
दिल्ली के शाहदरा इलाके में, जहां श्रद्धालु शांति और भक्ति से कांवड़ यात्रा पर निकलते हैं, वहीं हाल ही में एक बेहद चिंताजनक घटना ने सबको चौंका दिया। कांवड़ यात्रा मार्ग पर कांच के टुकड़े बिखरे पाए गए, जिससे न केवल कांवड़ियों की सुरक्षा पर सवाल उठे बल्कि धार्मिक सौहार्द को चोट पहुंचाने की कोशिश भी उजागर हुई। इस घटना के बाद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने साफ कर दिया है कि ऐसी हरकतें अब बर्दाश्त नहीं की जाएंगी और सरकार हर शिवभक्त की सुरक्षा सुनिश्चित करेगी।
सोमवार को एक कार्यक्रम में बोलते हुए रेखा गुप्ता ने कहा कि कांवड़ यात्रा जैसे पवित्र आयोजन में किसी भी प्रकार की अड़चन या शरारत को सरकार सख्ती से निपटेगी। उन्होंने बताया, “करीब 400 मीटर तक कांच के टुकड़े बिखरे हुए पाए गए हैं, जो एक बेहद गंभीर बात है। यदि कोई सुरक्षा में सेंध लगाने की कोशिश करता है, तो उसे इसकी भारी कीमत चुकानी होगी।”
रेखा गुप्ता ने यह भी जोड़ा कि, "सरकार शिवभक्तों को पूर्ण सुरक्षा, सुविधा और सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध है। हम कांवड़ियों का न सिर्फ खुले दिल से स्वागत करेंगे, बल्कि उन्हें एक सुरक्षित और सुगम यात्रा का अनुभव भी देंगे।"
इस घटना के बाद भाजपा दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने भी अपनी नाराज़गी जताते हुए इसे ‘पूर्व नियोजित साजिश’ बताया। उनका कहना है कि यह असामाजिक तत्वों द्वारा धार्मिक सौहार्द को बिगाड़ने की एक सोची-समझी चाल हो सकती है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर यह घटना कांवड़ यात्रा के चरम समय पर हुई होती तो किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता था।
उन्होंने कहा, “सिर्फ एक जगह नहीं, बल्कि लंबे रास्ते पर जानबूझकर छोटे-बड़े कांच के टुकड़े फैला दिए गए थे, जिससे साफ संकेत मिलता है कि कोई इस धार्मिक यात्रा को बाधित करना चाहता था।”
ई-रिक्शा चालक को पुलिस ने लिया हिरासत में
इस घटना की जांच में तेजी दिखाते हुए दिल्ली पुलिस ने रविवार को बताया कि एक ई-रिक्शा चालक को हिरासत में लिया गया है। दरअसल, उस ई-रिक्शा पर उत्तर प्रदेश के शालीमार गार्डन से दिल्ली के सीलमपुर की ओर 19 ग्लास पैनल ले जाए जा रहे थे। लेकिन रास्ते में चिंतामणि चौक और झिलमिल मेट्रो स्टेशन के बीच किसी वाहन के टकरा जाने से वे पैनल टूटकर गिर गए और कांच के टुकड़े सड़क पर फैल गए।














