
पूर्व भारतीय क्रिकेटर और 1983 विश्व कप विजेता मदनलाल ने पाकिस्तान के पूर्व बल्लेबाज मोहम्मद यूसुफ की भारत के टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव के खिलाफ की गई अपमानजनक टिप्पणी की कड़ी निंदा की है। मदनलाल ने यूसुफ के बयानों को "पूरी तरह से मूर्खता" बताया और कहा कि इस तरह की भाषा किसी पूर्व अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर के लिए उचित नहीं है। यह विवाद पहले से ही तनावपूर्ण भारत-पाकिस्तान क्रिकेट मुकाबले में और आग लगाने वाला साबित हुआ है, जिसमें दोनों टीमों के बीच न सिर्फ शिष्टाचार की कमी नजर आई बल्कि पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने भी मैच रेफरी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है।
मोहम्मद यूसुफ ने एक पाकिस्तानी टीवी चर्चा के दौरान सूर्यकुमार यादव का नाम लेकर उन्हें गाली दी और यह आरोप लगाया कि भारत पर अंपायरिंग निर्णयों पर अनुचित प्रभाव है। यूसुफ की इस हरकत ने सोशल मीडिया पर खूब विरोध और आलोचना बटोरी। मदनलाल ने कहा, “देखिए, यह पाकिस्तान की सोच है कि किसी को गाली देना उनकी आदत बन गई है। ये केवल इसी को जानते हैं और कुछ नहीं। किसी पूर्व क्रिकेटर द्वारा ऐसा करना बेहद शर्मनाक है।”
मदनलाल ने यूसुफ के अंपायरिंग पक्षपात के आरोपों को भी खारिज करते हुए कहा कि आज के आधुनिक समय में डीआरएस जैसी तकनीकों के कारण ऐसे आरोपों की कोई वैधता नहीं रह जाती। उनके मुताबिक यूसुफ की टिप्पणियों ने न केवल सूर्यकुमार यादव का अपमान किया बल्कि खेल की भावना को भी ठेस पहुंचाई है।
भारत और पाकिस्तान के बीच यह मैच कई विवादों के बीच खेला गया। टॉस से ही तनाव साफ नजर आया जब सूर्यकुमार यादव ने पाकिस्तान के कप्तान सलमान अली अग़ान के साथ पारंपरिक हैंडशेक करने से इनकार कर दिया। मैच जीतने के बाद भी भारतीय टीम ने विरोधी खिलाड़ियों के साथ हैंडशेक करने से इनकार किया, जिससे पाकिस्तान के खिलाड़ियों ने पोस्ट मैच समारोह का बहिष्कार कर दिया। इसके बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने मैच रेफरी एंडी पाइकॉफ पर ICC कोड ऑफ कंडक्ट और MCC के क्रिकेट के सिद्धांतों का उल्लंघन करने का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई। यहां तक कि पाकिस्तान ने एशिया कप से वापसी की धमकी भी दी, लेकिन बाद में यूएई के खिलाफ आगामी मुकाबले में हिस्सा लेने की पुष्टि की।
यह घटना भारत-पाकिस्तान क्रिकेट के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनाव और राजनीतिक विवादों का एक और हिस्सा बन गई है, जिसमें खेल की सच्ची भावना कहीं खो सी गई है।














