
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी माहौल गरमाता जा रहा है और इसी बीच भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अपना चुनावी घोषणापत्र जारी कर दिया है। कोलकाता में आयोजित एक बड़े कार्यक्रम में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने पार्टी का ‘भरोसा पत्र’ जनता के सामने पेश किया। मंच पर लिखे नारे—“भरोसे का शपथ, विकास का प्रकाश, भय नहीं भरोसा”—के जरिए पार्टी ने अपने संदेश को स्पष्ट करने की कोशिश की।
बीजेपी ने अपने इस घोषणापत्र को ‘भरोसा पत्र’ नाम देते हुए दावा किया है कि यह पश्चिम बंगाल के समग्र विकास का खाका पेश करता है और राज्य को नई दिशा देने की क्षमता रखता है।
‘निराशा से विकास की ओर’—अमित शाह का दावा
घोषणापत्र जारी करते हुए अमित शाह ने कहा कि बंगाल की जनता को जो निराशा और असंतोष का सामना करना पड़ा है, उससे बाहर निकालने का रास्ता बीजेपी का यह संकल्प पत्र दिखाता है। उन्होंने भरोसा जताया कि इसमें राज्य को विकसित बनाने का पूरा रोडमैप मौजूद है।
घोषणापत्र की सबसे चर्चित घोषणाओं में महिलाओं के लिए हर महीने 3000 रुपये की आर्थिक सहायता और सत्ता में आने के छह महीने के भीतर यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) लागू करने का वादा शामिल है। इसके अलावा सातवें वेतन आयोग को लागू करने और केंद्र सरकार की योजनाओं को राज्य में प्रभावी ढंग से लागू करने की बात भी कही गई है।
मेनिफेस्टो के प्रमुख वादे
बीजेपी ने अपने घोषणापत्र में कई बड़े और असरदार वादे किए हैं, जो सीधे जनता के विभिन्न वर्गों को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं—
राज्य में बीजेपी सरकार बनने पर महिलाओं को हर महीने 3000 रुपये की सहायता दी जाएगी।
अवैध घुसपैठ के खिलाफ सख्त नीति अपनाते हुए ‘जीरो टॉलरेंस’ लागू किया जाएगा।
सरकार बनने के छह महीने के भीतर UCC लागू करने का लक्ष्य रखा गया है।
45 दिनों के अंदर सातवें वेतन आयोग को लागू किया जाएगा।
भ्रष्टाचार और हिंसा के मामलों में सख्त कार्रवाई होगी और दोषियों को जेल भेजा जाएगा।
रिटायर्ड सुप्रीम कोर्ट के जज की अगुवाई में कमेटी बनाकर गंभीर मामलों की जांच कराई जाएगी।
TMC से त्रस्त बंगाल अब परिवर्तन चाहता है।
— Amit Shah (@AmitShah) April 10, 2026
आज कोलकाता में TMC के ‘भय राज’ से बंगाल को मुक्त करने के आधार, भाजपा के ‘संकल्प पत्र’ का विमोचन करूँगा।
इसके पश्चात, पश्चिम मेदिनीपुर के डेबरा में जनसभा और खड़गपुर में रोड-शो के माध्यम से प्रदेश के बहनों-भाइयों के बीच रहने के लिए उत्सुक…
चुनावी रैलियों से गरमाएगा माहौल
घोषणापत्र जारी करने के बाद अमित शाह पश्चिमी मेदिनीपुर में चुनावी रैलियों के जरिए पार्टी के अभियान को और तेज करने वाले हैं। उनकी पहली रैली दोपहर 3 बजे डेबरा के बालिचक भजहरि हाई स्कूल मैदान में होगी, जबकि दूसरी सभा शाम 5 बजे खड़गपुर सदर स्थित अतुलमोनी स्कूल में आयोजित की जाएगी।
इन रैलियों के जरिए बीजेपी राज्य में अपनी पकड़ मजबूत करने और मतदाताओं तक अपने संदेश को पहुंचाने की रणनीति पर काम कर रही है।
पीएम मोदी की 6 गारंटी भी शामिल
बीजेपी के इस ‘भरोसा पत्र’ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा हाल ही में घोषित 6 गारंटियों को भी शामिल किया गया है, जिन्हें पार्टी अपने चुनावी अभियान का अहम हिस्सा बना रही है—
पहली गारंटी: राज्य में भय और असुरक्षा के माहौल को खत्म कर भरोसा कायम किया जाएगा।
दूसरी गारंटी: सरकारी तंत्र को पूरी तरह जनता की सेवा में समर्पित किया जाएगा।
तीसरी गारंटी: हर घोटाले और भ्रष्टाचार की जांच कर दोषियों को बेनकाब किया जाएगा।
चौथी गारंटी: बड़े से बड़े घोटालेबाज को भी जेल भेजा जाएगा, चाहे वह कितना ही प्रभावशाली क्यों न हो।
पांचवीं गारंटी: शरणार्थियों को उनके अधिकार मिलेंगे और अवैध घुसपैठियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
छठी गारंटी: सरकार बनते ही सातवें वेतन आयोग को लागू किया जाएगा।
बीजेपी का यह घोषणापत्र पश्चिम बंगाल के चुनावी समीकरणों को किस हद तक प्रभावित करेगा, यह तो आने वाले समय में ही स्पष्ट होगा, लेकिन फिलहाल इसके बड़े-बड़े वादों ने सियासी हलचल जरूर तेज कर दी है।













