
नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट उस समय विवादों में आ गया, जब कार्यक्रम स्थल के भीतर यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के विरोध में पहुंचे प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री के खिलाफ नारेबाजी की। स्थिति को देखते हुए पुलिस ने तुरंत हस्तक्षेप किया और सभी प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी।
इंडियन यूथ कांग्रेस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट साझा करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश नीति पर सवाल उठाए। संगठन का आरोप है कि मौजूदा सरकार की नीतियां राष्ट्रीय हितों से समझौता कर रही हैं। पोस्ट में ‘Compromised PM’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल करते हुए उन्होंने अपने विरोध को जायज ठहराया और इसे देश की अस्मिता से जुड़ा मुद्दा बताया।
टी-शर्ट उतारकर जताया विरोध
समिट स्थल के भीतर चार यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कथित तौर पर टी-शर्ट उतारकर प्रदर्शन किया, जिससे कार्यक्रम में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। जिन लोगों की पहचान सामने आई है, उनमें कृष्णा हरि (राष्ट्रीय सचिव), कुंदन यादव (बिहार राज्य सचिव), अजय कुमार (उत्तर प्रदेश राज्य उपाध्यक्ष) और नरसिम्हा यादव (राष्ट्रीय समन्वयक) शामिल बताए गए हैं। जानकारी के अनुसार, ये सभी क्यूआर कोड के जरिए वैध प्रवेश लेकर कार्यक्रम में शामिल हुए थे।
यूथ कांग्रेस का कहना है कि उनका उद्देश्य भारत-अमेरिका ट्रेड डील के संभावित प्रभावों को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित करना था। संगठन ने इसे लोकतांत्रिक विरोध का हिस्सा बताया और दावा किया कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखना चाहते थे।
बीजेपी का तीखा पलटवार
इस घटनाक्रम के बाद भारतीय जनता पार्टी ने कांग्रेस नेतृत्व पर तीखा हमला बोला। बीजेपी आईटी सेल प्रमुख अमित मालवीय ने X पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि जब भारत वैश्विक स्तर पर प्रतिष्ठित एआई शिखर सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है, तब कांग्रेस ने देश की गरिमा को ठेस पहुंचाने का काम किया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह प्रदर्शन भारत की अंतरराष्ट्रीय छवि को नुकसान पहुंचाने के इरादे से किया गया।
बीजेपी प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने भी कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि इस तरह का व्यवहार पहले कभी नहीं देखा गया और इसे ‘देश विरोधी हरकत’ करार दिया। भंडारी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस विकास कार्यों में बाधा डालने की मानसिकता से काम कर रही है।
राजनीतिक टकराव हुआ तेज
इस घटना ने एक बार फिर केंद्र और विपक्ष के बीच तीखी बयानबाजी को हवा दे दी है। जहां यूथ कांग्रेस अपने प्रदर्शन को लोकतांत्रिक अधिकार बता रही है, वहीं बीजेपी इसे अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की छवि धूमिल करने की कोशिश मान रही है।
एआई समिट जैसे वैश्विक आयोजन के दौरान हुए इस घटनाक्रम ने राजनीतिक तापमान बढ़ा दिया है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा संसद से लेकर सोशल मीडिया तक और अधिक चर्चा का विषय बन सकता है।













