
सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने सोमवार (30 जून) को समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर तीखा हमला बोला। उन्होंने बेहद तल्ख अंदाज़ में कहा कि अखिलेश सत्ता में लौटने के लिए बेकरार हैं, लेकिन हमने और अन्य क्षेत्रीय दलों ने पहले ही उनके रास्ते में ‘नो एंट्री’ का बोर्ड टांग दिया है।
जमीनी कार्यकर्ताओं से मुलाक़ात के दौरान ओपी राजभर का मूड बेहद स्पष्ट था। सुभासपा अध्यक्ष ने जौनपुर के खेतासराय क्षेत्र में अमरेथुआ, नौली सहित तीन स्थानों पर आयोजित पार्टी बैठकों में कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। उन्होंने सपा प्रमुख पर व्यंग्य करते हुए कहा, ‘अखिलेश यादव सत्ता के लिए रातभर करवटें बदलते हैं, बेचैनी उनकी नींद उड़ा देती है, लेकिन हम सबने मिलकर उन्हें रोकने की तैयारी कर ली है।’ उन्होंने जोर देकर कहा कि संजय निषाद, अनुप्रिया पटेल और जयंत चौधरी के साथ मिलकर अखिलेश के लिए अब कोई रास्ता नहीं छोड़ा है।
पार्टी को बूथ स्तर तक मज़बूती देने की बात
बैठक के दौरान ओपी राजभर ने कहा कि आने वाले विधानसभा और लोकसभा चुनावों में सुभासपा की भूमिका निर्णायक होगी, इसलिए अब हर कार्यकर्ता को गांव-गांव, गली-गली तक संगठन को मज़बूत करना होगा। उन्होंने कहा कि ‘हर बूथ, सबसे मजबूत’ का संकल्प लेकर आगे बढ़ना होगा।
सपा सरकार पर गंभीर आरोप
उन्होंने सपा सरकार के कार्यकाल को हिंसा और अव्यवस्था का दौर बताते हुए कहा, 'सपा शासन में 800 से ज्यादा दंगे हुए, जबकि बीजेपी के शासन में पिछले 8 सालों में एक भी दंगा नहीं हुआ।' उन्होंने कहा कि जनता को अब यह फर्क समझना होगा कि किस शासन में शांति रही और किसमें अराजकता।
इटावा और प्रयागराज की घटनाओं पर भी बोले राजभर
हाल ही की घटनाओं पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने साफ कहा कि कानून को अपने हाथ में लेने की इजाज़त किसी को नहीं है। चाहे कोई भी हो, दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बीजेपी को बताया एकजुट
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य को गृह मंत्री अमित शाह द्वारा 'मित्र' कहे जाने पर पूछे गए सवाल पर ओपी राजभर ने कहा, 'बीजेपी में सब कुछ ठीक है, पार्टी पूरी तरह संगठित और एकजुट है।'














