भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेले जाने वाले पहले टेस्ट मैच से पहले एक विवाद खड़ा हो गया है। विवाद की वजह है कानपुर में खिलाड़ियों का डाइट चार्ट। मंगलवार सुबह ट्विटर पर #BCCI_Promotes_Halal ट्रेंड होने लगा। कानपुर टेस्ट के लिए दोनों टीमें कानपुर पहुंच चुकी हैं और सभी खिलाड़ी होटल लैंडमार्क टावर में बायो-बबल में रहेंगे। लेकिन जैसे ही लोगों को पता चला कि मेन्यू में हलाल मीट को शामिल किया गया है, वैसे ही सोशल मीडिया पर हंगामा मच गया और बोर्ड पर सवाल उठ रहे हैं। बता दें, अमूमन हिंदू धर्म के लोग झटके से काटने वाले जानवरों को खाते हैं, जबकि मुस्लिम समुदाय आज भी हलाल मीट ही खाना पसंद करता है।
#BCCI is putting country in trouble by giving halal meat to Indian cricketers !
🤔Whose conspiracy is this ? This should be explored !#BCCI_Promotes_Halal@SGanguly99
स्पोर्ट्स तक की खबर के अनुसार, बोर्ड ने टीम इंडिया के खिलाड़ियों के लिए खाने का मेन्यू जारी कर दिया है। ऑल डे काउन्टर, स्टेडियम में मिनी ब्रेकफास्ट, लंच, टी टाइम स्नैक और रात में डिनर शामिल है। इस मेन्यू से पोर्क और बीफ बाहर रखे गए हैं। मांसाहारी व्यंजन में हलाल मीट को शामिल किया गया है। फैंस ने BCCI के कदम पर सवाल उठाते हुए कहा कि- जब भारतीय टीम के अधिकांश खिलाड़ी हिंदू हैं और उनके धर्म के अनुसार 'हलाल' मांस खाना सख्त मना है, तो बीसीसीआई या भारतीय टीम प्रबंधन उन्हें उनके खिलाफ जाने के लिए कैसे मजबूर कर सकता है।
Promotes Halal के बारे में जब UPCA के एपेक्स कमेटी ऑफिसियल अहमद अली खान ने बताया, यह सब फालतू के ट्रेंड चल रहे है और जो लोग यह ट्रेंड चला रहे हैं वह लोग BCCI को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। बीसीसीआई और यूपीसीए ऐसे संस्थान है जो कभी किसी के प्रति भेदभाव नहीं करते है।
BCCI should immediately withdraw it's illegal decision.#BCCI_Promotes_Halal pic.twitter.com/JlhW3IeVYq
— Gaurav Goel (@goelgauravbjp) November 23, 2021














