
जयपुर में आयुर्वेदिक अस्पताल का कंपाउंडर खुद को एमडी डॉक्टर बताकर हॉस्पिटल चला रहा था। शुक्रवार को पुलिस ने उसे पकड़ लिया। गिरफ्तार व्यक्ति का नाम विनोद शर्मा (51) है। उसके पास डॉक्टर होने की कोई डिग्री नहीं थी, लेकिन वह खुद को एमडी बताकर मरीजों का इलाज करता था। पुलिस ने सीएमएचओ की शिकायत पर आरोपी को शुक्रवार को गिरफ्तार किया है।
झोटवाड़ा एसीपी हरिशंकर शर्मा ने बताया कि सीएमएचओ ने करधनी थाने में एक शिकायत दर्ज करवाई थी। इसमें बताया कि कालवाड़ रोड पर गोविंदपुरा में गणपति सेटेलाइट अस्पताल एंड रिसर्च सेंटर है। इसे विनोद शर्मा संचालित कर रहा है। उसके पास मेडिकल से जुड़ी किसी तरह की डिग्री नहीं है। यही नहीं, उसने अपने नाम के आगे भी डॉक्टर जोड़ रखा है। वह खुद को एमडी बताकर मरीजों का इलाज करता है। उसके यहां भारी मात्रा में अंग्रेजी दवाइयां भी मिली।
सीएमएचओ की शिकायत पर पुलिस ने करधनी थाना पुलिस ने जांच शुरू की। आरोपित विनोद शर्मा से पूछताछ में सामने आया कि वे एक राजकीय आयुर्वेद औषधालय में कम्पाउंडर है। उनके पास एमबीबीएस या एमडी की कोई डिग्री नहीं है। तब करधनी थानाप्रभारी विनोद मीणा ने कार्रवाई करते हुए विनोद कुमार शर्मा को गिरफ्तार कर लिया।














