
राजस्थान के सिरोही जिले में पिछले 24 घंटों से लगातार हो रही भारी बारिश ने हालात बिगाड़ दिए हैं। कई इलाकों में सामान्य जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है और 15 से ज्यादा बांध ओवरफ्लो हो चुके हैं। वहीं, आबूरोड से माउंट आबू जाने वाला मुख्य मार्ग क्षतिग्रस्त होने के कारण प्रशासन ने फिलहाल पर्यटकों को वहां न जाने की हिदायत दी है। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में और मूसलाधार बारिश की चेतावनी दी है। इसे देखते हुए बचाव दलों को सतर्क मोड पर रखा गया है और लोगों से सावधानी बरतने की अपील की गई है।
जवाई पुल की हालत गंभीर
लगातार बारिश का सबसे बड़ा असर जवाई पुल पर देखने को मिला है। रविवार को जिला कलेक्टर स्वयं मौके पर पहुंचे और पुल की स्थिति का निरीक्षण किया। जांच में सामने आया कि पुल के कई हिस्सों में दरारें पड़ चुकी हैं और ढांचा कमजोर हो गया है। सुरक्षा को देखते हुए प्रशासन ने ट्रैफिक को तुरंत रोकने और वैकल्पिक रास्तों से डायवर्ट करने के आदेश दिए। साथ ही पुल की मरम्मत कार्य को प्राथमिकता पर लेने की बात कही गई है।
माउंट आबू की सड़क पर भूस्खलन और क्षति
भारी बारिश से आबूरोड-माउंट आबू मार्ग पर भीषण क्षति हुई है। बीस नंबर पिलर के पास दीवार ढह गई, जबकि झरडिया झरने के समीप सड़क पर एक बड़ा पत्थर गिर गया। प्रशासन ने खतरनाक स्थानों पर बैरिकेड्स लगाकर यात्रियों को सचेत किया है। गुजरात से आए सैकड़ों पर्यटक इस मार्ग से प्रभावित हुए हैं। सड़क का हिस्सा बह जाने के बाद भारी वाहनों की आवाजाही रोक दी गई है और केवल सीमित छोटे वाहनों को ही अनुमति दी जा रही है। इससे पहाड़ी रास्तों पर ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी हुई है।
पर्यटकों की एंट्री पर पाबंदी
एसडीएम अंशु प्रिया ने आदेश जारी कर पर्यटकों को माउंट आबू आने से रोक दिया है। केवल स्थानीय निवासियों और आवश्यक वस्तुओं की ढुलाई करने वाले छोटे वाहनों को ही आने-जाने की अनुमति दी गई है। इसके अलावा रात 8 बजे के बाद किसी भी वाहन को माउंट आबू की ओर बढ़ने पर पूर्णत: रोक लगा दी गई है।
सिरोही में मकान ढहने से दहशत
उधर, सिरोही शहर में भी बारिश ने खतरा बढ़ा दिया। राठौड़ लाइन इलाके में एक पुराना और लंबे समय से बंद पड़ा मकान अचानक गिर पड़ा। तेज धमाके की आवाज सुनते ही आसपास के लोग दहशत में बाहर निकल आए। स्थानीय लोगों का कहना है कि मकान पहले से ही जर्जर स्थिति में था और बारिश का पानी रिसने से इसकी हालत और कमजोर हो गई थी। हादसे के समय सड़क किनारे खड़ी दो बाइक मलबे के नीचे दब गईं, जिससे उन्हें भारी नुकसान पहुंचा। सौभाग्य से कोई व्यक्ति वहां मौजूद नहीं था, वरना एक बड़ी त्रासदी हो सकती थी।














