उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटों के दौरान पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त कार्रवाई ने अपराधियों पर कड़ा शिकंजा कस दिया। लखनऊ, बहराइच, पीलीभीत, अलीगढ़ और बदायूं समेत छह जिलों में एक के बाद एक मुठभेड़ों का सिलसिला चलता रहा। इन ताबड़तोड़ ऑपरेशनों में दो बड़े इनामी अपराधियों का अंत हो गया, जिन पर क्रमशः 1 लाख और 1 लाख 75 हजार रुपये का इनाम घोषित था। वहीं कई अन्य बदमाश गोली लगने से घायल हुए, जिन्हें पुलिस ने मौके पर ही पकड़ लिया और इलाज के लिए अस्पताल भेजा।
लखनऊ में एनकाउंटर: 1 लाख के इनामी संजय उर्फ संजीव ढेरराजधानी लखनऊ में शनिवार को इंदिरा कैनाल रोड पर पुलिस और एक लाख रुपये के इनामी अपराधी संजय उर्फ संजीव के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस के अनुसार, कार्रवाई के दौरान संजय गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तुरंत राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
यह पूरी कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार सिंह के नेतृत्व में की गई। पुलिस को सूचना मिली थी कि आरोपी इलाके में मौजूद है, जिसके बाद क्षेत्र की घेराबंदी की गई। घेराबंदी के दौरान ही आरोपी ने भागने की कोशिश की और फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में पुलिस को भी कार्रवाई करनी पड़ी और वह मुठभेड़ में ढेर हो गया।
कौन था संजय उर्फ संजीव?मारे गए बदमाश संजय उर्फ संजीव का संबंध अंबेडकरनगर जिले के अहिरौली थाना क्षेत्र से बताया गया है। वह लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र में 27 मई 2026 को हुए चर्चित बिल्डर संदीप सिंह हत्याकांड का मुख्य शूटर और वांछित आरोपी था। इस मामले में उसकी गिरफ्तारी पर लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट ने 1 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था।
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, संजय का आपराधिक इतिहास काफी लंबा रहा है। उसके खिलाफ अंबेडकरनगर, बस्ती और अयोध्या सहित कई जिलों में हत्या, लूट और अन्य गंभीर अपराधों के मुकदमे दर्ज हैं। जांच एजेंसियों का दावा है कि वह कई हाई-प्रोफाइल हत्याओं और संगठित आपराधिक गतिविधियों में सक्रिय रूप से शामिल रहा था।
कुख्यात गैंग से जुड़ा था संजयपुलिस और खुफिया एजेंसियों की जांच में यह भी सामने आया है कि संजय का संपर्क कुख्यात अपराधी दिलीप वर्मा और खान मुबारक गैंग से था। माना जा रहा है कि वह लंबे समय से इस नेटवर्क के लिए काम कर रहा था और कई संगठित अपराधों को अंजाम देने में शामिल रहा है। पुलिस के अनुसार, वह लगातार कानून प्रवर्तन एजेंसियों की निगरानी में था और उसकी गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी।
पीलीभीत में 1 लाख 75 हजार के इनामी बदमाश का एनकाउंटरदूसरी बड़ी कार्रवाई पीलीभीत में देखने को मिली, जहां पुलिस मुठभेड़ में 1 लाख 75 हजार रुपये के इनामी अपराधी शिवम उर्फ सरबजीत को मार गिराया गया। पीलीभीत के एसपी सुकीर्ति माधव मिश्रा ने जानकारी दी कि 28 मई को पप्पू गुप्ता की हत्या हुई थी, जिसमें कई आरोपी पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेजे जा चुके थे, लेकिन मुख्य आरोपी फरार चल रहा था।
घेराबंदी के बाद शुरू हुई फायरिंगपुलिस को मुखबिर से सूचना मिलने के बाद इलाके में घेराबंदी की गई। जैसे ही पुलिस टीम आरोपी तक पहुंची, उसने बचने के लिए फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी मोर्चा संभाला और चली गोली बदमाश को लग गई। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
इस मुठभेड़ के दौरान दो पुलिसकर्मी भी घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
बहराइच के मुठभेड़, 50-50 हजार के दो इनामी बदमाश गिरफ्तारउत्तर प्रदेश के Bahraich जिले में पुलिस ने मुठभेड़ के बाद दो अपराधियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। इनमें से एक आरोपी पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था। मुठभेड़ में दोनों बदमाश घायल हो गए, जिसके बाद उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है और फिलहाल उनका उपचार जारी है।
एसपी विश्वजीत श्रीवास्तव के मुताबिक, पहली मुठभेड़ रामगांव थाना क्षेत्र के अकिलापुर इलाके में हुई। यहां 50 हजार रुपये के इनामी फिरोज को पुलिस ने घायल अवस्था में दबोच लिया, जबकि उसका साथी मुल्कराज मौके से फरार होने में कामयाब हो गया। पुलिस ने यह कार्रवाई मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर की थी और अकिलापुर चौराहे के पास घेराबंदी कर दी गई थी। इसी दौरान बाइक से आ रहे दो संदिग्धों को रोकने की कोशिश की गई, लेकिन आरोप है कि बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली फिरोज के बाएं पैर में लगी और वह मौके पर ही गिर पड़ा।
तलाशी के दौरान फिरोज के पास से एक 315 बोर का देसी तमंचा और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी फिरोज थाना बौंडी का हिस्ट्रीशीटर है और उसके खिलाफ जिले के विभिन्न थानों में चोरी समेत कई गंभीर मामलों के दर्जनों केस दर्ज हैं। वह लंबे समय से फरार चल रहा था और उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
मुल्कराज पर भी 50 हजार का इनाम घोषित थाइसके बाद पुलिस ने कैसरगंज थाना क्षेत्र के रुक्नापुर इलाके में दूसरी कार्रवाई करते हुए फरार मुल्कराज को भी दबोच लिया। इस दौरान उसके पास से भी अवैध हथियार और कारतूस बरामद किए गए। एसपी विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि मुल्कराज बाघौली क्षेत्र का निवासी है और उसके खिलाफ भी 30 से अधिक आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। उस पर भी 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
अलीगढ़ में 25 हजार का इनामी गोकश मुठभेड़ में घायल अवस्था में गिरफ्तारअलीगढ़
में थाना जवां पुलिस और क्रिमिनल इंटेलिजेंस विंग नगर की संयुक्त टीम ने एक मुठभेड़ के दौरान 25 हजार रुपये के इनामी गोकश फरमान को घायल अवस्था में गिरफ्तार किया है। आरोपी शाहजमाल क्षेत्र के काठे वाली गली, थाना रोरावर का निवासी बताया गया है।
पुलिस के अनुसार, फरमान लंबे समय से थाना क्वार्सी में दर्ज गोवध निवारण अधिनियम के एक मामले में वांछित चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। मुठभेड़ के दौरान उसे गोली लगी, जिसके बाद उसे अस्पताल भेजा गया।
बदायूं में दुष्कर्म के आरोपी को मुठभेड़ के बाद पकड़ा गयाबदायूं में पुलिस ने एक गंभीर अपराध के आरोपी को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है। 60 वर्षीय आरोपी पर चार साल की मासूम बच्ची से दुष्कर्म का आरोप है।
जानकारी के अनुसार, पुलिस टीम आरोपी को पकड़ने पहुंची थी, तभी उसने पुलिस पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दोनों पैरों में गोली लगी और उसे घायल अवस्था में गिरफ्तार कर लिया गया। इस दौरान एक दरोगा भी घायल हुआ है, जिसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस ने आरोपी के पास से एक तमंचा, चार खाली कारतूस और एक जिंदा कारतूस बरामद किया है।
बुलंदशहर में भी मुठभेड़, रेप का आरोपी गिरफ्तारबुलंदशहर
जिले में नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में फरार चल रहे आरोपी इरफान को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। मुठभेड़ के दौरान आरोपी गोली लगने से घायल हो गया।
पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध देसी पिस्तौल, एक खाली कारतूस और दो जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। इसके अलावा वारदात में इस्तेमाल किया गया एक अवैध चाकू भी पुलिस ने जब्त किया है।