,char dham yatra,kedarnath,gangotri,yamunotri,badrinath,travel

2000 मीटर की ऊंचाई पर जाकर 2-3 दिन रुके

नेहरू इंस्टीट्यूट ऑफ माउंटेनियरिंग से पर्वतारोहण की ट्रेनिंग प्राप्त वैज्ञानिक डॉ भानु प्रताप कहते हैं कि पहाड़ी यात्राओं से पहले शरीर को वहां की जलवायु के हिसाब से एडजस्ट करना बेहद जरूरी है। अगर आपको 4000 मीटर की ऊंचाई पर जाना है तो कम से कम 2000 मीटर की ऊंचाई पर जाकर 2-3 दिन रुके। वहां ट्रेकिंग करे। वहां के जलवायु के साथ शरीर को एडजस्ट करें।

पहाड़ पर जाने से पहले मेडिकल जांच जरुरी


दिल्ली के बत्रा हॉस्पिटल स्थित कार्डियोलॉजिस्ट डॉ नबजीत तालुकदार ने कहा कि ऊंचाई वाले स्थान पर ब्लड प्रेशर की समस्या का सामना करना पड़ सकता है। अगर सांस संबंधी परेशानी है तो आपको हाई-एल्टीट्यूड एडिमा होने की आंशका बनी रहती है। पहाड़ों पर जाने वाले लोग 40-50 हजार रुपये यात्रा में खर्च करते हैं। लेकिन उससे पहले कुछ पैसे खर्च कर मेडिकल जांच नहीं कराते। पहाड़ पर पला-बढ़ा व्यक्ति और मैदानी इलाकों के इंसान की शारीरिक क्षमता में अंतर होता है। ऊंचाई पर हवा पतली होती है। ऑक्सीजन की कमी होती है।

char dham yatra 2022,char dham yatra,kedarnath,gangotri,yamunotri,badrinath,travel

ट्रेडमिल टेस्ट बेहद जरूरी

डॉ नबजीत तालुकदार ने कहा कि लोगों को जाने से पहले ट्रेडमिल टेस्ट यानी टीएमटी टेस्ट कराना चाहिए। अगर इस टेस्ट में रिजल्ट 7 से 8 मेटोबोलिक इक्विवैलेंट होता है जो वह ट्रेकिंग पर जा सकता है। अगर इससे कम है तो नहीं जाना चाहिए। सामान्य इंसान को एक दिन में 500 मीटर से ज्यादा नहीं चढ़ना चाहिए। अगर कोई एथलीट बॉडी का है तो भी उसे 24 घंटे में 1000 मीटर से ज्यादा की ऊंचाई पर नहीं चढ़ना चाहिए। हीमोग्लोबिन लेवल सही होना चाहिए। दमा या फेफड़े की बीमारी नहीं होनी चाहिए।

धूम्रपान और मादक पदार्थों के सेवन से परहेज करें


एक्सपर्ट्स कहते है कि पहाड़ी क्षेत्रों में जाने पर धूम्रपान और मादक पदार्थों के सेवन से परहेज करें। तेज धूप से बचने के लिए सनस्क्रीन SPF 50 का उपयोग करें। इसके अलावा यूवी किरणों से बचने के लिए सनग्लासेस का उपयोग करें। चढ़ाई के दौरान पानी पीते रहें और भूखे पेट न रहें। एक साथ लंबी दूरी तक न चलें, बीच-बीच में आराम भी करें।

char dham yatra 2022,char dham yatra,kedarnath,gangotri,yamunotri,badrinath,travel

ठंड के मौसम के मुताबिक कपड़े लेकर जाए

एक्सपर्ट्स कहते है कि पहाड़ों पर मौसम अक्सर बदलता रहता है। कभी बहुत गर्मी पड़ती है तो कभी बहुत ठंड। कई बार दिन में गर्मी तो शाम होते-होते ठंड होने लगती है। ऐसे में अगर लोग ठंड के मौसम के मुताबिक कपड़े लेकर नहीं जाएंगे तो बीमार पड़ सकते हैं। इसलिए हमेशा सर्दी का ख्याल रखते हुए गर्म और ऊनी कपड़े भी साथ रखें। पहाड़ों में बारिश भी अचानक हो सकती है इसलिए रेनकोट समेत जरूरी चीजें भी साथ में रखें।

राज्य
View More

Shorts see more

सावधान! रसोई में इस्तेमाल हो रहा तेल बन सकता है ब्रेस्ट कैंसर की वजह

सावधान! रसोई में इस्तेमाल हो रहा तेल बन सकता है ब्रेस्ट कैंसर की वजह

  • किचन का आम तेल भी बन सकता है ब्रेस्ट कैंसर की वजह
  • Linoleic Acid बढ़ा सकता है खतरनाक Triple-Negative Breast Cancer
  • सरसों का तेल, नारियल तेल या देसी घी हो सकते हैं सुरक्षित विकल्प
read more

ताजा खबरें
View More

पीएम मोदी आज रात 8:30 बजे देश को करेंगे संबोधित, महिला आरक्षण पर आ सकता है बड़ा बयान?
पीएम मोदी आज रात 8:30 बजे देश को करेंगे संबोधित, महिला आरक्षण पर आ सकता है बड़ा बयान?
ईरान ने दोबारा बंद किया होर्मुज जलमार्ग, अमेरिका पर समझौता तोड़ने का लगाया आरोप
ईरान ने दोबारा बंद किया होर्मुज जलमार्ग, अमेरिका पर समझौता तोड़ने का लगाया आरोप
यूपी के श्रमिकों के लिए खुशखबरी, योगी सरकार ने न्यूनतम मजदूरी दरों में किया बड़ा संशोधन
यूपी के श्रमिकों के लिए खुशखबरी, योगी सरकार ने न्यूनतम मजदूरी दरों में किया बड़ा संशोधन
महिला आरक्षण बिल गिरने पर भड़कीं अपर्णा यादव, सपा-कांग्रेस का झंडा जलाकर बोलीं— देश कभी माफ नहीं करेगा
महिला आरक्षण बिल गिरने पर भड़कीं अपर्णा यादव, सपा-कांग्रेस का झंडा जलाकर बोलीं— देश कभी माफ नहीं करेगा
Iran-US War: ट्रंप का दावा- 'होर्मुज खुलने से शी जिनपिंग बेहद खुश, जल्द होगी ऐतिहासिक मुलाकात'
Iran-US War: ट्रंप का दावा- 'होर्मुज खुलने से शी जिनपिंग बेहद खुश, जल्द होगी ऐतिहासिक मुलाकात'
Redmi का धमाकेदार बजट फोन, 10,000mAh बैटरी के साथ जल्द भारत में देगा दस्तक
Redmi का धमाकेदार बजट फोन, 10,000mAh बैटरी के साथ जल्द भारत में देगा दस्तक
‘भूत बंगला’ का धमाकेदार आगाज़: पहले ही दिन बॉक्स ऑफिस पर छाई, 7 फिल्मों को पछाड़ रचे दो बड़े कीर्तिमान
‘भूत बंगला’ का धमाकेदार आगाज़: पहले ही दिन बॉक्स ऑफिस पर छाई, 7 फिल्मों को पछाड़ रचे दो बड़े कीर्तिमान
Airtel का धमाकेदार सस्ता रिचार्ज, सिर्फ 469 रुपये में 84 दिन की वैलिडिटी और ढेरों फायदे
Airtel का धमाकेदार सस्ता रिचार्ज, सिर्फ 469 रुपये में 84 दिन की वैलिडिटी और ढेरों फायदे
गुजरात टाइटंस की जीत के बाद भी क्यों खफा दिखे शुभमन गिल? नए दाढ़ी वाले लुक पर भी दिया दिलचस्प जवाब
गुजरात टाइटंस की जीत के बाद भी क्यों खफा दिखे शुभमन गिल? नए दाढ़ी वाले लुक पर भी दिया दिलचस्प जवाब
IPL 2026 Points Table: कोलकाता के हाथ लगी 5वीं हार, क्या सबसे पहले होगी बाहर? गुजरात की जीत से पॉइंट्स टेबल में बड़ा उलटफेर
IPL 2026 Points Table: कोलकाता के हाथ लगी 5वीं हार, क्या सबसे पहले होगी बाहर? गुजरात की जीत से पॉइंट्स टेबल में बड़ा उलटफेर
IPL Orange Cap 2026: शुभमन गिल का बड़ा धमाका, सीधे 15वें से नंबर-1 पर पहुंचे, विराट कोहली को पछाड़कर छीनी ऑरेंज कैप
IPL Orange Cap 2026: शुभमन गिल का बड़ा धमाका, सीधे 15वें से नंबर-1 पर पहुंचे, विराट कोहली को पछाड़कर छीनी ऑरेंज कैप
कैंसर से मशहूर टीवी एक्टर का निधन, सीमा जी नायर का टूटा दिल, शेयर किया भावुक पोस्ट
कैंसर से मशहूर टीवी एक्टर का निधन, सीमा जी नायर का टूटा दिल, शेयर किया भावुक पोस्ट
8 हजार कर्मचारियों पर खतरा, अगले हफ्ते Meta में शुरू हो सकती है बड़ी छंटनी – AI रणनीति बनी वजह
8 हजार कर्मचारियों पर खतरा, अगले हफ्ते Meta में शुरू हो सकती है बड़ी छंटनी – AI रणनीति बनी वजह
तारक मेहता के प्रोड्यूसर असित मोदी पर भड़कीं उर्वशी ढोलकिया, देर रात कंस्ट्रक्शन से परेशान होकर उठाई आवाज
तारक मेहता के प्रोड्यूसर असित मोदी पर भड़कीं उर्वशी ढोलकिया, देर रात कंस्ट्रक्शन से परेशान होकर उठाई आवाज