न्यूज़
Toxic Yogi Adityanath Jyotish Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

थरूर का वंशवाद पर तीखा हमला, बोले - भारतीय राजनीति किसी परिवार की जायदाद नहीं, क्या कांग्रेस पर साधा निशाना?

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने भारतीय राजनीति में वंशवाद पर तीखा हमला किया है। उन्होंने कहा कि जब तक राजनीति परिवारों की संपत्ति बनी रहेगी, तब तक लोकतंत्र का असली अर्थ पूरा नहीं होगा। थरूर ने योग्यता आधारित राजनीति और पारदर्शी चुनावों की वकालत की, साथ ही मतदाताओं से उपनाम नहीं बल्कि काबिलियत देखकर वोट देने की अपील की।

Posts by : Kratika Maheshwari | Updated on: Mon, 03 Nov 2025 6:50:35

थरूर का वंशवाद पर तीखा हमला, बोले - भारतीय राजनीति किसी परिवार की जायदाद नहीं, क्या कांग्रेस पर साधा निशाना?

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने एक बार फिर भारतीय राजनीति में जड़ें जमा चुके वंशवाद (Dynasty Politics) पर तीखा प्रहार किया है। उन्होंने कहा कि जब तक राजनीति परिवारों की निजी संपत्ति बनी रहेगी, तब तक लोकतंत्र का वास्तविक उद्देश्य — “जनता की सरकार, जनता द्वारा, जनता के लिए” — पूरा नहीं हो सकेगा।

थरूर ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अब समय आ गया है जब देश को वंशवादी राजनीति से आगे बढ़कर योग्यता-आधारित (merit-based) राजनीति की ओर कदम बढ़ाना चाहिए। इसके लिए राजनीतिक दलों में ठोस सुधार लाना जरूरी है — जैसे नेताओं के कार्यकाल की सीमा तय करना, पार्टी के आंतरिक चुनावों को पारदर्शी बनाना और योग्य उम्मीदवारों को अवसर देना।

मतदाताओं को भी बदलना होगा नजरिया

थरूर ने यह भी कहा कि केवल राजनीतिक दल ही नहीं, बल्कि मतदाताओं की सोच में भी बदलाव जरूरी है। उन्होंने कहा कि लोग अगर किसी नेता का उपनाम देखकर नहीं, बल्कि उसकी योग्यता और काम देखकर वोट देंगे, तभी सच्चा लोकतंत्र संभव है। जब सत्ता किसी की काबिलियत या जनता से जुड़ाव के बजाय वंश परंपरा के आधार पर तय होती है, तो शासन की गुणवत्ता और जवाबदेही दोनों प्रभावित होती हैं।

“यह समस्या सिर्फ कांग्रेस की नहीं”

थरूर ने अपने लेख “Indian Politics Are a Family Business” में लिखा कि यह समस्या किसी एक पार्टी तक सीमित नहीं है। यह पूरे राजनीतिक तंत्र में फैली हुई प्रवृत्ति है, जिसने भारतीय लोकतंत्र को कमजोर किया है। उन्होंने कहा कि जब किसी उम्मीदवार की सबसे बड़ी पहचान उसका उपनाम हो, तो प्रतिभा (Talent) की जगह वंश (Lineage) ले लेता है — और यही लोकतंत्र के लिए सबसे बड़ा खतरा है।

थरूर के दिए उदाहरण


थरूर ने अपने लेख में कई उदाहरण गिनाए — उन्होंने लिखा, “ओडिशा में बीजू पटनायक के बाद नवीन पटनायक, महाराष्ट्र में बाल ठाकरे से उद्धव ठाकरे और अब आदित्य ठाकरे, उत्तर प्रदेश में मुलायम सिंह यादव से अखिलेश यादव, बिहार में रामविलास पासवान से चिराग पासवान और पंजाब में प्रकाश सिंह बादल से सुखबीर बादल तक यही परंपरा चलती रही है।”

उन्होंने आगे कहा कि जम्मू-कश्मीर में अब्दुल्ला और मुफ्ती परिवारों का दशकों से वर्चस्व रहा है। यह प्रवृत्ति केवल भारत तक सीमित नहीं, बल्कि पूरे दक्षिण एशिया (South Asia) में देखी जा सकती है — पाकिस्तान में भुट्टो और शरीफ परिवार, बांग्लादेश में शेख और जिया परिवार, और श्रीलंका में बंडारनायके व राजपक्षे परिवारों का दबदबा इसका उदाहरण हैं।

“परिवार बन गया है ब्रांड”

थरूर ने लिखा कि भारत जैसा विशाल लोकतंत्र जब वंशवाद को स्वीकार करता है, तो यह बेहद विरोधाभासी (contradictory) लगता है। परिवार अब एक राजनीतिक ब्रांड की तरह काम करता है, जिसे जनता तुरंत पहचान लेती है और भरोसा कर लेती है — यही कारण है कि कई बार ऐसे उम्मीदवारों को बिना ज्यादा प्रयास के वोट मिल जाते हैं।

राज्य
View More

Shorts see more

रोज़ सुबह पिएं सूखे आंवले और जीरे का पानी, शरीर में होंगे ये 6 चमत्कारी बदलाव!

रोज़ सुबह पिएं सूखे आंवले और जीरे का पानी, शरीर में होंगे ये 6 चमत्कारी बदलाव!

  • आंवला-जीरा पानी पाचन और इम्यूनिटी बढ़ाता है
  • आंवला में विटामिन C होता है
  • जीरे में आयरन और कैल्शियम है
read more

ताजा खबरें
View More

F-16 गिराने वाले अभिनंदन वर्धमान ने बदली राह, अब प्राइवेट एयरलाइन में उड़ाएंगे विमान
F-16 गिराने वाले अभिनंदन वर्धमान ने बदली राह, अब प्राइवेट एयरलाइन में उड़ाएंगे विमान
गणेशोत्सव में DJ पर बवाल, AIMIM के विरोध से भड़के संजय शिरसाट- ‘क्या दंगा भड़काना चाहते हैं?’
गणेशोत्सव में DJ पर बवाल, AIMIM के विरोध से भड़के संजय शिरसाट- ‘क्या दंगा भड़काना चाहते हैं?’
रिटायर्ड एयर मार्शल को राम मंदिर का CEO क्यों बनाया गया? कांग्रेस नेताओं ने उठाए कई सवाल
रिटायर्ड एयर मार्शल को राम मंदिर का CEO क्यों बनाया गया? कांग्रेस नेताओं ने उठाए कई सवाल
वोटर लिस्ट से राघव चड्ढा का नाम गायब, अब राज्यसभा सीट पर भी उठे सवाल
वोटर लिस्ट से राघव चड्ढा का नाम गायब, अब राज्यसभा सीट पर भी उठे सवाल
हल्द्वानी में ‘शुद्धिकरण’ विवाद पर 24 दिन बाद भी FIR क्यों नहीं? खरगे ने जेपी नड्डा को लिखी चिट्ठी
हल्द्वानी में ‘शुद्धिकरण’ विवाद पर 24 दिन बाद भी FIR क्यों नहीं? खरगे ने जेपी नड्डा को लिखी चिट्ठी
जन्माष्टमी पर मथुरा पहुंचेंगे सीएम योगी, ब्रज को 977 करोड़ की परियोजनाओं की देंगे सौगात
जन्माष्टमी पर मथुरा पहुंचेंगे सीएम योगी, ब्रज को 977 करोड़ की परियोजनाओं की देंगे सौगात
CBFC ने पास किया ‘दृश्यम द कन्क्लूजन’ का ट्रेलर, गोवा में होगा भव्य लॉन्च; सामने आई रिलीज डेट
CBFC ने पास किया ‘दृश्यम द कन्क्लूजन’ का ट्रेलर, गोवा में होगा भव्य लॉन्च; सामने आई रिलीज डेट
क्या CJP भी राजनीति में उतरेगी? सौरभ दास ने केजरीवाल का नाम लेकर क्यों कही ये बात
क्या CJP भी राजनीति में उतरेगी? सौरभ दास ने केजरीवाल का नाम लेकर क्यों कही ये बात
बुधवार को बॉक्स ऑफिस पर बदला खेल, ‘हनुमान अंश’ ने मारी बाजी; ‘टॉक्सिक’ की कमाई में बड़ी गिरावट
बुधवार को बॉक्स ऑफिस पर बदला खेल, ‘हनुमान अंश’ ने मारी बाजी; ‘टॉक्सिक’ की कमाई में बड़ी गिरावट
Mivi One 5G की लॉन्च डेट तय, 24 सितंबर को आएगा कंपनी का पहला 5G स्मार्टफोन
Mivi One 5G की लॉन्च डेट तय, 24 सितंबर को आएगा कंपनी का पहला 5G स्मार्टफोन
रिया अहिर की बिग बॉस 20 में एंट्री, फेम के लिए प्रोटेस्ट करने के आरोपों पर दिया करारा जवाब
रिया अहिर की बिग बॉस 20 में एंट्री, फेम के लिए प्रोटेस्ट करने के आरोपों पर दिया करारा जवाब
काली किशमिश भिगोकर खाएं या सीधे? जानें सेहत के लिए कौन सा तरीका है बेहतर
काली किशमिश भिगोकर खाएं या सीधे? जानें सेहत के लिए कौन सा तरीका है बेहतर
‘मिर्जापुर: द मूवी’ की बॉक्स ऑफिस पर बड़ी छलांग की तैयारी, पहले दिन 25 करोड़ तक पहुंचने का अनुमान
‘मिर्जापुर: द मूवी’ की बॉक्स ऑफिस पर बड़ी छलांग की तैयारी, पहले दिन 25 करोड़ तक पहुंचने का अनुमान
शुक्र पहले होंगे वक्री, फिर कन्या में करेंगे प्रवेश, इन 7 राशियों के शुरू होंगे अच्छे दिन
शुक्र पहले होंगे वक्री, फिर कन्या में करेंगे प्रवेश, इन 7 राशियों के शुरू होंगे अच्छे दिन