
आप जब कभी आईने में खुद को देखते हैं और चेहरा थोड़ा मुरझाया हुआ लगता है, रंगत भी वैसी दमकती हुई नहीं लगती, तो ये एहसास अक्सर बेचैन कर देता है। फिर याद आता है कि पिछले कुछ दिनों से नींद भी पूरी नहीं हुई, पानी पीने में भी लापरवाही बरती और खाने में बस कुछ भी चलाया। ऐसे में दिमाग में सवाल आता है – क्या वाकई इन सबका असर हमारी स्किन पर पड़ता है? और क्या सच में हमारी थाली में जो कुछ है, वही हमारी त्वचा की असली कहानी भी कहता है?
आज के समय में हर कोई चाहता है एकदम साफ, निखरी और ग्लोइंग स्किन, लेकिन इस चमक के पीछे सिर्फ महंगे प्रोडक्ट्स या पार्लर ट्रीटमेंट्स नहीं बल्कि आपकी डेली डाइट का भी बड़ा हाथ होता है।
एक्सपर्ट्स क्या कहते हैं?
त्वचा हमारे शरीर का सबसे बड़ा अंग है और इसका सीधा संबंध हमारे खानपान से होता है। स्किन टोन यानी हमारी त्वचा की रंगत मुख्य रूप से मेलेनिन यानी पिगमेंट की मात्रा पर निर्भर करती है, लेकिन हमारी डाइट इस पिगमेंटेशन प्रोसेस को प्रभावित कर सकती है।
1. विटामिन C और एंटीऑक्सीडेंट्स की भूमिका
नींबू, आंवला, संतरा और टमाटर जैसे फल स्किन को डैमेज से बचाते हैं और अंदर से ग्लो लाने में मदद करते हैं। इनके अंदर मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स फ्री रेडिकल्स से लड़ते हैं, जो हमारी स्किन को बेजान और prematurely aging की तरफ ले जा सकते हैं।
2. बीटा-कैरोटीन और विटामिन A की ताकत
गाजर, पपीता और शकरकंद जैसे फूड्स में मौजूद बीटा-कैरोटीन स्किन को ना केवल हेल्दी बनाते हैं, बल्कि UV किरणों से होने वाले नुकसान से भी बचाते हैं।
3. हाइड्रेशन – ग्लोइंग स्किन का सिंपल मंत्र
शरीर में पानी की कमी स्किन को सूखा, बेजान और फीका बना सकती है। पर्याप्त पानी पीने से त्वचा मुलायम और चमकदार बनी रहती है।
4. प्रोटीन और हेल्दी फैट्स का योगदान
दूध, दही, नट्स, अंडे और मछली जैसी चीज़ें स्किन सेल्स को पोषण देती हैं और उनकी मरम्मत करती हैं। ओमेगा-3 फैटी एसिड्स स्किन को अंदर से हेल्दी बनाकर फ्लेकिंग और ड्राइनेस से बचाते हैं।
5. चीनी और प्रोसेस्ड फूड से दूरी ज़रूरी
ज्यादा चीनी, डीप फ्राइड और प्रोसेस्ड फूड्स स्किन पर सूजन, दाग-धब्बे और मुंहासों की वजह बन सकते हैं। इससे स्किन टोन असमान और थकी-थकी लगने लगती है।
डाइट से स्किन टोन बदले या नहीं, लेकिन…
भले ही आपकी डाइट से स्किन की बेसिक टोन पूरी तरह न बदले, लेकिन त्वचा की क्वालिटी, उसका ब्राइटनेस और नेचुरल ग्लो जरूर बेहतर हो सकता है। इसलिए अगली बार जब आप स्किन केयर के बारे में सोचें, तो सिर्फ क्रीम और फेसवॉश पर नहीं, बल्कि अपने खाने और पीने की आदतों पर भी एक नजर ज़रूर डालें।














